मिडिल ईस्ट में दूसरी बार छिड़ी जंग चरम पर है. अमेरिका लगातार ईरान पर हमले कर रहा है। ईरान भी बदले की कार्रवाई करते हुए अरब देशों में अमेरिका के सैन्य ठिकानों पर अटैक कर रहा है. बीती रात लगातार छठी बार अमेरिका ने ईरान पर मिसाइलें दागीं. दक्षिणी ईरान में बंदर अब्बास इलाके में एयरपोर्ट, रेलवे स्टेशन और पुलों को टारगेट करके हमले किए. होर्मुज स्ट्रेट के पास 2 पुलों को निशाना बनाया, जिससे बंदर अब्बास में भारी नुकसान हुआ। ट्रांसपोर्ट सिस्टम पूरी तरह से ठप है.
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बंदर अब्बास शहर में मिसाइलें दागी
ईरान के सरकारी मीडिया की रिपोर्ट के अनुसार, दक्षिण-पूर्व स्थित ईरान के शहर बंदर अब्बास के एयरपोर्ट पर जोरदार धमाके हुए. वहीं बंदर अब्बास रेलवे जंक्शन पर भी अमेरिका ने गोले बरसाए. रेलवे स्टेशन पर हमले में 2 लोग घायल हुए हैं. होर्मुज स्ट्रेट के पास होर्मोजगान प्रांत में 2 पुल टारगेट करके मिसाइलें दागी गईं. इस हमले में 2 लोगों की मौत हुई है और 4 लोग बुरी तरह घायल हुए हैं. वहीं बीती रात हुए हमलों को लेकर अमेरिका की ओर से आधिकारिक बयान भी जारी नहीं किया गया है.
ईरान समझौता करने के लिए प्रयासरत
ईरान पर सैन्य हमलों के बीच व्हाइट हाउस की ओर से दावा किया गया है कि अमेरिका के हमलों से ईरान को भारी नुकसान हुआ है, बावजूद इसके ईरान कूटनीति के जरिए अमेरिका के समझौता करने के लिए प्रयासरत है. अमेरिका की सेंट्रल कमांड (CENTCOM) के अनुसार, बंदर अब्बास ईरान की बंदरगाह सिटी है, जो होर्मुज स्ट्रेट के पास बसी है. इसी शहर की बंदरगाहों पर जहाज लंगर डालते हैं और वापस जाते हैं. इसलिए बंदर अब्बास में हमले किए जा रहे हैं, ताकि ईरान व्यापार न कर पाए.
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ईरान के साथ अमेरिका की वार्ता जारी
सेंट्रल कमांड (CENTCOM) के अनुसार, अमेरिकी सेना का हमले करने मकसद ईरान की सैन्य और व्यापार क्षमताओं को खत्म करना है. व्हाइट हाउस की प्रेस सचिव कैरोलिन लेविट ने प्रेस ब्रीफिंग में जानकारी दी कि दोनों देशों के बीच गुप्त वार्ता जारी है. समझौता करने का प्रयास किया जा रहा है. ईरान ने समझौता करने की इच्छा जताई है, क्योंकि अमेरिका के हमलों से ईरान को भारी नुकसान उठाना पड़ा है, लेकिन ईरान से समझौता परमाणु कार्यक्रम बंद करने की शर्त पूरी होने पर ही होगा.
मिडिल ईस्ट में दूसरी बार छिड़ी जंग चरम पर है. अमेरिका लगातार ईरान पर हमले कर रहा है। ईरान भी बदले की कार्रवाई करते हुए अरब देशों में अमेरिका के सैन्य ठिकानों पर अटैक कर रहा है. बीती रात लगातार छठी बार अमेरिका ने ईरान पर मिसाइलें दागीं. दक्षिणी ईरान में बंदर अब्बास इलाके में एयरपोर्ट, रेलवे स्टेशन और पुलों को टारगेट करके हमले किए. होर्मुज स्ट्रेट के पास 2 पुलों को निशाना बनाया, जिससे बंदर अब्बास में भारी नुकसान हुआ। ट्रांसपोर्ट सिस्टम पूरी तरह से ठप है.
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ईरान के सरकारी मीडिया की रिपोर्ट के अनुसार, दक्षिण-पूर्व स्थित ईरान के शहर बंदर अब्बास के एयरपोर्ट पर जोरदार धमाके हुए. वहीं बंदर अब्बास रेलवे जंक्शन पर भी अमेरिका ने गोले बरसाए. रेलवे स्टेशन पर हमले में 2 लोग घायल हुए हैं. होर्मुज स्ट्रेट के पास होर्मोजगान प्रांत में 2 पुल टारगेट करके मिसाइलें दागी गईं. इस हमले में 2 लोगों की मौत हुई है और 4 लोग बुरी तरह घायल हुए हैं. वहीं बीती रात हुए हमलों को लेकर अमेरिका की ओर से आधिकारिक बयान भी जारी नहीं किया गया है.
ईरान समझौता करने के लिए प्रयासरत
ईरान पर सैन्य हमलों के बीच व्हाइट हाउस की ओर से दावा किया गया है कि अमेरिका के हमलों से ईरान को भारी नुकसान हुआ है, बावजूद इसके ईरान कूटनीति के जरिए अमेरिका के समझौता करने के लिए प्रयासरत है. अमेरिका की सेंट्रल कमांड (CENTCOM) के अनुसार, बंदर अब्बास ईरान की बंदरगाह सिटी है, जो होर्मुज स्ट्रेट के पास बसी है. इसी शहर की बंदरगाहों पर जहाज लंगर डालते हैं और वापस जाते हैं. इसलिए बंदर अब्बास में हमले किए जा रहे हैं, ताकि ईरान व्यापार न कर पाए.
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सेंट्रल कमांड (CENTCOM) के अनुसार, अमेरिकी सेना का हमले करने मकसद ईरान की सैन्य और व्यापार क्षमताओं को खत्म करना है. व्हाइट हाउस की प्रेस सचिव कैरोलिन लेविट ने प्रेस ब्रीफिंग में जानकारी दी कि दोनों देशों के बीच गुप्त वार्ता जारी है. समझौता करने का प्रयास किया जा रहा है. ईरान ने समझौता करने की इच्छा जताई है, क्योंकि अमेरिका के हमलों से ईरान को भारी नुकसान उठाना पड़ा है, लेकिन ईरान से समझौता परमाणु कार्यक्रम बंद करने की शर्त पूरी होने पर ही होगा.