---विज्ञापन---

Religion angle-right

साल के इन 10 खास दिनों में भूलकर भी न बनाएं-खाएं रोटी, जानिए क्यों मानी जाता है अशुभ?

हिन्दू धर्म और संस्कृति में धार्मिक मान्यताओं का उद्देश्य केवल पूजा-पाठ की परंपराओं को निभाना नहीं, बल्कि जीवन में अनुशासन, श्रद्धा और परंपराओं के प्रति सम्मान बनाए रखना है। क्या आप जानते हैं, हिन्दू धर्म में कुछ विशेष धार्मिक अवसरों पर रोटी बनाना और खाना वर्जित माना गया है? आइए जानते हैं, किस दिन रोटी बनाने-खाने की मनाही है?

---विज्ञापन---

हमारे भारतीय भोजन में रोटी का विशेष स्थान है। यह न केवल रोजमर्रा का प्रमुख आहार है, बल्कि इसका सेवन स्वास्थ्य के लिए बेहद लाभकारी है। लेकिन क्या आप जानते हैं कि कुछ विशेष धार्मिक अवसरों पर रोटी बनाना और खाना वर्जित माना गया है? सदियों पुरानी मान्यताओं के अनुसार, ये दिन ऐसे माने गए हैं जब रोटी या गेहूं से बनी चीजें बनाना या खाना अशुभ माना जाता है। आइए जानते हैं ऐसे 10 खास दिन कौन-से हैं जब रोटी से परहेज करना चाहिए।

अमावस्या तिथि

अमावस्या को पितरों का दिन माना जाता है। इस दिन पूजा-पाठ और श्राद्ध कार्य किए जाते हैं। मान्यता है कि इस दिन रोटी बनाना दरिद्रता और अशुभता का कारण बन सकता है।

---विज्ञापन---

मकर संक्रांति

यह पर्व सूर्य देवता को समर्पित होता है। इस दिन खिचड़ी का भोग लगाने और सेवन करने की परंपरा है। रोटी बनाना धार्मिक नियमों के विरुद्ध माना जाता है।

ये भी पढ़ें: आज ही अपनाएं विदुर नीति के ये 5 उपदेश, तेजी से तरक्की के साथ होगा दूर धन संकट!

---विज्ञापन---

संकष्टी चतुर्दशी

हर महीने आने वाली संकष्टी चतुर्दशी पर व्रत रखकर फलाहार किया जाता है। मान्यता है कि रोटी बनाने से जीवन में रुकावटें और बाधाएं आ सकती हैं।

एकादशी तिथि

एकादशी को भगवान विष्णु का दिन माना गया है। इस दिन उपवास या सात्विक आहार का नियम है, और गेहूं या चावल जैसे अनाज नहीं खाए जाते।

---विज्ञापन---

दीपावली

दिवाली के दिन लक्ष्मी पूजन होता है। इस शुभ अवसर पर पकवान और मिठाइयों का महत्व होता है। रोटी बनाना दरिद्रता दूर करने के प्रयास में बाधक माना जाता है।

शीतला अष्टमी

इस दिन मां शीतला को ठंडा, बासी भोजन अर्पित किया जाता है। नए भोजन बनाना या चूल्हा जलाना निषेध होता है।

---विज्ञापन---

श्राद्ध पक्ष (पितृ पक्ष)

पितरों की तिथि पर ताजा रोटी बनाना वर्जित है। पितरों के लिए विशेष प्रकार का पकवान बनाया जाता है, जिसमें गेहूं की रोटी शामिल नहीं होती।

नाग पंचमी

नाग देवता की पूजा के दिन अनाज या रोटी से परहेज किया जाता है। इस दिन दूध, फल आदि का सेवन अधिक शुभ माना जाता है।

---विज्ञापन---

मृत्यु उपरांत तिथि

हिन्दू घरों में किसी परिजन की मृत्यु के बाद कुछ दिनों तक घर में साधारण खाना बनाया जाता है। इस दौरान रोटी या कच्चा खाना बनाने से बचा जाता है।

