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Chandra Grahan 2026: चंद्र ग्रहण में गर्भवती महिलाएं क्यों नहीं जाती हैं घर से बाहर, जानें सूतक काल और सावधानियां

Chandra Grahan 2026: हर साल होने वाले चंद्र और सूर्य ग्रहण सिर्फ खगोल विज्ञान नहीं, बल्कि धर्म और ज्योतिष से जुड़े हैं . जानें क्यों गर्भवती महिलाओं को ग्रहण में घर से बाहर नहीं निकलना चाहिए, सूतक काल कब तक रहेगा और सुरक्षा के आसान उपाय क्या हैं?

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Chandra Grahan 2026: हर साल 2-3 बार सूर्य और चंद्र ग्रहण होते हैं. हमारे देश में इन्हें सिर्फ खगोल विज्ञान की घटना नहीं बल्कि धर्म और ज्योतिष से जोड़ा जाता है. ग्रहण के दौरान कई नियम और परंपराएं प्रचलित हैं, जिनमें सूतक प्रमुख है. विशेष रूप से गर्भवती महिलाओं के लिए ग्रहण के समय घर के भीतर रहने की सलाह दी जाती है. यह नियम सिर्फ धार्मिक नहीं बल्कि वैज्ञानिक दृष्टि से भी महत्वपूर्ण माना जाता है. आइए जानते हैं कि चंद्र ग्रहण में गर्भवती महिलाओं को क्यों बाहर नहीं निकलना चाहिए और सूतक काल कब तक रहेगा?

ग्रहण और राहु-केतु का प्रभाव

ज्योतिष शास्त्र के अनुसार राहु और केतु सूर्य या चंद्रमा को अपनी छाया में ढक देते हैं, जिससे ग्रहण होता है. इस दौरान इन ग्रहों का प्रभाव अत्यधिक माना जाता है. यदि गर्भवती महिला सीधे ग्रहण के समय बाहर रहती है, तो उसके गर्भ में पल रहे शिशु पर नकारात्मक असर पड़ सकता है. शिशु में अंगों की वृद्धि प्रभावित हो सकती है या जन्मजात रोगों का खतरा बढ़ सकता है.

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वैज्ञानिक दृष्टि से सावधानी

विज्ञान भी बताता है कि ग्रहण के समय कुछ हानिकारक किरणें पृथ्वी पर आती हैं. सीधे इन किरणों का संपर्क शरीर और विशेषकर गर्भ पर नकारात्मक असर डाल सकता है. इसलिए गर्भवती महिलाओं को ग्रहण के समय घर के भीतर रहना चाहिए. इससे वे और उनके शिशु दोनों सुरक्षित रहते हैं.

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चंद्र ग्रहण का सूतक काल

3 मार्च, मंगलवार को चंद्र ग्रहण दोपहर 03:23 से शाम 06:47 तक रहेगा. इसके सूतक की शुरुआत सुबह 09:06 से होगी और शाम 06:47 तक चलेगा. इस दौरान गर्भवती महिलाएं भूलकर भी घर से बाहर न निकलें. विद्वानों के अनुसार यही समय सबसे संवेदनशील माना जाता है.

सावधानियां और सुझाव

ग्रहण के समय घर के भीतर रहना, भोजन साफ-सुथरा करना और मानसिक शांति बनाए रखना लाभकारी होता है. खिड़कियों और दरवाजों को बंद रखना, सीधे सूर्य या चंद्र की ओर देखने से बचना भी जरूरी है. इन सरल उपायों से गर्भवती महिलाएं और उनका शिशु सुरक्षित रह सकते हैं.

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डिस्क्लेमर: यहां दी गई जानकारी धार्मिक शास्त्र की मान्यताओं पर आधारित है और केवल सूचना के लिए दी जा रही है. News24 इसकी पुष्टि नहीं करता है.

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First published on: Feb 27, 2026 06:43 PM

