---विज्ञापन---

No Confidence Motion: लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला के खिलाफ अविश्वास प्रस्ताव की तैयारी!

No Confidence Motion: विपक्षी दल लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला के खिलाफ अविश्वास प्रस्ताव ला सकते हैं। सूत्रों ने मंगलवार को कहा कि कांग्रेस और अन्य विपक्षी दल अगले सप्ताह लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला के खिलाफ इस आधार पर अविश्वास प्रस्ताव लाने पर विचार कर रहे हैं कि विपक्षी सदस्यों को बोलने की अनुमति नहीं दी […]

No Confidence Motion: विपक्षी दल लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला के खिलाफ अविश्वास प्रस्ताव ला सकते हैं। सूत्रों ने मंगलवार को कहा कि कांग्रेस और अन्य विपक्षी दल अगले सप्ताह लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला के खिलाफ इस आधार पर अविश्वास प्रस्ताव लाने पर विचार कर रहे हैं कि विपक्षी सदस्यों को बोलने की अनुमति नहीं दी जा रही है। सूत्रों के मुताबिक कांग्रेस सांसदों की बैठक में यह प्रस्ताव रखा गया था।

सूत्रों ने न्यूज एजेंसी ANI को बताया कि विपक्षी दल लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला के खिलाफ अविश्वास प्रस्ताव ला सकते हैं। यह प्रस्ताव कांग्रेस सांसदों की बैठक में रखा गया था। कांग्रेस इस संबंध में अन्य विपक्षी दलों से बात कर रही है। बता दें कि मानहानि मामले में सांसदी जाने के बाद राहुल गांधी ने प्रेस कॉन्फ्रेंस किया था और कहा था कि उन्हें संसद में बोलने नहीं दिया जाता है। इस दौरान उन्होंने ओम बिरला का भी नाम लिया था।

---विज्ञापन---

लोकसभा स्पीकर पर राहुल ने लगाए थे ये आरोप

प्रेस कॉन्फ्रेंस में राहुल गांधी ने कहा था कि केंद्र सरकार के मंत्रियों ने उनके खिलाफ बेबुनियाद आरोप लगाए थे। मंत्रियों ने कहा कि मैंने विदेशी ताकतों से मदद मांगी, लेकिन ऐसी कोई बात नहीं है। राहुल गांधी ने कहा कि मैंने स्पीकर ओम बिरला के पास जाकर कहा कि संसद का नियम है कि अगर मेंबर पर कोई आरोप लगाता है तो उस सदस्य को जवाब देने का हक होता है।

राहुल ने कहा कि मैंने दो चिट्ठी लिखी, लेकिन स्पीकर सर का कोई जवाब नहीं आया। इसके बाद वे स्पीकर के चेंबर में गए और कहा कि हमारे यहां लोकतंत्र है। मुझे आप बोलने क्यों नहीं देते हैं? राहुल ने कहा कि स्पीकर सर मुस्कुरा दिए और कहा कि मैं कुछ नहीं कर सकता। उन्होंने अपने साथ चाय ऑफर की। राहुल गांधी ने दावा किया कि उनकी सदस्यता छीना जाना अडानी के मुद्दे से ध्यान भटकाने के लिए है।

---विज्ञापन---

बता दें कि अविश्वास प्रस्ताव लाने के लिए 50 सदस्यों का समर्थन जरूरी होता है। विपक्षी दलों के पास लोकसभा अध्यक्ष के खिलाफ अविश्वास प्रस्ताव लाने के लिए जरूरी संख्याबल तो है लेकिन इसमें एक पेंच है। अविश्वास प्रस्ताव लाने के लिए जरूरी है कि सदन की कार्यवाही चले और मौजूदा हालात में लोकसभा की कार्यवाही चलेगी, इसके आसार कम ही लग रहे हैं।

मंगलवार को राहुल गांधी के समर्थन में निकाला मार्च

इस बीच, राहुल गांधी के समर्थन में और उनकी अयोग्यता के खिलाफ, कांग्रेस सांसदों, नेताओं और कार्यकर्ताओं ने लाल किले के पास ‘लोकतंत्र बचाओ मशाल शांति मार्च’ निकाला। इस दौरान पुलिस ने पार्टी के कई नेताओं और कार्यकर्ताओं को हिरासत में ले लिया।

कांग्रेस महासचिव केसी वेणुगोपाल ने आरोप लगाया कि प्रदर्शनकारियों को हर जगह रोका गया। आपको देश में लोकतंत्र की दुर्दशा देखनी चाहिए। हम शांतिपूर्ण मशाल जुलूस निकाल रहे हैं। कल हमने पुलिस और आयुक्तों के साथ इस पर चर्चा की और वे मान गए और आज उन्होंने हमारे कार्यकर्ताओं को हर जगह रोका गया।

---विज्ञापन---
First published on: Mar 29, 2023 08:18 AM

End of Article

About the Author

संबंधित खबरें

Leave a Reply

You must be logged in to post a comment.
Sponsored Links by Taboola