Add News24 as a Preferred Source Add news 24 as a Preferred Source

---विज्ञापन---

Religion

Kalashtami 2025: कब है साल की आखिरी कालाष्टमी? इस दिन किए उपायों से दूर होंगे कष्ट, जानें

Kalashtami 2025: पंचांग के मुताबिक, हर माह के कृष्ण पक्ष की अष्टमी तिथि को कालाष्टमी व्रत रखा जाता है. अब दिसंबर महीने में साल की आखिरी कालाष्टमी का व्रत है. इस दिन आप विशेष उपायों को कर कष्टों से मुक्ति पा सकते हैं.

Author
Edited By : Aman Maheshwari Updated: Dec 8, 2025 19:42
Kalashtami 2025
Kalashtami 2025

Kalashtami 2025: कृष्ण पक्ष की अष्टमी तिथि को कालाष्टमी का व्रत रखा जाता है. यह दिन भगवान काल भैरव की पूजा के लिए खास होता है. काल भैरव भगवान की पूजा और कुछ उपायों को करने से आप जीवन से जुड़े कष्टों से मुक्ति पा सकते हैं. अब दिसंबर महीने में साल 2025 का अंतिम कालाष्टमी व्रत पड़ेगा. दिसंबर में कालाष्टमी व्रत कब है और इस दिन किन उपायों को करने से आपको लाभ मिलेगा चलिए इसके बारे में जानते हैं.

कब है कालाष्टमी व्रत?

पौष माह की कृष्ण पक्ष की अष्टमी तिथि की शुरुआत 11 दिसंबर 2025, दिन गुरुवार को दोपहर 01 बजकर 56 मिनट पर हो जाएगी. अष्टमी तिथि का समापन अगले दिन 12 दिसंबर 2025, दिन शुक्रवार को दोपहर 2 बजकर 56 मिनट पर होगा. ऐसे में कालाष्टमी व्रत के लिए अष्टमी तिथि 11 तारीख को मान्य होगी. कालाष्टमी का व्रत 11 दिसंबर 2025 को है. आपको इस दिन काल भैरव भगवान की पूजा के साथ ही खास उपाय करने चाहिए.

---विज्ञापन---

ये भी पढ़ें – Love Rashifal 2026: रिश्ते में बढ़ेगा प्यार या होगी तकरार, जानें कैसी रहेगी मेष से मीन तक सभी की लव लाइफ?

कालाष्टमी के दिन करें ये उपाय

काल भैरव भगवान की पूजा-अर्चना करें और भैरव अष्टक का पाठ करें. इसके साथ ही आप भगवान के समक्ष सरसों के तेल का दीपक जलाएं. कुंडली में मौजूद कालसर्प दोष, पितृ दोष और शनि दोष से मुक्ति के लिए आप काल भैरव भगवान को नींबू चढ़ाएं. इसके साथ ही आप ॐ ह्रीं कालभैरवाय नमः मंत्र का 108 बार जाप करें. धन और संपत्ति से जुड़ी समस्याओं के समाधान के लिए आप काले कुत्ते और गाय को रोटी खिलाएं.

---विज्ञापन---

इन मंत्रों का करें जाप

ॐ शिवगणाय विद्महे गौरीसुताय धीमहि तन्नो भैरव प्रचोदयात
ॐ कालभैरवाय नम:
ॐ भ्रां कालभैरवाय फट्
धर्मध्वजं शङ्कररूपमेकं शरण्यमित्थं भुवनेषु सिद्धम्
द्विजेन्द्र पूज्यं विमलं त्रिनेत्रं श्री भैरवं तं शरणं प्रपद्ये

डिस्क्लेमर: यहां दी गई जानकारी ज्योतिष शास्त्र पर आधारित है तथा केवल सूचना के लिए दी जा रही है. News24 इसकी पुष्टि नहीं करता है.

First published on: Dec 08, 2025 07:42 PM

संबंधित खबरें

Leave a Reply

You must be logged in to post a comment.