Arif Khan
आरिफ खान मंसूरी को डिजिटल मीडिया में करीब 15 वर्षों का अनुभव है . वर्तमान में न्यूज24 की डिजिटल विंग में कार्यरत हैं. इससे पहले देश के कई प्रतिष्ठित मीडिया संस्थानों में काम कर चुके हैं.
Read More---विज्ञापन---
पाकिस्तान के दक्षिण-पश्चिमी प्रांत बलूचिस्तान में सशस्त्र बलूच विद्रोहियों ने एक साथ 12 जगहों पर हमला कर दिया. पाकिस्तान के प्रमुख अखबार डॉन की रिपोर्ट के मुताबिक, इस हमले में सुरक्षा बलों के 10 जवानों की मौत हो गई. साथ ही लिखा है कि मुठभेड़ में सुरक्षाबलों ने 58 विद्रोहियों को भी मार गिराया है. बलूच विद्रोहियों ने सरकारी इमारतों पर कब्जा कर लिया. हालांकि, पाकिस्तान का कहना है कि उसके सुरक्षाबलों ने सभी हमलों को नाकाम कर दिया है.
बलूच बंदूकधारियों ने प्रांतीय राजधानी क्वेटा के कई पुलिस थानों को निशाना बनाया. रेडियो पाकिस्तान के मुताबिक, कुछ जगहों पर अभी भी विद्रोहियों और सुरक्षाबलों के बीच मुठभेड़ चल रही है.
विद्रोही गुट बीएलए ने हमले की जिम्मेदारी ली है. ग्रुप ने दावा किया कि उनके लड़ाकों ने सेना, पुलिस के ठिकानों और प्रशासनिक भवनों को निशाना बनाया है. विद्रोहियों ने इसके लिए बंदूक और आत्मघाती हमलों का सहारा लिया. पाकिस्तान की सरकार ने अपनी नाकामी छिपाने के लिए इस हमले के पीछे भारत का हाथ बताया. हालांकि, भारत की ओर से इस आरोप पर अभी तक कोई प्रतिक्रिया नहीं आई है. पाकिस्तान के प्रधानमंत्री शहबाज शरीफ ने अपने सुरक्षा बलों की तारीफ करते हुए इन हमलों के पीछे भारत का हाथ बताया है.
कुछ रिपोर्ट्स के मुताबिक, पाकिस्तानी सुरक्षा बलों के कुछ जवानों को अगवा कर लिया गया है. क्षेत्र में इंटरनेट और ट्रेन सेवा निलंबित कर दी गई. इस हमले से एक दिन पहले पाकिस्तानी सेना ने दावा किया था कि उसने बलूचिस्तान में दो अलग-अलग ऑपरेशन में 41 हथियारबंद लड़ाकों को मार गिराया है. इसके साथ ही बलूचिस्तान प्रांत के मुख्यमंत्री सरफराज बुगती ने दावा किया कि पिछले 12 महीनों में, बलूचिस्तान में सुरक्षा बलों ने 700 से ज्यादा विद्रोहियों को मार गिराया है.
पाकिस्तान दशकों से बलूचिस्तान में अलगाववादी विद्रोह से जूझ रहा है. यहां ब्लोच विद्रोही सुरक्षा बलों, सरकारी इमारतों को निशाना बनाते रहते हैं. यह वह क्षेत्र है, जिसकी सीमा ईरान और अफगानिस्तान से लगती है. यहां बलूच अलगाववादी समूह पाकिस्तान से आजादी चाहते हैं. बलूच अलगाववादी समूह और पाकिस्तानी तालिबान, जिन्हें तहरीक-ए-तालिबान पाकिस्तान (TTP) के नाम से जाना जाता है, ने हाल के महीनों में पाकिस्तान में हमले तेज किए हैं. TTP एक अलग ग्रुप है, लेकिन माना जाता है कि यह अफगानिस्तान के तालिबान के साथ मिला हुआ है.
पिछले साल, बलूच अलगाववादियों ने एक ट्रेन पर हमला कर दिया था. 450 यात्रियों वाली इस ट्रेन को दो दिनों तक घेरकर रखा. इसमें दर्जनों लोगों की मौत हुई थी. अगस्त 2024 में, विद्रोहियों ने पूरे प्रांत में पुल उड़ा दिए, होटलों पर हमला किया और सुरक्षा ठिकानों को निशाना बनाया था.
न्यूज 24 पर पढ़ें दुनिया, राष्ट्रीय समाचार (National News), खेल, मनोरंजन, धर्म, लाइफ़स्टाइल, हेल्थ, शिक्षा से जुड़ी हर खबर। ब्रेकिंग न्यूज और लेटेस्ट अपडेट के लिए News 24 App डाउनलोड कर अपना अनुभव शानदार बनाएं।