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Shyamnandan

साल 2006 में 'सिविल सर्विसेज क्रॉनिकल' मैगजीन से बतौर सब-एडीटर जर्नलिज्म की दुनिया में एंट्री करने वाले श्यामनंदन को लगभग 20 वर्षों का कार्यानुभव है। बनारस हिन्दू यूनिवर्सिटी (BHU) के स्टूडेंट रहे ये हमेशा से एक्सपेरिमेंटल रहे हैं। डिजिटल दुनिया में इनकी पैठ साल 2009 में मोबाइल वैस (Mobile VAS) कंटेंट से हुई। हिंदुस्तान टाइम्स (HT Media), इंडिकस एनालिटिक्स की लाइव मोबाइल (LiveMobile), इंस्टामेज जैसी कंपनियों में मोबाइल प्लेटफॉर्म के लिए काम करते-समझते और जल्द ही कई पायदान लांघते हुए प्रोडक्ट मैनेजर बने। मोबाइल प्लेटफॉर्म की समझ ने इनके एनडीटीवी (NDTV) में जाने का रास्ता आसान बनाया। इनके खाते में एनडीटीवी (NDTV) की 'आस्था' और 'जॉब अलर्ट्स' पेज लॉन्च करने का श्रेय दर्ज है। यहीं से इनकी वास्तविक ऑनलाइन जर्नलिज्म शुरू हुई। इंटरनेशनल रिलेशंस, जियो-पॉलिटिक्स, एनवायरनमेंट, साइंस टेक, एजुकेशन, हेल्थ, लाइफस्टाइल, फैशन और व्यंजन-रेसपी पर काफी लिखने के बाद ये 'धर्म और ज्योतिष' कंटेंट में रम गए। इस विषय को और गहराई से समझने और प्रस्तुत करने लिए इन्होंने भारतीय विद्या भवन (BVB), नई दिल्ली से एस्ट्रोलॉजी का कोर्स कंप्लीट किया। वर्तमान में News24 में धर्म और ज्योतिष सेक्शन के लिए अपनी सेवाएं दे रहे श्यामनंदन, बंसल न्यूज (भोपाल) के 'वेबसाईट हेड' भी रह चुके हैं। इनकी एक बड़ी खासियत है, रणनीति और योजना के साथ आगे बढ़ना। इनको YouTube और Facebook के लिए कंटेंट क्रिएशन और कंटेंट प्रमोशन के साथ-साथ SEO, SMO और SMM की अच्छी समझ है। जहां तक हॉबी की बात है, इनको पटकथा (Screenplay) और गजल लिखने, फिल्म देखने, खाना बनाने और पेंटिंग में विशेष रूचि है। संपर्क करें: 📧 Email: shyam.nandan@bagconvergence.in 🔗 LinkedIn: https://www.linkedin.com/in/shyamnandan-kumar/ 🐦 Twitter/X: @Shyamnandan_K

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साल 2006 में 'सिविल सर्विसेज क्रॉनिकल' मैगजीन से बतौर सब-एडीटर जर्नलिज्म की दुनिया में एंट्री करने वाले श्यामनंदन को लगभग 20 वर्षों का कार्यानुभव है। बनारस हिन्दू यूनिवर्सिटी (BHU) के स्टूडेंट रहे ये हमेशा से एक्सपेरिमेंटल रहे हैं। डिजिटल दुनिया में इनकी पैठ साल 2009 में मोबाइल वैस (Mobile VAS) कंटेंट से हुई। हिंदुस्तान टाइम्स (HT Media), इंडिकस एनालिटिक्स की लाइव मोबाइल (LiveMobile), इंस्टामेज जैसी कंपनियों में मोबाइल प्लेटफॉर्म के लिए काम करते-समझते और जल्द ही कई पायदान लांघते हुए प्रोडक्ट मैनेजर बने। मोबाइल प्लेटफॉर्म की समझ ने इनके एनडीटीवी (NDTV) में जाने का रास्ता आसान बनाया। इनके खाते में एनडीटीवी (NDTV) की 'आस्था' और 'जॉब अलर्ट्स' पेज लॉन्च करने का श्रेय दर्ज है। यहीं से इनकी वास्तविक ऑनलाइन जर्नलिज्म शुरू हुई। इंटरनेशनल रिलेशंस, जियो-पॉलिटिक्स, एनवायरनमेंट, साइंस टेक, एजुकेशन, हेल्थ, लाइफस्टाइल, फैशन और व्यंजन-रेसपी पर काफी लिखने के बाद ये 'धर्म और ज्योतिष' कंटेंट में रम गए। इस विषय को और गहराई से समझने और प्रस्तुत करने लिए इन्होंने भारतीय विद्या भवन (BVB), नई दिल्ली से एस्ट्रोलॉजी का कोर्स कंप्लीट किया। वर्तमान में News24 में धर्म और ज्योतिष सेक्शन के लिए अपनी सेवाएं दे रहे श्यामनंदन, बंसल न्यूज (भोपाल) के 'वेबसाईट हेड' भी रह चुके हैं। इनकी एक बड़ी खासियत है, रणनीति और योजना के साथ आगे बढ़ना। इनको YouTube और Facebook के लिए कंटेंट क्रिएशन और कंटेंट प्रमोशन के साथ-साथ SEO, SMO और SMM की अच्छी समझ है। जहां तक हॉबी की बात है, इनको पटकथा (Screenplay) और गजल लिखने, फिल्म देखने, खाना बनाने और पेंटिंग में विशेष रूचि है। संपर्क करें: 📧 Email: shyam.nandan@bagconvergence.in 🔗 LinkedIn: https://www.linkedin.com/in/shyamnandan-kumar/ 🐦 Twitter/X: @Shyamnandan_K

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