PM Modi Donald Trump: ओमान की खाड़ी में अमेरिकी सेना के हमले में तीन भारतीय नाविकों की मौत का मुद्दा भारत ने अंतरराष्ट्रीय मंच पर बेहद मजबूती से उठाया है. फ्रांस के एवियान में चल रहे जी-7 शिखर सम्मेलन में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप समेत दुनिया के दिग्गज नेताओं के सामने यह मामला रखा. पीएम मोदी ने साफ कहा कि वैश्विक समुद्री व्यापार को चलाने वाले नाविकों की सुरक्षा सुनिश्चित करना हम सभी देशों की सामूहिक जिम्मेदारी है.
जी-7 समिट के संपर्क सत्र को संबोधित करते हुए प्रधानमंत्री मोदी ने कहा कि होर्मुज स्ट्रेट में समुद्री व्यापार में आ रही रुकावटों से पूरी दुनिया की अर्थव्यवस्था को बड़ा नुकसान पहुंचा है. इस तनाव और संघर्ष के कारण कई निर्दोष भारतीय नागरिकों को अपनी जान गंवानी पड़ी है. उन्होंने जोर देकर कहा कि हमें ऐसा माहौल बनाना होगा जहां हमारे नाविक बिना किसी डर या खौफ के सुरक्षित तरीके से अपना काम कर सकें.
मजबूत रिश्तों के लिए 'आपसी भरोसा' सबसे जरूरी
'नई साझेदारियां तैयार करने और अंतरराष्ट्रीय एकजुटता को फिर से बनाने' के विषय पर आयोजित इस सत्र में पीएम मोदी ने आपसी विश्वास की बात की. उन्होंने कहा, "आज के दौर में सबसे बड़ी रणनीतिक संपत्ति खनिज, तकनीक या बाजार नहीं है, बल्कि 'आपसी भरोसा' है. आज की दुनिया में किसी भी देश की ऊर्जा, भोजन, स्वास्थ्य, साइबर सुरक्षा और आर्थिक तरक्की सिर्फ उसकी सीमाओं के भीतर तय नहीं होती, हम सब एक-दूसरे पर निर्भर हैं." इसके साथ ही उन्होंने 'ग्लोबल साउथ' की चिंताओं को भी मंच पर रखा और कहा कि ये देश भी वैश्विक विकास में बराबर के भागीदार बनना चाहते हैं.
ब्रिटेन और कनाडा के पीएम से की खास मुलाकात
पीएम मोदी ने ब्रिटेन के प्रधानमंत्री कीर स्टार्मर और कनाडा के प्रधानमंत्री मार्क कार्नी के साथ अलग-अलग द्विपक्षीय बैठकें कीं. इन मुलाकातों में व्यापार, सुरक्षा और आपसी सहयोग बढ़ाने को लेकर बेहद सकारात्मक चर्चा हुई है. ब्रिटेन के पीएम कीर स्टार्मर के साथ मुलाकात के दौरान प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने भारत-यूके रणनीतिक साझेदारी को और अधिक मजबूत करने पर सहमति जताई. इसके साथ ही आपसी हित और रुचि के प्रमुख क्षेत्रों में सहयोग को और गहरा करने के तरीकों पर विस्तार से चर्चा की गई.
कनाडा के साथ फ्री ट्रेड एग्रीमेंट (FTA) पूरा करने का लक्ष्य
जी-7 समिट के 'साइडलाइंस' पर पीएम मोदी और कनाडा के प्रधानमंत्री मार्क कार्नी के बीच भी बेहद खास मुलाकात हुई. बैठक के दौरान पीएम मोदी ने खुशी जाहिर करते हुए कहा कि दोनों नेता अब तक 4 बार मिल चुके हैं. दोनों देशों ने बेहद पारदर्शी और खुले मन से द्विपक्षीय संबंधों के साथ-साथ अंतरराष्ट्रीय घटनाक्रमों पर अपने विचार साझा किए हैं. पीएम मोदी ने विशेष रूप से कनाडा में रह रहे प्रवासी भारतीयों (भारतवंशियों) की देखभाल और मदद के लिए कनाडा सरकार का आभार व्यक्त किया. व्यापारिक रिश्तों पर बात करते हुए उन्होंने साफ किया कि भारत, कनाडा के साथ एक मुक्त व्यापार समझौते (FTA) को लेकर बेहद उत्सुक है. कनाडा के प्रधानमंत्री मार्क कार्नी ने पीएम मोदी को कनाडा आने का न्योता दिया, जिसे प्रधानमंत्री ने सहर्ष स्वीकार कर लिया है.
