लगातार चार दिनों से शेयर बाजार में जारी गिरावट के सिलसिले पर आखिरकार ब्रेक लग गया है. हफ्ते के आखिरी कारोबारी दिन यानी शुक्रवार (4 सितंबर 2026) को भारतीय शेयर बाजार (Stock Market) में शानदार रिकवरी देखने को मिली. सेंसेक्स 700 से ज्यादा अंकों की छलांग लगाकर 76,800 के पार निकल गया, वहीं निफ्टी भी 130 अंकों की तेजी के साथ एक बार फिर 24,000 के मनोवैज्ञानिक स्तर को पार कर गया.
स्मॉलकैप और मिडकैप इंडेक्स में भी बढ़त दर्ज की गई. अगर आप सोच रहे हैं कि रेड जोन में चल रहा बाजार अचानक हरा कैसे हो गया, तो इसके पीछे 4 मुख्य कारण हैं:
---विज्ञापन---
ग्लोबल मार्केट से मिले मजबूत संकेत
अमेरिकी बाजार में गुरुवार को आई 1% से ज्यादा की तेजी ने एशियाई बाजारों का मूड सेट कर दिया. शुक्रवार को हांगकांग का हैंगसेंग (Hang Seng) 2%, साउथ कोरिया का कोस्पी (KOSPI) 1.3% और जापान का निक्केई (Nikkei 225) 1.1% तक चढ़कर कारोबार कर रहे थे. दुनिया भर के बाजारों में लौटी इस हरियाली का सीधा फायदा भारतीय शेयर बाजार को मिला.
---विज्ञापन---
अमेरिका में ब्याज दरें न बढ़ने की उम्मीद
अमेरिकी फेडरल रिजर्व (US Fed) के गवर्नर क्रिस्टोफर वॉलर के एक बयान ने निवेशकों को बड़ी राहत दी है. उन्होंने संकेत दिए हैं कि अगर महंगाई का आंकड़ा नियंत्रण में रहता है, तो अगली पॉलिसी मीटिंग में ब्याज दरों में कोई बढ़ोतरी नहीं की जाएगी. ब्याज दरें स्थिर रहने की उम्मीद से भारत जैसे इमर्जिंग मार्केट्स में विदेशी निवेशकों (FIIs) का भरोसा और खरीदारी का रुझान बढ़ता है.
इंडिया विक्स (India VIX) में गिरावट
बाजार में उतार-चढ़ाव और अनिश्चितता को मापने वाला इंडेक्स India VIX (फेयर गेज) आज 4% से ज्यादा टूटकर 10.85 के स्तर पर आ गया. VIX में गिरावट का सीधा सा मतलब है कि निवेशकों के बीच डर कम हुआ है और बाजार में निकट भविष्य को लेकर स्थिरता की उम्मीद जगी है.
---विज्ञापन---
डॉलर के मुकाबले रुपये में मजबूती
विदेशी निवेशकों के बढ़ते भरोसे और बेहतर मार्केट सेंटीमेंट्स की वजह से आज भारतीय रुपया भी डॉलर के मुकाबले 5 पैसे मजबूत होकर 94.46 के स्तर पर पहुंच गया. रुपये की मजबूती हमेशा से घरेलू शेयर बाजार के लिए एक पॉजिटिव संकेत मानी जाती है.
---विज्ञापन---