---विज्ञापन---

देश

अब मार्च से प्यासा रह जाएगा पाकिस्तान? रावी नदी पर बांध हुआ तैयार, क्या है भारत का प्लान

शाहपुर कंडी डैम के पूरा होने से रावी नदी का अतिरिक्त पानी अब भारत में ही इस्तेमाल होगा, जिससे जम्मू-कश्मीर और पंजाब के किसानों को बड़ा फायदा मिलेगा. लेकिन पहले से ही जल संकट से जूझ रहा पाकिस्तान बूंद-बूंद का मोहताज हो सकता है.

Author Written By: Varsha Sikri Updated: Feb 17, 2026 13:02
ravi river
Credit: Social Media

पिछले साल जम्मू-कश्मीर के पहलगाम में हुए आतंकी हमले के बाद भारत लगातार पाकिस्तान के प्रति कड़ा रुख अपना रहा है. भारतीय सेना ने ऑपरेशन सिंदूर के तहत पाकिस्तान में छिपे आतंकियों को मुंहतोड़ जवाब दिया और फिर मोदी सरकार ने सिंधु जल संधि को भी खारिज कर दिया गया. अब भारत ने रावी नदी के पानी को लेकर एक अहम कदम उठाया है. रावी नदी का वो पानी, जो पाकिस्तान के पास चला जाता था, अब भारत में ही इस्तेमाल किया जाएगा. ये बदलाव शाहपुर कंडी डैम के बनने से पूरा हो पाएगा.

ये भी पढ़ें: जर्मनी में आसिम मुनीर की किरकिरी, गार्ड ने मांग लिया ID कार्ड, वीडियो वायरल

---विज्ञापन---

मार्च में शुरू हो जाएगा डैम

सरकार के मुताबिक, शाहपुर कंडी डैम का काम अंतिम चरण में है और इसे मार्च 2026 तक पूरी तरह चालू कर दिया जाएगा. इसके बाद रावी नदी का पानी सीमा पार नहीं जाएगा, बल्कि भारत के किसानों के काम आएगा. इस परियोजना से जम्मू-कश्मीर के कठुआ और सांबा जिलों की करीब 32 हजार हेक्टेयर जमीन को सिंचाई के लिए पानी मिलेगा. इसके साथ ही पंजाब के हजारों किसान भी इसका फायदा उठा उठाएंगे. अब तक इन इलाकों में कई बार पानी की कमी की वजह से फसलें खराब हो जाती थीं, लेकिन डैम के चालू होने से ये समस्या काफी हद तक दूर हो जाएगी.

पहले पानी क्यों चला जाता था बाहर?

रावी नदी उन नदियों में शामिल है, जिन पर भारत का पूरा अधिकार है. लेकिन पहले पानी को रोकने और सही तरीके से इस्तेमाल करने के लिए पर्याप्त इंतजाम नहीं थे. इसी वजह से हर साल बड़ी मात्रा में पानी बिना उपयोग के पाकिस्तान की ओर बह जाता था. शाहपुर कंडी डैम बनने के बाद अब भारत अपने हिस्से के पानी का पूरा इस्तेमाल कर पाएगा और पाकिस्तान बस मुंह देखता रह जाएगा.

---विज्ञापन---

ये भी पढ़ें: जेल में अंधे हो रहे इमरान खान, कालकोठरी में तिल-तिल कर मर रहे पूर्व PM, घरवालों को नहीं दे रहे मिलने

खेती के साथ विकास को भी बढ़ावा

इस डैम से सिर्फ खेती को ही फायदा नहीं होगा, बल्कि जल संरक्षण भी बेहतर होगा. इससे इलाके के विकास को गति मिलेगी और भविष्य में बिजली उत्पादन की संभावनाएं भी बढ़ सकती हैं. साथ ही स्थानीय लोगों को रोजगार के अवसर भी मिल सकते हैं. भारत के इस कदम से पाकिस्तान बूंद-बूंद का मोहताज हो जाएगा. वो पहले ही जल संकट से जूझ रहा है. अब रावी नदी का पानी नसीब ना होने से पाकिस्तान के निचले इलाकों में पानी की भारी कमी हो सकती है.

First published on: Feb 17, 2026 12:04 PM

संबंधित खबरें

Leave a Reply

You must be logged in to post a comment.