Mahilao Me Heart Attack Ke Lakshan: आजकल दिल की बीमारी का खतरा ज्यादा बढ़ गया है. पुरुषों के मुकाबले अब महिलाओं में यह दिक्कत देखी जा रही है. इसलिए महिलाओं को भी ध्यान देना चाहिए, क्योंकि 35 के बाद हार्ट अटैक आने का खतरा काफी बढ़ जाता है. मेनोपॉज के समय और उसके बाद महिलाओं में दिल की बीमारी होने का खतरा दोगुना बढ़ जाता है. इसलिए वक्त पर इसकी पहचान करें, क्योंकि इसके लक्षण पुरुषों के मुकाबाले महिलाओं में हार्ट अटैक के लक्षण कई बार पुरुषों से अलग होते हैं, इसलिए इन्हें सामान्य थकान, गैस या तनाव समझकर नजरअंदाज कर दिया जाता है.
सांस लेने में तकलीफ होना

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अगर बिना किसी काम के या भारी सामान उठाए सांस फूल रही है या सांस लेने में परेशानी हो रही है तो यह हेल्थ के मुताबिक ठीक नहीं है. कई बार ऐसा होना हार्ट अटैक का संकेत भी हो सकता है.
थकान होना

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अगर बिना किसी सीधा कारण के कई दिनों तक असामान्य कमजोरी या थकान महसूस हो रही है तो यह भी हार्ट अटैक का शुरुआती संकेत हो सकता है. इसलिए आप आराम करें और थकान दूर करने पर ध्यान दें क्योंकि कई बार यह संकेत खतरनाक हो सकता है.
मतली या उल्टी होना

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कुछ महिलाओं को हार्ट अटैक के दौरान मतली, उल्टी या पेट में भारीपन महसूस हो सकता है. इसे अक्सर फूड पॉइजनिंग या एसिडिटी समझ लिया जाता है. अगर आपके परेशानी हो रही है और लंबे वक्त से है तो एक बार डॉक्टर से जरूर बात करें.
किन महिलाओं में हार्ट अटैक का खतरा ज्यादा होता है?

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यह सही तरह से कह पाना ठीक नहीं है, क्योंकि अटैक किसी को भी आ सकता है. कई रिसर्च में अटैक हाई ब्लड प्रेशर वाले, हाई कोलेस्ट्रॉल, मोटापे, मेनोपॉज के बाद या तंबाकू का सेवन करने वाली महिलाओं को दिक्कत हो सकती है.
कब हो सकती है स्थिति खतरनाक?

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अगर आपके सीने में दर्द ज्यादा देर तक हो रहा है या सांस लेने में परेशानी है तो तुरंत डॉक्टर के पास जाएं और दर्द हाथ, जबड़े, गर्दन या पीठ तक फैल रहा है तो समझ जाएं कि स्थिति गंभीर है.
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अस्वीकरण – इस खबर को सामान्य जानकारी के तौर पर लिखा गया है. अधिक जानकारी के लिए विशेषज्ञ की सलाह लें या चिकित्सक से परामर्श करें. न्यूज 24 किसी तरह का दावा नहीं करता है.