बसंत पंचमी

सरस्वती पूजन, जिसे बसंत पंचमी भी कहते है, के दिन हल्का व्रत रखा जाता है। इस दिन भी गेहूं से बनी रोटी नहीं बनानी चाहिए, बल्कि पीले पकवान जैसे खीर-चावल बनाए जाते हैं।

---विज्ञापन---

ये भी पढ़ें: घर ले आएं चांदी की ये 8 चीजें, जल्द ही चमक जाएगी किस्मत; हर काम में होगी बरकत

डिस्क्लेमर: यहां दी गई जानकारी ज्योतिष शास्त्र की मान्यताओं पर आधारित है तथा केवल सूचना के लिए दी जा रही है। News24 इसकी पुष्टि नहीं करता है।

---विज्ञापन---
First published on: May 18, 2025 09:30 AM

End of Article

About the Author

Shyamnandan

साल 2006 में 'सिविल सर्विसेज क्रॉनिकल' मैगजीन से बतौर सब-एडीटर जर्नलिज्म की दुनिया में एंट्री करने वाले श्यामनंदन को लगभग 20 वर्षों का कार्यानुभव है। बनारस हिन्दू यूनिवर्सिटी (BHU) के स्टूडेंट रहे ये हमेशा से एक्सपेरिमेंटल रहे हैं। डिजिटल दुनिया में इनकी पैठ साल 2009 में मोबाइल वैस (Mobile VAS) कंटेंट से हुई। हिंदुस्तान टाइम्स (HT Media), इंडिकस एनालिटिक्स की लाइव मोबाइल (LiveMobile), इंस्टामेज जैसी कंपनियों में मोबाइल प्लेटफॉर्म के लिए काम करते-समझते और जल्द ही कई पायदान लांघते हुए प्रोडक्ट मैनेजर बने। मोबाइल प्लेटफॉर्म की समझ ने इनके एनडीटीवी (NDTV) में जाने का रास्ता आसान बनाया। इनके खाते में एनडीटीवी (NDTV) की 'आस्था' और 'जॉब अलर्ट्स' पेज लॉन्च करने का श्रेय दर्ज है। यहीं से इनकी वास्तविक ऑनलाइन जर्नलिज्म शुरू हुई। इंटरनेशनल रिलेशंस, जियो-पॉलिटिक्स, एनवायरनमेंट, साइंस टेक, एजुकेशन, हेल्थ, लाइफस्टाइल, फैशन और व्यंजन-रेसपी पर काफी लिखने के बाद ये 'धर्म और ज्योतिष' कंटेंट में रम गए। इस विषय को और गहराई से समझने और प्रस्तुत करने लिए इन्होंने भारतीय विद्या भवन (BVB), नई दिल्ली से एस्ट्रोलॉजी का कोर्स कंप्लीट किया। वर्तमान में News24 में धर्म और ज्योतिष सेक्शन के लिए अपनी सेवाएं दे रहे श्यामनंदन, बंसल न्यूज (भोपाल) के 'वेबसाईट हेड' भी रह चुके हैं। इनकी एक बड़ी खासियत है, रणनीति और योजना के साथ आगे बढ़ना। इनको YouTube और Facebook के लिए कंटेंट क्रिएशन और कंटेंट प्रमोशन के साथ-साथ SEO, SMO और SMM की अच्छी समझ है। जहां तक हॉबी की बात है, इनको पटकथा (Screenplay) और गजल लिखने, फिल्म देखने, खाना बनाने और पेंटिंग में विशेष रूचि है। संपर्क करें: 📧 Email: shyam.nandan@bagconvergence.in 🔗 LinkedIn: https://www.linkedin.com/in/shyamnandan-kumar/ 🐦 Twitter/X: @Shyamnandan_K

Read More
---विज्ञापन---
संबंधित खबरें
Sponsored Links by Taboola