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बांग्लादेश में नहीं बुझ रही हिंसा की आग, भीड़ ने फूंका BNP नेता का घर, मासूम बच्ची की मौत

बीएनपी नेता बेलाल की मां ने बताया कि दंगाइयों ने पहले घर का मुख्य दरवाजा बाहर से बंद किया और फिर पेट्रोल डालकर उसे आग के हवाले कर दिया. उन्होंने आरोप लगाया कि भीड़ लगातार नारे लगा रही थी और धमकी दे रही थी कि बीएनपी वालों को जिंदा नहीं छोड़ेंगे.

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Bangladesh Violence: बांग्लादेश में लगातार भड़क रही हिंसा थमने का नाम नहीं ले रही है. देश के लक्ष्मीपुर जिले में शनिवार देर रात गुस्साई भीड़ ने बांग्लादेश नेशनलिस्ट पार्टी (BNP) के एक स्थानीय नेता बेलाल हुसैन के घर में आग लगा दी, जिसमें उनकी 7 साल की बेटी की मौत हो गई. यह दर्दनाक घटना रात करीब 1 बजे हुई, जब बेलाल का परिवार घर के अंदर था और बाहर प्रदर्शनकारी नारे लगा रहे थे.

तीन लोगों की बची जान


स्थानीय पुलिस स्टेशन के ऑफिसर-इन-चार्ज मोहम्मद वाहिद परवेज ने घटना की पुष्टि की है. उन्होंने बताया कि आग लगने से एक बच्ची की मौके पर ही मौत हो गई, जबकि तीन लोग गंभीर रूप से झुलस गए. घायलों में बेलाल हुसैन और उनकी दो बेटियां 16 वर्षीय सलमा अख्तर और 14 वर्षीय सामिया अख्तर शामिल हैं. सभी को इलाज के लिए पहले स्थानीय अस्पताल ले जाया गया और फिर ढाका मेडिकल कॉलेज हॉस्पिटल के बर्न यूनिट में शिफ्ट किया गया, जहां डॉक्टरों ने उनकी हालत नाज़ुक बताई.

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दरवाजे पर ताला लगाकर डाला पेट्रोल


बीएनपी नेता बेलाल की मां ने बताया कि दंगाइयों ने पहले घर का मुख्य दरवाजा बाहर से बंद किया और फिर पेट्रोल डालकर उसे आग के हवाले कर दिया. उन्होंने आरोप लगाया कि भीड़ लगातार नारे लगा रही थी और धमकी दे रही थी कि बीएनपी वालों को जिंदा नहीं छोड़ेंगे. फिलहाल पुलिस ने इलाके में भारी बल तैनात किया है और मामले की जांच शुरू कर दी गई है.

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शरीफ उस्मान हादी की मौत के बाद हिंसा भड़की


बांग्लादेश में यह हिंसा उस्मान हादी की हत्या के बाद भड़क उठी, जो 2024 के छात्र-जन आंदोलन के प्रमुख नेता थे और जिन्होंने तत्कालीन प्रधानमंत्री शेख हसीना की सरकार के खिलाफ बड़ा आंदोलन चलाया था. 12 दिसंबर 2025 को मस्जिद से निकलते वक्त नकाबपोश हमलावरों ने हादी पर गोलियां चलाईं. बाद में उन्हें सिंगापुर ले जाया गया, जहां 18 दिसंबर को उनका निधन हो गया.

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First published on: Dec 21, 2025 10:07 PM

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About the Author

Akarsh Shukla

आकर्ष शुक्ला (Akarsh Shukla) एक अनुभवी पत्रकार हैं, जो पिछले 12 वर्षों से पत्रकारिता के क्षेत्र में सक्रिय हैं। वर्तमान में वो News 24 Digital टीम को शिफ्ट हेड के तौर पर लीड कर रहे हैं। आकर्ष शुक्ला ने India.com (ZEE Media), 'नवोदय टाइम्स' (पंजाब केसरी ग्रुप), 'ओपेरा न्यूज' और 'वनइंडिया' (डेली हंट) जैसे प्रतिष्ठित मीडिया संस्थानों में काम करके अपनी व्यापक पत्रकारिता क्षमता का परिचय दिया। उनकी विशेषज्ञता प्रिंट, डिजिटल मीडिया (वेबसाइट) और मोबाइल ऐप्स के माध्यम से खबरों को सजीव और प्रभावी रूप में पेश करने में है। देश-दुनिया की महत्वपूर्ण खबरों के साथ-साथ आकर्ष को मनोरंजन, लाइफस्टाइल, ट्रेंडिंग और खेल जगत की खबरों का भी बखूबी अनुभव है। आकर्ष शुक्ला, पत्रकारिता को सिर्फ एक पेशा नहीं, बल्कि समाज की आवाज और जनसंवाद का एक सशक्त माध्यम मानते हैं।

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आकर्ष शुक्ला (Akarsh Shukla) एक अनुभवी पत्रकार हैं, जो पिछले 12 वर्षों से पत्रकारिता के क्षेत्र में सक्रिय हैं। वर्तमान में वो News 24 Digital टीम को शिफ्ट हेड के तौर पर लीड कर रहे हैं। आकर्ष शुक्ला ने India.com (ZEE Media), 'नवोदय टाइम्स' (पंजाब केसरी ग्रुप), 'ओपेरा न्यूज' और 'वनइंडिया' (डेली हंट) जैसे प्रतिष्ठित मीडिया संस्थानों में काम करके अपनी व्यापक पत्रकारिता क्षमता का परिचय दिया। उनकी विशेषज्ञता प्रिंट, डिजिटल मीडिया (वेबसाइट) और मोबाइल ऐप्स के माध्यम से खबरों को सजीव और प्रभावी रूप में पेश करने में है। देश-दुनिया की महत्वपूर्ण खबरों के साथ-साथ आकर्ष को मनोरंजन, लाइफस्टाइल, ट्रेंडिंग और खेल जगत की खबरों का भी बखूबी अनुभव है। आकर्ष शुक्ला, पत्रकारिता को सिर्फ एक पेशा नहीं, बल्कि समाज की आवाज और जनसंवाद का एक सशक्त माध्यम मानते हैं।

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