Vastu Tips: घर में नवजात शिशुओं और छोटे बच्चों को रखने की जगह और नर्सरी को सुंदर और आकर्षक बनाने के साथ वास्तु का भी ध्यान रखना चाहिए। वास्तु शास्त्र में बच्चों के रखरखाव के कई व्यावहारिक सुझाव दिए गए हैं, जिनसे उनके विकास पर सकारात्मक असर होता है। इस शास्त्र के अनुसार, नवजात शिशुओं और छोटे बच्चों के पास कुछ चीजें नहीं रखनी चाहिए, इससे अपशकुन होता है और उनके जीवन पर संकट भी आ सकता है।
टूटे हुए खिलौने
बच्चों को खिलौने बहुत पसंद होते हैं और ये अक्सर टूट भी जाते हैं। टूटे हुए खिलौने को को बच्चों के पास नहीं रहने देना चाहिए, क्योंकि टूटे हुए खिलौने नेगेटिव एनर्जी फैलाते हैं। वास्तु शास्त्र के अनुसार, यह बच्चों के सेहत के लिए अच्छा नहीं माना गया है।
आईना
घर में आईना होना एक आम बात है, लेकिन वास्तु शास्त्र के अनुसार, ये बच्चे की नर्सरी के लिए उपयुक्त नहीं हैं। आईना बच्चों की छवि और ऊर्जा को प्रतिबिंबित करते हैं। बच्चों को अपनी छवि का प्रतिबिंब के बार-बार देखने से यह उनकी नींद के लिए परेशानी का कारण बन सकता है।
कांटेदार पौधे
वास्तु शास्त्र के अनुसार, घर में कांटेदार पौधे नहीं रखने चाहिए, क्योंकि ये नेगेटिव एनर्जी के स्रोत हैं। बच्चों के पास तो ये भूल कर भी नहीं होने चाहिए। एक तो नुकीले पत्ते या कांटों से उन्हें चोट पहुंच सकती है, दूसरा, नेगेटिव एनर्जी उनके शारीरिक और मानसिक विकास में बाधा बन सकती है।
नकारात्मक आर्टवर्क
वास्तु शास्त्र के अनुसार, घर और नर्सरी दोनों जगहों पर हिंसक या बुरे विषयों को दर्शाने वाले नकारात्मक आर्टवर्क नहीं रखने चाहिए। यह माहौल को अशांत बनाता है, जो बच्चों के लिए सही नहीं है।
भारी फर्नीचर
बच्चों के खेलने की जगह पर भारी फर्नीचर ऊर्जा के मुक्त प्रवाह में बाधा डाल सकते हैं, जिससे शिशु असहज महसूस कर सकता है। इसलिए बहुत अधिक भारी सामान या फर्नीचर घर में बच्चों के खेलने की जगह पर या नर्सरी में नहीं होनी चाहिए।
डिस्क्लेमर: यहां दी गई जानकारी धार्मिक मान्यताओं पर आधारित है तथा केवल सूचना के लिए दी जा रही है। News24 इसकी पुष्टि नहीं करता है। किसी भी उपाय को करने से पहले संबंधित विषय के एक्सपर्ट से सलाह अवश्य लें।