ग्रामीण भारत की महिलाओं को आर्थिक रूप से सशक्त बनाने के लिए इंडिया पोस्ट पेमेंट्स बैंक (IPPB) ने एक क्रांतिकारी कदम उठाया है। अब स्वयं सहायता समूहों (SHGs) से जुड़ी महिलाओं को बैंकिंग सेवाओं के लिए शहर भागने या खाते में भारी-भरकम बैलेंस रखने की जरूरत नहीं होगी। सरकार ने महिलाओं के लिए विशेष SHG सेविंग्स अकाउंट लॉन्च किया है, जो पूरी तरह से मुफ्त और सुविधाओं से भरपूर है।
क्यों खास है यह नया बैंक खाता?
इस खाते को इस तरह डिजाइन किया गया है कि कम आय वाले ग्रामीण परिवार भी बिना किसी आर्थिक बोझ के बैंकिंग सिस्टम से जुड़ सकें। इसकी सबसे बड़ी खासियतें निम्नलिखित हैं:
जीरो बैलेंस की सुविधा: इस खाते में न्यूनतम बैलेंस (Monthly Average Balance) बनाए रखने का कोई झंझट नहीं है। खाता खोलते समय भी किसी प्रारंभिक जमा राशि (Initial Deposit) की आवश्यकता नहीं होगी।
लेनदेन पर कोई चार्ज नहीं: खाते में पैसे जमा करने या निकालने पर कोई अतिरिक्त शुल्क नहीं लगेगा। इसके अलावा, खाता बंद करने या क्यूआर (QR) कार्ड के लिए भी कोई फीस नहीं देनी होगी।
ब्याज का फायदा: जमा राशि पर त्रैमासिक (Quarterly) आधार पर ब्याज दिया जाएगा। इस खाते में अधिकतम ₹2 लाख तक की राशि रखी जा सकती है।
पोस्टमैन आपके द्वार: घर बैठे खुलेगा खाता
इंडिया पोस्ट पेमेंट्स बैंक अपनी सबसे बड़ी ताकत, यानी 1.65 लाख डाकघरों और 3 लाख डाक कर्मचारियों के विशाल नेटवर्क का उपयोग कर रहा है।
डोर-स्टेप बैंकिंग: अब महिलाओं को बैंक जाने की जरूरत नहीं, बल्कि पोस्टमैन और ग्रामीण डाक सेवक (GDS) खुद घर-घर जाकर खाता खोलने में मदद करेंगे।
डिजिटल पहुंच: यह खाता डिजिटल माध्यमों से भी बेहद आसानी से खोला जा सकता है।
IPPB का विजन: हर गांव, हर घर तक बैंक
1 सितंबर 2018 को लॉन्च हुए इंडिया पोस्ट पेमेंट्स बैंक का मुख्य उद्देश्य देश के उन इलाकों तक पहुंचना है जहां पारंपरिक बैंक नहीं पहुंच पाए हैं। भारत सरकार के पूर्ण स्वामित्व वाले इस बैंक का लक्ष्य बैंकिंग बाधाओं को दूर करना और हर आम आदमी के लिए सबसे सुलभ और भरोसेमंद बैंक बनना है।
ग्रामीण भारत की महिलाओं को आर्थिक रूप से सशक्त बनाने के लिए इंडिया पोस्ट पेमेंट्स बैंक (IPPB) ने एक क्रांतिकारी कदम उठाया है। अब स्वयं सहायता समूहों (SHGs) से जुड़ी महिलाओं को बैंकिंग सेवाओं के लिए शहर भागने या खाते में भारी-भरकम बैलेंस रखने की जरूरत नहीं होगी। सरकार ने महिलाओं के लिए विशेष SHG सेविंग्स अकाउंट लॉन्च किया है, जो पूरी तरह से मुफ्त और सुविधाओं से भरपूर है।
क्यों खास है यह नया बैंक खाता?
इस खाते को इस तरह डिजाइन किया गया है कि कम आय वाले ग्रामीण परिवार भी बिना किसी आर्थिक बोझ के बैंकिंग सिस्टम से जुड़ सकें। इसकी सबसे बड़ी खासियतें निम्नलिखित हैं:
जीरो बैलेंस की सुविधा: इस खाते में न्यूनतम बैलेंस (Monthly Average Balance) बनाए रखने का कोई झंझट नहीं है। खाता खोलते समय भी किसी प्रारंभिक जमा राशि (Initial Deposit) की आवश्यकता नहीं होगी।
लेनदेन पर कोई चार्ज नहीं: खाते में पैसे जमा करने या निकालने पर कोई अतिरिक्त शुल्क नहीं लगेगा। इसके अलावा, खाता बंद करने या क्यूआर (QR) कार्ड के लिए भी कोई फीस नहीं देनी होगी।
ब्याज का फायदा: जमा राशि पर त्रैमासिक (Quarterly) आधार पर ब्याज दिया जाएगा। इस खाते में अधिकतम ₹2 लाख तक की राशि रखी जा सकती है।
पोस्टमैन आपके द्वार: घर बैठे खुलेगा खाता
इंडिया पोस्ट पेमेंट्स बैंक अपनी सबसे बड़ी ताकत, यानी 1.65 लाख डाकघरों और 3 लाख डाक कर्मचारियों के विशाल नेटवर्क का उपयोग कर रहा है।
डोर-स्टेप बैंकिंग: अब महिलाओं को बैंक जाने की जरूरत नहीं, बल्कि पोस्टमैन और ग्रामीण डाक सेवक (GDS) खुद घर-घर जाकर खाता खोलने में मदद करेंगे।
डिजिटल पहुंच: यह खाता डिजिटल माध्यमों से भी बेहद आसानी से खोला जा सकता है।
IPPB का विजन: हर गांव, हर घर तक बैंक
1 सितंबर 2018 को लॉन्च हुए इंडिया पोस्ट पेमेंट्स बैंक का मुख्य उद्देश्य देश के उन इलाकों तक पहुंचना है जहां पारंपरिक बैंक नहीं पहुंच पाए हैं। भारत सरकार के पूर्ण स्वामित्व वाले इस बैंक का लक्ष्य बैंकिंग बाधाओं को दूर करना और हर आम आदमी के लिए सबसे सुलभ और भरोसेमंद बैंक बनना है।