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Aaj ka Panchang: आज काली जयंती पर भूलकर भी इस समय न करें शुभ कार्य, पढ़ें 15 अगस्त 2025 का पंचांग
Aaj ka Panchang: आज 15 अगस्त 2025, वार शुक्रवार को 79वां स्वतंत्रता दिवस तो है ही, साथ ही काली जयंती और मासिक कृष्ण जन्माष्टमी भी है। आइए अब जानते हैं शुक्रवार के दिन के शुभ-अशुभ मुहूर्त और ग्रह गोचर की स्थिति के बारे में।
Edited By :
Nidhi Jain
Updated: Aug 15, 2025 08:16
सांकेतिक फोटो, Credit- News24 Graphics
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Aaj ka Panchang 15 August 2025: हर साल भाद्रपद माह की कृष्ण पक्ष की सप्तमी तिथि को काली जयंती का पर्व मनाया जाता है, जिस दिन देवी दुर्गा के उग्र रूप मां काली की पूजा की जाती है। द्रिक पंचांग के अनुसार, आज सुबह 11 बजकर 50 मिनट तक भाद्रपद माह की कृष्ण पक्ष की सप्तमी तिथि रहेगी, जिसके बाद देर रात तक अष्टमी तिथि रहेगी। इसी वजह से आज काली जयंती का पर्व मनाया जा रहा है। हालांकि आज मासिक कृष्ण जन्माष्टमी भी है। आइए अब जानते हैं 15 अगस्त 2025 के पंचांग के बारे में।
नक्षत्र, करण, दिशा और योग
नक्षत्र की बात करें तो आज सुबह 07 बजकर 36 मिनट तक अश्विनी था, जिसके बाद अब भरणी चल रहा है। आज देर रात तक भरणी नक्षत्र रहेगा। इसके अलावा आज दोपहर 12 बजकर 58 मिनट से लेकर देर रात 11 बजकर 50 मिनट तक बव करण रहेगा। हालांकि इस समय विष्टि करण भी चल रहा है, जबकि दिन के अंत में बालव करण रहेगा। बता दें कि देवी लक्ष्मी और संतोषी माता को समर्पित आज शुक्रवार के दिन दिशा शूल पश्चिम रहेगी। साथ ही सुबह 10 बजकर 16 मिनट से वृद्धि योग का आरंभ होगा, जिससे पहले गण्ड योग रहेगा।
सूर्योदय, सूर्यास्त, चन्द्रोदय और चन्द्रास्त
आज सूर्योदय सुबह 05 बजकर 50 मिनट पर हो गया है, जिसके बाद अब शाम में 7 बजे सूर्यास्त होगा। इसके अलावा रात में 10 बजकर 46 मिनट पर चन्द्रोदय होने की संभावना है। जबकि चन्द्रास्त सुबह 11 बजकर 53 मिनट के आसपास हो सकता है।
संवत और चन्द्रमास
आज काली जयंती के शुभ दिन विक्रम संवत कालयुक्त 2082 है। जबकि गुजराती संवत नल 2081 और शक संवत विश्वावसु (1947) है। इसके अलावा पूर्णिमान्त भाद्रपद है। जबकि अमान्त श्रावण है। बता दें कि पूर्णिमान्त और अमान्त को चंद्रमास कहा जाता है।
आज 15 अगस्त 2025 को चंद्र ग्रह मंगल की राशि मेष में मौजूद रहेंगे। जबकि मिथुन राशि में शुक्र और गुरु मौजूद रहेंगे, जिसके स्वामी बुध देव हैं। सूर्य और बुध ग्रह की बात करें तो वो 15 अगस्त को देर रात तक कर्क राशि में रहेंगे, जिसके स्वामी चंद्र देव हैं। वहीं केतु ग्रह पूरे दिन सूर्य की राशि सिंह राशि में विराजमान रहेंगे। इसके अलावा मंगल देव बुध की राशि कन्या में, शनि देव गुरु की राशि मीन में और राहु शनि की राशि कुंभ में रहेंगे।
डिस्क्लेमर: यहां दी गई जानकारी ज्योतिष शास्त्र पर आधारित है तथा केवल सूचना के लिए दी जा रही है। News24 इसकी पुष्टि नहीं करता है।
Aaj ka Panchang 15 August 2025: हर साल भाद्रपद माह की कृष्ण पक्ष की सप्तमी तिथि को काली जयंती का पर्व मनाया जाता है, जिस दिन देवी दुर्गा के उग्र रूप मां काली की पूजा की जाती है। द्रिक पंचांग के अनुसार, आज सुबह 11 बजकर 50 मिनट तक भाद्रपद माह की कृष्ण पक्ष की सप्तमी तिथि रहेगी, जिसके बाद देर रात तक अष्टमी तिथि रहेगी। इसी वजह से आज काली जयंती का पर्व मनाया जा रहा है। हालांकि आज मासिक कृष्ण जन्माष्टमी भी है। आइए अब जानते हैं 15 अगस्त 2025 के पंचांग के बारे में।
नक्षत्र, करण, दिशा और योग
नक्षत्र की बात करें तो आज सुबह 07 बजकर 36 मिनट तक अश्विनी था, जिसके बाद अब भरणी चल रहा है। आज देर रात तक भरणी नक्षत्र रहेगा। इसके अलावा आज दोपहर 12 बजकर 58 मिनट से लेकर देर रात 11 बजकर 50 मिनट तक बव करण रहेगा। हालांकि इस समय विष्टि करण भी चल रहा है, जबकि दिन के अंत में बालव करण रहेगा। बता दें कि देवी लक्ष्मी और संतोषी माता को समर्पित आज शुक्रवार के दिन दिशा शूल पश्चिम रहेगी। साथ ही सुबह 10 बजकर 16 मिनट से वृद्धि योग का आरंभ होगा, जिससे पहले गण्ड योग रहेगा।
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सूर्योदय, सूर्यास्त, चन्द्रोदय और चन्द्रास्त
आज सूर्योदय सुबह 05 बजकर 50 मिनट पर हो गया है, जिसके बाद अब शाम में 7 बजे सूर्यास्त होगा। इसके अलावा रात में 10 बजकर 46 मिनट पर चन्द्रोदय होने की संभावना है। जबकि चन्द्रास्त सुबह 11 बजकर 53 मिनट के आसपास हो सकता है।
संवत और चन्द्रमास
आज काली जयंती के शुभ दिन विक्रम संवत कालयुक्त 2082 है। जबकि गुजराती संवत नल 2081 और शक संवत विश्वावसु (1947) है। इसके अलावा पूर्णिमान्त भाद्रपद है। जबकि अमान्त श्रावण है। बता दें कि पूर्णिमान्त और अमान्त को चंद्रमास कहा जाता है।
आज 15 अगस्त 2025 को चंद्र ग्रह मंगल की राशि मेष में मौजूद रहेंगे। जबकि मिथुन राशि में शुक्र और गुरु मौजूद रहेंगे, जिसके स्वामी बुध देव हैं। सूर्य और बुध ग्रह की बात करें तो वो 15 अगस्त को देर रात तक कर्क राशि में रहेंगे, जिसके स्वामी चंद्र देव हैं। वहीं केतु ग्रह पूरे दिन सूर्य की राशि सिंह राशि में विराजमान रहेंगे। इसके अलावा मंगल देव बुध की राशि कन्या में, शनि देव गुरु की राशि मीन में और राहु शनि की राशि कुंभ में रहेंगे।