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अल-फलाह यूनिवर्सिटी के चेयरमैन की बढ़ी मुसीबतें, आलीशान मकान अवैध घोषित, चलेगा बुलडोजर

दिल्ली ब्लास्ट मामले में जुड़े अहम किरदार और यूनिवर्सिटी के चेयरमैन जवाद अहमद सिद्दीकी के महू स्थित मकान को अब कैंटबोर्ड ने अवैध घोषित कर दिया है.

Delhi Car Blast: राष्ट्रीय राजधानी दिल्ली में लाला किले के पास हुए कार बम ब्लास्ट मामले के बाद चर्चा में आई फरीदाबाद स्थित अल-फलाह यूनिवर्सिटी के चेयरमैन और संस्थापक जवाद अहमद सिद्दीकी पर शिकंजा कसता जा रहा है. मंगलवार को प्रवर्तन निदेशालय (ED) द्वारा गिरफ्तारी के बाद अब सिद्दीकी के इंदौर स्थित घर पर बुलडोजर कार्रवाई करने की तैयारी चल रही है. दिल्ली बम ब्लास्ट मामले में अब तक कई लोगों से पूछताछ हो चुकी है, जबकि कई लोगों की गिरफ्तारी भी की जा चुकी है. दिल्ली ब्लास्ट कनेक्शन में अल-फलाह यूनिवर्सिटी की सदस्यता पहले ही रद्द की जा चुकी है. अब जवाद अहमद सिद्दीकी की मुसीबतें भी बढ़ने वाली हैं.

अवैध घोषित हुआ जवाद अहमद सिद्दीकी का घर


प्राप्त जानकारी के मुताबिक दिल्ली ब्लास्ट मामले में जुड़े अहम किरदार और यूनिवर्सिटी के चेयरमैन जवाद अहमद सिद्दीकी के महू स्थित मकान को अब कैंटबोर्ड ने अवैध घोषित कर दिया है. नोटिस चिपका कर साफ निर्देश दे दिए गए हैं कि मकान को 3 दिन के भीतर हटाना होगा. कैंटबोर्ड के अधिकारियों ने बुधवार सुबह टीम के साथ मौके पर पहुंचकर कार्रवाई की. जांच में सामने आया कि यह मकान 860 वर्ग फीट क्षेत्र में बना है, लेकिन निर्माण अनुमति लिए बिना ही इसे जी-प्लस वन स्ट्रक्चर के रूप में अतिक्रमण कर खड़ा किया गया है.

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बिना मंजूरी बनाया गया बेसमेंट


कैंटबोर्ड के CEO विकास कुमार ने बताया कि मकान में तीन तरफ से 20 से अधिक बड़ी खिड़कियां बनाई गई हैं, जो निर्माण नियमों के खिलाफ है. सबसे बड़ा खुलासा यह कि घर के अंदर एक अवैध तलघर (बेसमेंट) भी बनाया गया है, जिसकी कोई मंजूरी नहीं ली गई. कैंटबोर्ड ने इसे गंभीर उल्लंघन मानते हुए तत्काल नोटिस जारी किया है. नोटिस में साफ लिखा है कि अगर सिद्दीकी पक्ष तीन दिनों के भीतर स्वयं निर्माण नहीं हटाता, तो बोर्ड खुद कार्रवाई करेगा और इसके खर्च की रिकवरी भी की जाएगी.

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अलर्ट पर सुरक्षा एजेंसियां


दिल्ली बम ब्लास्ट की जांच के साथ अब महू में अवैध निर्माण को लेकर एक और बड़ी कार्रवाई शुरू हो चुकी है. सवाल यह भी है कि क्या इस मकान का किसी गतिविधि से सीधा या अप्रत्यक्ष कनेक्शन था? इसकी छानबीन अब आगे की जांच में सामने आएगी. फिलहाल इंदौर और दिल्ली दोनों जगहों पर एजेंसियां अलर्ट मोड पर हैं.

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First published on: Nov 20, 2025 05:20 PM

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Akarsh Shukla

आकर्ष शुक्ला (Akarsh Shukla) एक अनुभवी पत्रकार हैं, जो पिछले 12 वर्षों से पत्रकारिता के क्षेत्र में सक्रिय हैं। वर्तमान में वो News 24 Digital टीम को शिफ्ट हेड के तौर पर लीड कर रहे हैं। आकर्ष शुक्ला ने India.com (ZEE Media), 'नवोदय टाइम्स' (पंजाब केसरी ग्रुप), 'ओपेरा न्यूज' और 'वनइंडिया' (डेली हंट) जैसे प्रतिष्ठित मीडिया संस्थानों में काम करके अपनी व्यापक पत्रकारिता क्षमता का परिचय दिया। उनकी विशेषज्ञता प्रिंट, डिजिटल मीडिया (वेबसाइट) और मोबाइल ऐप्स के माध्यम से खबरों को सजीव और प्रभावी रूप में पेश करने में है। देश-दुनिया की महत्वपूर्ण खबरों के साथ-साथ आकर्ष को मनोरंजन, लाइफस्टाइल, ट्रेंडिंग और खेल जगत की खबरों का भी बखूबी अनुभव है। आकर्ष शुक्ला, पत्रकारिता को सिर्फ एक पेशा नहीं, बल्कि समाज की आवाज और जनसंवाद का एक सशक्त माध्यम मानते हैं।

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आकर्ष शुक्ला (Akarsh Shukla) एक अनुभवी पत्रकार हैं, जो पिछले 12 वर्षों से पत्रकारिता के क्षेत्र में सक्रिय हैं। वर्तमान में वो News 24 Digital टीम को शिफ्ट हेड के तौर पर लीड कर रहे हैं। आकर्ष शुक्ला ने India.com (ZEE Media), 'नवोदय टाइम्स' (पंजाब केसरी ग्रुप), 'ओपेरा न्यूज' और 'वनइंडिया' (डेली हंट) जैसे प्रतिष्ठित मीडिया संस्थानों में काम करके अपनी व्यापक पत्रकारिता क्षमता का परिचय दिया। उनकी विशेषज्ञता प्रिंट, डिजिटल मीडिया (वेबसाइट) और मोबाइल ऐप्स के माध्यम से खबरों को सजीव और प्रभावी रूप में पेश करने में है। देश-दुनिया की महत्वपूर्ण खबरों के साथ-साथ आकर्ष को मनोरंजन, लाइफस्टाइल, ट्रेंडिंग और खेल जगत की खबरों का भी बखूबी अनुभव है। आकर्ष शुक्ला, पत्रकारिता को सिर्फ एक पेशा नहीं, बल्कि समाज की आवाज और जनसंवाद का एक सशक्त माध्यम मानते हैं।

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