पाकिस्तान का कहना है कि ऑपरेशन ऑपरेशन गजब-लिल-हक अभी भी जारी है. द डॉन अखबार ने सुरक्षा सूत्रों के हवाले से बताया कि अफगान तालिबान के खिलाफ पाकिस्तान का ऑपरेशन ऑपरेशन गजब-लिल-हक अभी भी जारी है. रिपोर्ट में सूत्रों ने कहा कि यह ऑपरेशन तब तक जारी रहेगा जब तक इसके उद्देश्य पूरे नहीं हो जाते.
Pakistan Afghanistan War Latest News : पाकिस्तान और अफगानिस्तान में डुरंड लाइन फिर जंग छिड़ गई है। दोनों देश एक दूसरे पर हमले कर रहे हैं। गत 22 फरवरी को हुए पाक हमले का जवाब देते हुए अफगान फोर्सेज ने बीती रात जवाबी कार्रवाई की तो सुबह पाकिस्तानी सेना ने ‘गजब लिल हक’ ऑपरेशन के तहत काउंटर अटैक किया। इस हवाई हमले का जवाब भी दिया गया और अब दोनों देशों की सेनाएं एक दूसरे पर काउंटर अटैक कर रही हैं।
पाकिस्तान का खुली जंग का ऐलान
पाकिस्तान के राष्ट्रपति आसिफ अली जरदारी ने अफगानिस्तान के हमले को संप्रभुता पर हमला बताया हैं। पाकिस्तान के रक्षा मंत्री ख्वाजा आसिफ ने भी अफगान तालिबान के खिलाफ ‘ओपन वॉर’ का ऐलान कर दिया है। डुरंड लाइन और तहरीक-ए-तालिबान पाकिस्तान को लेकर विवाद है। गत 22 फरवरी को इस्लामाबाद में हुए आतंकी हमले का साजिश रचने का आरोप लगा पाकिस्तान ने अफगानिस्तान पर हमला किया था तो बीती रात अफगानिस्तान ने काउंटर अटैक किया।
तालिबान की पलटवार की चेतावनी
पाकिस्तान ने अफगानिस्तान की कार्रवाई को अकारण हमला बताया और तुरंत जवाबी कार्रवाई करने का आदेश सेना को दिया। पाकिस्तान के राष्ट्रपति आसिफ अली जरदारी कहते हैं कि वे देश की एकता, संप्रभुता और शांति से किसी भी तरह का समझौता नहीं करेेंगे। दूसरी ओर, तालिबान के प्रवक्ता जबीहुल्लाह मुजाहिद ने भी संप्रभुता की रक्षा करते हुए पाकिस्तान को हर हमले का जवाब देने की चेतावनी दी है। दोनों देशों ने एक दूसरे को तबाह करने का संकल्प लिया है।
पाकिस्तान की खैबर पख्तूनख्वा सरकार ने प्रांत भर में ड्रोन उड़ाने पर तत्काल और पूर्ण प्रतिबंध लगा दिया है. यह प्रतिबंध अफगानिस्तान के साथ पाकिस्तान के संघर्ष के मद्देनजर लगाया गया है.
हालांकि, प्रांतीय गृह विभाग द्वारा जारी अधिसूचना में कहा गया है कि यह प्रतिबंध हॉल या पंडालों जैसी आंतरिक गतिविधियों की निगरानी के लिए छोटे ड्रोन के उपयोग और खुफिया एवं कानून प्रवर्तन एजेंसियों (एलईए) द्वारा ड्रोन के उपयोग पर लागू नहीं होता है. यह प्रतिबंध 30 दिनों तक लागू रहेगा.
सऊदी अरब और कतर तनाव कम करने की कोशिश में जुटे हैं. शुक्रवार को एएफपी को वार्ता की जानकारी रखने वाले एक सूत्र ने बताया कि सऊदी अरब और कतर पाकिस्तान और अफगानिस्तान के बीच घातक संघर्ष को रोकने के प्रयासों में लगे हुए हैं. पाकिस्तान द्वारा अफगानिस्तान के प्रमुख शहरों पर बमबारी करने और तालिबान के साथ "खुले युद्ध" की घोषणा करने के बाद संघर्ष के और अधिक बढ़ने की आशंकाओं के बीच यह राजनयिक प्रयास हो रहा है.
रात भर चले इस अभियान में पाकिस्तान ने अफगानिस्तान की राजधानी पर अब तक की सबसे व्यापक बमबारी की और 2021 में सत्ता में वापसी के बाद से तालिबान के दक्षिणी गढ़ पर यह पहला हवाई हमला था. संवेदनशील मामलों पर चर्चा करने के लिए नाम न छापने की शर्त पर सूत्र ने बताया, "सऊदी अरब, कतर के समन्वय से, पाकिस्तान और अफगानिस्तान के बीच तनाव कम करने के प्रयास कर रहा है." उन्होंने आगे कहा कि इसका लक्ष्य "स्थिति को शांत करना और इसे बेकाबू होने से रोकना" है.
