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बिजनेस

Crude Oil Price: ट्रंप की धमकी के बाद कच्चे तेल के दाम में ब्लास्ट; $105 के पार पहुंचा भाव

ईरान vs अमेरिका अब आर-पार की जंग बन गई है। ट्रंप की पाषाण युग वाली धमकी के बाद कच्चा तेल $105 प्रति बैरल के पार चला गया है। कतर के टैंकर पर मिसाइल हमले ने आग में घी का काम किया है। क्या पेट्रोल-डीजल की कीमतें अब आम आदमी की पहुंच से बाहर हो जाएंगी? क्‍या इसे पूरी दुनिया में मंदी की आहट समझना चाह‍िए?

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Written By: Vandana Bharti Updated: Apr 2, 2026 10:00
कच्‍चे तेल के दाम में इजाफा

डोनाल्ड ट्रंप की ईरान को दी गई कड़ी चेतावनी ने वैश्विक तेल बाजार में बारूद का काम किया है। ट्रंप के इस बयान के बाद कि ईरान को पाषाण युग (Stone Age) में वापस भेज दिया जाएगा, कच्चे तेल की कीमतों में जबरदस्त उबाल आ गया है। ब्रेंट क्रूड देखते ही देखते 4% उछलकर $105 प्रति बैरल के पार निकल गया है।

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ट्रंप का भाषण और बाजार में भगदड़

जैसे ही अमेरिकी राष्ट्रपति ट्रंप ने ईरान के खिलाफ सख्त कार्रवाई की चेतावनी दी, अंतरराष्ट्रीय बाजार में खलबली मच गई। उन्होंने न केवल सैन्य कार्रवाई बल्कि ईरान के बिजली और ऊर्जा बुनियादी ढांचे (Infrastructure) को निशाना बनाने की धमकी दी है। भाषण शुरू होने से पहले ब्रेंट क्रूड $100 के करीब था, जो भाषण खत्म होते-होते $105.38 पर जा पहुंच गया।

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होर्मुज की घेराबंदी और टैंकरों पर हमले
दुनिया के कुल तेल का लगभग 20% हिस्सा होर्मुज जलडमरूमध्य (Strait of Hormuz) से होकर गुजरता है, जो 28 फरवरी से जारी युद्ध के कारण लगभग ठप पड़ा है। कतर के रक्षा मंत्रालय के अनुसार, कतर-एनर्जी (QatarEnergy) द्वारा लीज पर लिए गए एक तेल टैंकर पर ईरानी क्रूज मिसाइल से हमला किया गया है। इस घटना ने समुद्री यातायात के लिए खतरे को सातवें आसमान पर पहुंचा दिया है।

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यूरोप पर मंडरा रहा है मंदी का खतरा
अंतरराष्ट्रीय ऊर्जा एजेंसी (IEA) के प्रमुख ने चेतावनी दी है कि अप्रैल महीने से यूरोप की अर्थव्यवस्था पर इस सप्लाई संकट का सीधा असर दिखना शुरू हो जाएगा। विशेषज्ञों का मानना है कि अगर यह तनाव बना रहा, तो दुनिया मंदी (Recession) की चपेट में आ सकती है।

First published on: Apr 02, 2026 08:37 AM

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