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Weak Planet Effects: जब स्वास्थ्य न दे रहा हो साथ, उलझा-उलझा हो मन, ये ग्रह हो सकता है दूषित या कमजोर

Weak Planet Effects: यदि मन हमेशा अशांत रहता है, नींद और सेहत बार-बार बिगड़ती है, तो क्या आपकी कुंडली में एक खास ग्रह कमजोर हो सकता है? इस खास ग्रह के कमजोर होने से भावनाओं, मानसिक शांति और स्वास्थ्य पर नेगेटिव असर होता है. आइए जानते हैं, ये ग्रह कौन-सा है, उसके कमजोर होने के लक्षण क्या हैं और उसे मजबूत बनाने के सरल ज्योतिष उपाय क्या हैं?

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Weak Planet Effects: जीवन में अगर मन अशांत है, छोटे-छोटे तनाव अक्सर परेशान करते हैं और स्वास्थ्य भी बार-बार बिगड़ता है, तो इसका कारण आपकी कुंडली में कमजोर चंद्रमा हो सकता है. ज्योतिष शास्त्र में चंद्रमा को मन, भावनाएं, मां और मानसिक स्वास्थ्य का कारक माना गया है. कमजोर चंद्रमा से मन और शरीर दोनों प्रभावित होते हैं. आपको बता दें कि वृषभ राशि में चंद्रमा उच्च के और वृश्चिक राशि में नीच के होते हैं. ये एक मात्र ऐसे ग्रह हैं, जो किसी भी ग्रह को अपना शत्रु नहीं मानते हैं. आइए जानते हैं, कमजोर चंद्रमा के लक्षण क्या हैं, चंद्रमा के कमजोर होने के कारण क्या हैं और कमजोर चंद्रमा को मजबूत किन ज्योतिष उपायों से बनाएं?

कमजोर चंद्रमा के लक्षण

कुंडली में कमजोर चंद्रमा वाले व्यक्ति में कुछ सामान्य लक्षण दिखाई देते हैं:

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मन जल्दी भटकता है, एकाग्रता कम होती है.
छोटी-छोटी बातों पर गुस्सा या उदासी जल्दी छा जाती है.
नींद पूरी नहीं आती, नींद हल्की या बार-बार टूटती रहती है.
मां या माता जैसे करीबी रिश्तों में परेशानी रहती है.
पेट, आंख, छाती या पानी से जुड़ी स्वास्थ्य समस्याएं अक्सर होती हैं.
चेहरे पर चमक कम दिखती है और आंखों के नीचे काले घेरे बन जाते हैं.
भावुकता ज्यादा होने से निर्णय लेना मुश्किल हो जाता है.

ज्योतिष शास्त्र के अनुसार, यदि आप इनमें से कोई भी 3 या 4 लक्षण महसूस कर रहे हैं, तो चंद्रमा कमजोर होने की संभावना बढ़ जाती है.

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चंद्रमा के कमजोर होने के कारण

चंद्रमा के कमजोर होने के कुछ सामान्य कारण हो सकते हैं. ज्योतिष शास्त्र के अनुसार, नीचे की कुछ विशेष स्थितियों से मन अशांत और शरीर कमजोर बन सकता है, जब:

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चंद्रमा नीच राशि जैसे वृश्चिक में हो.
चंद्रमा पर पाप ग्रह (शनि, राहु, केतु) की दृष्टि हो या उनसे युति हो.
चंद्रमा 6, 8 या 12 भाव में स्थित हो.
चंद्रमा मंगल या शनि के साथ हो.
जन्म के समय चंद्रमा अस्त हो या बहुत कम डिग्री में हो.

चंद्रमा को मजबूत करने के आसान उपाय

कमजोर चंद्रमा को मजबूत करने के लिए रोजाना कुछ सरल उपाय बहुत असरदार साबित होते हैं:

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सोमवार का विशेष ध्यान: सोमवार व्रत रखें या कम से कम दूध और चावल का सेवन करें.
जल अर्पित करें: सुबह चंद्रमा देव को जल अर्पित करें और “ॐ सोम सोमाय नमः” का 108 बार जाप करें.
दान करें: सफेद वस्तुएं जैसे दूध, चीनी, मोती आदि का दान करें.
चांदी या चंद्रमा यंत्र: चांदी का चंद्रमा यंत्र या मोती पहनें.
रात का ध्यान: सोने से पहले चंद्रमा को नमस्कार करें और 11 बार “ॐ चंद्राय नमः” बोलें.

मंत्र और पूजा

कमजोर चंद्रमा के लिए कुछ विशेष मंत्र और पूजा भी मददगार हैं:

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मूल मंत्र: “ॐ सोम सोमाय नमः” (108 बार रोज).
बीज मंत्र: “ॐ श्रां श्रीं श्रौं सः चंद्राय नमः” (21,000 बार जाप).
चंद्र गायत्री मंत्र: “ॐ पद्मद्वजाय विद्महे हेमरूपाय धीमहि तन्नो सोमः प्रचोदयात्”.
सोमवार को शिवलिंग पर दूध और चावल का अभिषेक.
सफेद वस्त्र पहनें और चंदन का तिलक लगाएं.

ज्योतिषाचार्य हर्षवर्द्धन शांडिल्य बताते हैं कि ये उपाय 40 दिन तक नियमित करने से चंद्रमा की शक्ति बढ़ती है. मन की भावनाएं काबू में आने लगती है और सेहत में उल्लेखनीय सुधार होता है.

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डिस्क्लेमर: यहां दी गई जानकारी ज्योतिष शास्त्र की मान्यताओं पर आधारित है तथा केवल सूचना के लिए दी जा रही है।News24 इसकी पुष्टि नहीं करता है।

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First published on: Jan 12, 2026 11:40 PM

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श्यामनंदन कुमार पिछले 20 से अधिक वर्षों से पत्रकारिता और कंटेंट क्रिएशन की दुनिया में सक्रिय हैं। वर्तमान में वे News24 में धर्म और ज्योतिष सेक्शन के लिए अपनी सेवाएं दे रहे हैं। उन्होंने पत्रकारिता में एम.ए. की पढ़ाई काशी हिन्दू विश्वविद्यालय (BHU) से की है और भारतीय विद्या भवन, नई दिल्ली से ज्योतिष का सांगोपांग अध्ययन किया है। वे वैदिक ज्योतिष (पाराशरीय), अंक ज्योतिष (न्यूमरोलॉजी) और सामुद्रिक शास्त्र के क्षेत्र में गहरी विशेषज्ञता रखते हैं और स्वयं एक सक्रिय ज्योतिषविद हैं। जो साल 2015 से धर्म और ज्योतिष विषय पर लगातार लिख रहे हैं। उनकी कोशिश रहती है कि पाठकों को सटीक, सरल और उपयोगी जानकारी मिल सके।  धार्मिक परंपराओं, वैदिक ज्योतिष, ग्रह-गोचर, राशिफल, अंक ज्योतिष, वास्तु, सामुद्रिक शास्त्र, व्रत-त्योहार, पूजा-पद्धति और आध्यात्मिक विषयों को आसान और भरोसेमंद भाषा में पाठकों तक पहुंचाना उनकी पहचान है। डिजिटल मीडिया, SEO और कंटेंट रणनीति की उन्हें गहरी और अच्छी समझ है।

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