PM Modi Donald Trump: ओमान की खाड़ी में अमेरिकी सेना के हमले में तीन भारतीय नाविकों की मौत का मुद्दा भारत ने अंतरराष्ट्रीय मंच पर बेहद मजबूती से उठाया है. फ्रांस के एवियान में चल रहे जी-7 शिखर सम्मेलन में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप समेत दुनिया के दिग्गज नेताओं के सामने यह मामला रखा. पीएम मोदी ने साफ कहा कि वैश्विक समुद्री व्यापार को चलाने वाले नाविकों की सुरक्षा सुनिश्चित करना हम सभी देशों की सामूहिक जिम्मेदारी है.
जी-7 समिट के संपर्क सत्र को संबोधित करते हुए प्रधानमंत्री मोदी ने कहा कि होर्मुज स्ट्रेट में समुद्री व्यापार में आ रही रुकावटों से पूरी दुनिया की अर्थव्यवस्था को बड़ा नुकसान पहुंचा है. इस तनाव और संघर्ष के कारण कई निर्दोष भारतीय नागरिकों को अपनी जान गंवानी पड़ी है. उन्होंने जोर देकर कहा कि हमें ऐसा माहौल बनाना होगा जहां हमारे नाविक बिना किसी डर या खौफ के सुरक्षित तरीके से अपना काम कर सकें.
मजबूत रिश्तों के लिए ‘आपसी भरोसा’ सबसे जरूरी
‘नई साझेदारियां तैयार करने और अंतरराष्ट्रीय एकजुटता को फिर से बनाने’ के विषय पर आयोजित इस सत्र में पीएम मोदी ने आपसी विश्वास की बात की. उन्होंने कहा, “आज के दौर में सबसे बड़ी रणनीतिक संपत्ति खनिज, तकनीक या बाजार नहीं है, बल्कि ‘आपसी भरोसा’ है. आज की दुनिया में किसी भी देश की ऊर्जा, भोजन, स्वास्थ्य, साइबर सुरक्षा और आर्थिक तरक्की सिर्फ उसकी सीमाओं के भीतर तय नहीं होती, हम सब एक-दूसरे पर निर्भर हैं.” इसके साथ ही उन्होंने ‘ग्लोबल साउथ’ की चिंताओं को भी मंच पर रखा और कहा कि ये देश भी वैश्विक विकास में बराबर के भागीदार बनना चाहते हैं.
ब्रिटेन और कनाडा के पीएम से की खास मुलाकात
पीएम मोदी ने ब्रिटेन के प्रधानमंत्री कीर स्टार्मर और कनाडा के प्रधानमंत्री मार्क कार्नी के साथ अलग-अलग द्विपक्षीय बैठकें कीं. इन मुलाकातों में व्यापार, सुरक्षा और आपसी सहयोग बढ़ाने को लेकर बेहद सकारात्मक चर्चा हुई है. ब्रिटेन के पीएम कीर स्टार्मर के साथ मुलाकात के दौरान प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने भारत-यूके रणनीतिक साझेदारी को और अधिक मजबूत करने पर सहमति जताई. इसके साथ ही आपसी हित और रुचि के प्रमुख क्षेत्रों में सहयोग को और गहरा करने के तरीकों पर विस्तार से चर्चा की गई.
कनाडा के साथ फ्री ट्रेड एग्रीमेंट (FTA) पूरा करने का लक्ष्य
जी-7 समिट के ‘साइडलाइंस’ पर पीएम मोदी और कनाडा के प्रधानमंत्री मार्क कार्नी के बीच भी बेहद खास मुलाकात हुई. बैठक के दौरान पीएम मोदी ने खुशी जाहिर करते हुए कहा कि दोनों नेता अब तक 4 बार मिल चुके हैं. दोनों देशों ने बेहद पारदर्शी और खुले मन से द्विपक्षीय संबंधों के साथ-साथ अंतरराष्ट्रीय घटनाक्रमों पर अपने विचार साझा किए हैं. पीएम मोदी ने विशेष रूप से कनाडा में रह रहे प्रवासी भारतीयों (भारतवंशियों) की देखभाल और मदद के लिए कनाडा सरकार का आभार व्यक्त किया. व्यापारिक रिश्तों पर बात करते हुए उन्होंने साफ किया कि भारत, कनाडा के साथ एक मुक्त व्यापार समझौते (FTA) को लेकर बेहद उत्सुक है. कनाडा के प्रधानमंत्री मार्क कार्नी ने पीएम मोदी को कनाडा आने का न्योता दिया, जिसे प्रधानमंत्री ने सहर्ष स्वीकार कर लिया है.