Ajinkya Rahane: अजिंक्य रहाणे ने हाल ही में प्रोफेशनल और इंटरनेशनल क्रिकेट से संन्यास की घोषणा की थी. वह काफी भावुक भी हो गए थे. इस बात से हर कोई वाकिफ है कि रहाणे ने भारत के लिए टेस्ट प्रारूप में शानदार प्रदर्शन किया और अपने बल्ले से कई यादगार पारियां खेलीं. भारत को उन्होंने कई मैच अपने दम पर जितवाए हैं. लेकिन कभी भारतीय टीम में डेब्यू से पहले रहाणे को 2 सालों तक भारतीय टीम में केवल पानी ही पिलाना पड़ा था. स्टार खिलाड़ी का दर्द अब छलका है.
रहाणे ने क्या कहा?
अपने यू ट्यूब चैनल पर रहाणे ने करियर के शुरुआती दिनों को याद किया. उन्होंने कहा “पहले दो साल, जब मैं 2011 में पहली बार टीम में शामिल हुआ था. मुझे अपने टेस्ट डेब्यू के लिए 20 मैचों का इंतजार करना पड़ा और मैं दो साल तक टीम में 12वें खिलाड़ी के रूप में रहा. वह एक चुनौतीपूर्ण दौर था, लेकिन मैंने उससे बहुत कुछ सीखा.” “मेरे पास दो विकल्प थे: या तो सहानुभूति हासिल करना या खुद को सुधारने की कोशिश करना. 12वें खिलाड़ी के रूप में होना, पानी पिलाना या अपने साथियों की मदद करना कोई बुरी बात नहीं है. मैंने इसे सकारात्मक रूप से लिया.”
रहाणे ने माना कि टीम के साथ रहने से उन्हें काफी फायदा मिला. वह हर चीजों को ध्यान से देखते थे. वह चाहते तो सहानुभूति हासिल कर सकते थे. लेकिन उन्होंने इसकी उम्मीद कभी नहीं की. रहाणे ने ये भी कहा कि जब वह मुंबई की लोकल ट्रेन पर सफर करते थे, तो धैर्य की धारणा वहीं से आई थी. लेकिन भारतीय प्लेइंग 11 में शामिल होने से पहले भी मैंने काफी कुछ सीखा.
करियर पर एक नजर
38 साल के रहाणे ने भारत के लिए 85 टेस्ट मैच खेले. उन्होंने इस दौरान 38.46 की औसत के साथ 5077 रन बनाए. इसके अलावा 90 वनडे मैच में उन्होंने 35.26 की औसत के साथ 2962 रन बनाए. वहीं, 20 टी-20 मैच में उनके बल्ले से 375 रन निकले. आईपीएल में भी वह 6 टीमों के लिए खेले. उन्होंने 212 मैच में 30.15 की औसत के साथ 5367 रन बनाए.
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