---рд╡рд┐рдЬреНрдЮрд╛рдкрди---

рдХрд░рд┐рдпрд░ рдХреЗ рдкреАрдХ рдкрд░ рд▓рд┐рдпрд╛ рд╕рдВрдиреНрдпрд╛рд╕, рдлрд┐рд░ рд░рд╛рдЬрдиреАрддрд┐ рдореЗрдВ рд░рдЦрд╛ рдХрджрдо, рд╣реАрд░реЛ-рд╡рд┐рд▓реЗрди рдмрди рдЫрд╛рдП; рдкрд╣рдЪрд╛рдирд╛ рдХреМрди?

рдмреЙрд▓реАрд╡реБрдб рдХреЗ рджрд┐рдЧреНрдЧрдЬ рд╕рд┐рддрд╛рд░реЗ рдиреЗ рдЕрдкрдиреЗ рдХрд░рд┐рдпрд░ рдХреЗ рдкреАрдХ рдкрд░ рдЖрдХрд░ рд╕рдВрдиреНрдпрд╛рд╕ рд▓реЗ рд▓рд┐рдпрд╛ рдерд╛. рд╡рд╣реАрдВ рдЗрд╕ рд╕рд┐рддрд╛рд░реЗ рдиреЗ рд░рд╛рдЬрдиреАрддрд┐ рдореЗрдВ рднреА рд╣рд╛рде рдЖрдЬрдорд╛рдпрд╛ рдФрд░ рдЕрдкрдиреА рдирдИ рдкрд╣рдЪрд╛рди рдмрдирд╛рдИ. рдЪрд▓рд┐рдП рдЗрд╕ рд╕рд┐рддрд╛рд░реЗ рдХреА рд▓рд╛рдЗрдл рдХреЗ рдмрд╛рд░реЗ рдореЗрдВ рдбрд┐рдЯреЗрд▓ рдореЗрдВ рдЬрд╛рдирддреЗ рд╣реИрдВ.

---рд╡рд┐рдЬреНрдЮрд╛рдкрди---

फिल्म इंडस्ट्री में कई सितारे ऐसे रहे हैं जिन्होंने अपनी एक्टिंग और लुक्स से ऑडियंस के दिल पर राज किया. चाहे हीरो का किरदार निभाना हो या फिर विलेन का इन सितारों ने ऑडियंस को हमेशा से अपनी एक्टिंग स्किल्स से इंप्रेस किया. आज हम एक ऐसे सितारे की बात करने जा रहे हैं जिन्होंने अपने करियर के पीक पर आकर संन्यास ले लिया था. हालांकि इसके बाद उन्होंने अपने फैसले को बदलते हुए इंडस्ट्री में फिर से कमबैक भी किया था. हम बात कर रहे हैं विनोद खन्ना की. 6 अक्टूबर को एक्टर की बर्थ एनिवर्सरी (Vinod Khanna Birth Anniversary) है. इस खास मौके पर हम आपको उनके जीवन की कुछ दिलचस्प बातें बताते हैं.

विलेन बन जीता दिल

विनोद खन्ना बॉलीवुड के बेहतरीन कलाकारों की लिस्ट में शामिल थे. इंडस्ट्री में एक्टर ऐसे कलाकार थे जिन्होंने हीरो के साथ-साथ विलेन का किरदार भी बखूबी निभाया. साल 1971 में विनोद खन्ना ने ‘अपने’ मूवी से डेब्यू किया था. इसमें उन्होंने एक गुस्सैल इंसान की भूमिका निभाई थी. हालांकि इस रोल से उन्हें ज्यादा पहचान नहीं मिली थी. उसी साल आई ‘मेरा गांव मेरा देश’ में विनोद खन्ना ने विलेन की भूमिका निभाई थी. इस किरदार ने विनोद खन्ना के स्टारडम में चार चांद लगा दिए थे. इस फिल्म के बाद से विनोद खन्ना का करियर पीक पर था. उन्होंने लगातार कई हिट फिल्में दीं. इनमें ‘अमर अकबर एंथनी’, ‘मुकद्दर का सिकंदर’, ‘कुर्बानी’ और ‘अचानक’ जैसी फिल्में शामिल थी.

---विज्ञापन---

यह भी पढ़ें: ‘वो’ सुपरस्टार जिसने रातों-रात खो दिया स्टारडम; बना साधू, फिर एक विज्ञापन ने यूं बदली ‘दबंग’ एक्टर की किस्मत

बॉलीवुड से अचानक लिया संन्यास

विनोद खन्ना जहां एक तरफ तरक्की की सीढ़ियां चढ़ रहे थे, वहीं उन्होंने अचानक से बॉलीवुड से संन्यास ले लिया. फिल्में छोड़ विनोद खन्ना ओशो के आश्रम में जाकर रहने लगे. परिवार के कहने पर आखिर में एक्टर फिल्मों में लौट भी आए थे. मगर तब तक उनके हाथ से स्टारडम निकल गया था. इसके बाद उन्होंने राजनीति में हाथ आजमाया. साल 1997 में विनोद खन्ना भाजपा में शामिल हो गए थे. 2014 में वो लोकसभा चुनाव जीतकर चौथी बार सांसद भी बन गए थे.

---विज्ञापन---

यह भी पढ़ें: जब पिता ने Vinod Khanna पर तान दी थी बंदूक, आज भी अधूरी है सुपरस्टार की यह ख्वाहिश

इन फिल्मों से कमबैक

राजनीति के साथ-साथ उन्होंने इंडस्ट्री में दबंग, दबंग 2 और वॉन्टेड जैसी सुपरहिट फिल्में भी की. हालांकि इन फिल्मों में उन्होंने सलमान खान के पिता का रोल निभाया था, लेकिन इस किरदार में भी ऑडियंस ने उन्हें खूब प्यार दिया. 27 अप्रैल साल 2017 में एक्टर ने दुनिया को अलविदा कह दिया था. अब भले ही विनोद खन्ना इस दुनिया में ना हों लेकिन उनके बेटे अक्षय खन्ना अपनी एक्टिंग से लोगों को दीवाना बना रहे हैं.

---विज्ञापन---

First published on: Oct 04, 2025 12:30 PM

End of Article
---рд╡рд┐рдЬреНрдЮрд╛рдкрди---
рд╕рдВрдмрдВрдзрд┐рдд рдЦрдмрд░реЗрдВ
Sponsored Links by Taboola