Budh Gochar 2024: शुभ ग्रह बुध के केवल राशि परिवर्तन से ही नहीं बल्कि उनके नक्षत्र बदलने से भी देश-दुनिया, मौसम सहित सभी राशियों पर व्यापक असर होता है। बुध ग्रह अभी मृगशिरा नक्षत्र में विराजमान हैं। 24 जून, 2024 यानी आज वे नक्षत्र परिवर्तन कर पुनर्वसु नक्षत्र में प्रवेश कर चुके हैं। उनके इस नक्षत्र परिवर्तन से अनेक राशियों पर सकारात्मक होंगे, लेकिन 5 राशियों पर नकारात्मक प्रभाव पड़ने के योग बन रहे हैं। आइए जानते हैं, वैदिक ज्योतिष में बुध ग्रह का क्या महत्व है और ये 5 राशियां कौन-सी हैं, जिनके जातकों के जीवन में उथल-पुथल मच सकती है?
वैदिक ज्योतिष में बुध ग्रह का महत्व
वैदिक ज्योतिष में बुध ग्रह का विशेष महत्व है। यह इस बात से सिद्ध होता है कि ग्रहों के पद क्रम में इनका स्थान तीसरा है और उनको ‘राजकुमार’ का दर्जा दिया गया है। वहीं शुभ ग्रहों के पदानुक्रम में भी बृहस्पति और शुक्र के बाद महत्वपूर्ण स्थान दिया गया है। यही कारण है कि बुध ग्रह की हर हलचल पर ज्योतिषियों की विशेष नजर रहती है। वाणी, बुद्धि, विवेक, व्यापार और वार्तालाप कौशल (कम्यूनिकेशन स्किल) पर बुध का विशेष प्रभाव रहता है।
पुनर्वसु नक्षत्र में बुध गोचर का राशियों पर असर
मेष राशि:
पुनर्वसु नक्षत्र में बुध गोचर से मेष राशि के जातकों के जीवन और कामकाज पर अशुभ असर होने के योग बन रहे हैं। लगभग हर काम में बाधाएं आ सकती हैं। बनते हुए काम बिगड़ सकते हैं। स्टूडेंट्स जातक मानसिक रूप से अशांत रहेंगे। एग्जाम में फेल होने की आशंका है। व्यापार में अनेक प्रकार से हानियां हो सकती है, धन हानि सबसे प्रमुख है। अभी निवेश न करें। लव लाइफ में भी बाधाएं आएंगी।
कर्क राशि:
कर्क राशि के जातकों के जीवन पर पुनर्वसु नक्षत्र में बुध ग्रह के गोचर से शुभ परिणाम बहुत कम ही हो पाएंगे। सबसे अधिक असर रिश्तों पर पड़ने की संभावना है। पारिवारिक अनबन होने योग हैं। दांपत्य जीवन पर भी बुरा असर हो सकता है। साझेदारी के बिजनेस में पार्टनर से धोखा मिल सकता है या आपकी बात का वे बुरा मान सकते हैं। ऑफिस में कलीग से रिश्ते में कड़वाहट बढ़ सकती है।
तुला राशि:
तुला राशि के जातकों के जीवन पर बुध ग्रह के पुनर्वसु नक्षत्र में विराजमान होने से कई तरह के नेगेटिव असर हो सकते हैं। धन की आमद बाधित हो सकती है। फिजूलखर्ची बढ़ने से आर्थिक अस्थिरता बढ़ेगी। कामकाज के ऊपर विरोधियों के कारण नुकसान होने के योग हैं। अभी यात्राओं को टालें, एक्सीडेंट होने की संभावना है। किसी को धन उधार देने से बचें, क्योंकि वापस मिलने की संभावना कम है।
मकर राशि:
मकर के राशि के जातकों पर बुध ग्रह के पुनर्वसु नक्षत्र में गोचर करने से कई पहलुओं पर नकारात्मक असर होने के योग हैं। कुछ महत्वपूर्ण काम धन की कमी के कारण हमेशा के लिए रूक सकते हैं। गलत मैनेजमेंट के कारण आपका बिजनेस बंद हो सकता है। ऑफिस में सीनियर या बॉस से कहासुनी हो सकती है, जिसका गंभीर परिणाम भुगतना पड़ सकता है। स्वास्थ्य समस्याओं के कारण खर्च में अत्यधिक बढ़ोतरी हो सकती है।
मीन राशि:
मीन राशि के जातकों के लिए पुनर्वसु नक्षत्र में बुध गोचर का असर उनके अनुकूल नहीं है। आप पर निराशा और तनाव हावी हो सकता है। नौकरीपेशा जातकों से वरिष्ठ अधिकारी असंतुष्ट रह सकते हैं, प्रमोशन रुकने के योग बन रहे हैं। परिवार में बड़े भाई या बहन से झगड़ा हो सकता है, जिससे घर का माहौल बिगड़ेगा। संयम से काम लें, वाणी पर नियंत्रण रखें। बिजनेस फ्रंट पर विरोधी परेशान करेंगे। धन हानि हो सकती है।
डिस्क्लेमर: यहां दी गई जानकारी धार्मिक शास्त्र की मान्यताओं पर आधारित है तथा केवल सूचना के लिए दी जा रही है। News24 इसकी पुष्टि नहीं करता है।