अफगान सरकार ने पाकिस्तान के साथ संघर्ष सुलझाने के लिए 'संवाद' की इच्छा जताई. अफगानिस्तान सरकार ने शुक्रवार को कहा कि घातक संघर्ष के बाद पड़ोसी देश पाकिस्तान के साथ चल रहे संघर्ष को सुलझाने के लिए वह 'संवाद' चाहती है. तालिबान सरकार के प्रवक्ता जबिहुल्लाह मुजाहिद ने एक संवाददाता सम्मेलन में कहा, 'हमने बार-बार शांतिपूर्ण समाधान पर जोर दिया है और हम अब भी चाहते हैं कि समस्या का समाधान संवाद के माध्यम से हो.'
पाकिस्तान और अफगानिस्तान के बीच सीमा विवाद को लेकर जारी विवाद अब सैन्य संघर्ष में बदल चुका है. गुरुवार रात तालिबान ने पाकिस्तान के कई चौकियों पर हमला किया. अब खबर आ रही है कि अफगानिस्तान की सेना ने पाकिस्तान के पीएम शहबाज शरीफ के दफ्तर के करीब बड़ा एयरस्ट्राइक किया है. पीएम ऑफिस के करीब बड़े धमाके की आवाज सुनी गई.
पाकिस्तानी सेना के बार-बार किए जा रहे उल्लंघनों के जवाब में, हमारी वायु सेना ने उनके मुख्य सैन्य केंद्रों को सफलतापूर्वक निशाना बनाया है. हम अपनी संप्रभुता की रक्षा के लिए प्रतिबद्ध हैं.
अफगान तालिबान के रक्षा मंत्रालय (MoD) ने आज शुक्रवार को दावा किया कि अफगान वायु सेना ने पाकिस्तान के भीतर गहरे सैन्य ठिकानों पर सटीक हवाई हमले किए हैं. अफगान रक्षा मंत्रालय के प्रवक्ता के अनुसार, यह ऑपरेशन आज दोपहर लगभग 11:00 बजे लांच किया गया जब Islamabad स्थित प्रधानमंत्री कार्यालय के करीब स्थित सैन्य शिविर पर हमला बोला गया.
इसके अलावा तालिबानी फ़ौजियों ने Nowshera स्थित Cantonment | Jamrud स्थित सैन्य कॉलोनी और Abbotabad जैसे अहम सैन्य ठिकानों पर हमला किया. यह हमले पाकिस्तान द्वारा कल रात काबुल, कंधार और पक्तिया में किए गए हवाई हमलों के जवाब में किए गए. पाकिस्तान ने दावा किया था कि उसने ऑपरेशन गजब-लिल-हक के तहत 130 से अधिक तालिबान लड़ाकों को मार गिराया है.
सीमा पर तनाव पिछले एक हफ्ते से जारी था लेकिन अब इसने दोनों देशों के बीच खुली जंग का रूप ले लिया है.
रूस के विदेश मंत्रालय ने अफगानिस्तान और पाकिस्तान में संघर्ष पर प्रतिक्रिया व्यक्त की है। रूसी मंत्रालय ने सरकार की ओर से पाकिस्तान और अफगानिस्तान को हमले तुरंत रोकने और डिप्लोमैटिक तरीकों से अपने मतभेद सुलझाने की अपील की है।
अफगानिस्तान से पाकिस्तान के हमले से हुए नुकसान के वीडियो सामने आए हैं। जिनमें साफ देखा जा सकता है कि पाकिस्तान के हवाई हमलों से एयर स्ट्राइक से काबुल की धरती को कितना नुकसान पहुंचा है।
Video: Damage Left Behind by Last Night’s Attacks by Pakistan’s Military Regime on Civilian Homes and Sites in Kabul#tolonews_english pic.twitter.com/VNMBGsJ2Gs
— TOLOnews English (@TOLONewsEnglish) February 27, 2026
पाकिस्तान के विदेश मंत्रालय का अफगानिस्तान से टकराव पर बयान आया है। मंत्रालय की ओर से कहा गया है कि अफगानिस्तान में तालिबान के सत्ता में आने के बाद से पाकिस्तान में आतंकवादी हमले बढ़े हैं। पिछले 12 से 18 महीनों में हमले ज्यादा होने लगे हैं। आतंकी हमले सीमावर्ती इलाकों और अन्य संवेदनशील क्षेत्रों में हुए हैं, जिनका उद्देश्य पाकिस्तान की सुरक्षा व्यवस्था को नुकसान पहुंचाना और देश में आतंकवाद को बढ़ावा देना है।
अफगानिस्तान के चीफ ऑफ आर्मी स्टाफ कारी फसीहुद्दीन फितरत ने पाकिस्तान के खिलाफ जंग की कमान संभाल ली है। उन्होंने खुद इसकी जानकारी दी और कहा कि वे सीधे युद्ध अभियानों की निगरानी कर रहे हैं। सेना का मनोबल बढ़ा रहे हैं, ताकि वे पाकिस्तान के हर हमले का जवाब दें।
अफगानिस्तान से टकराव पर पाकिस्तान के प्रधानमंत्री शहबाज शरीफ का बयान आया है। उन्होंने कहा कि उनके देश की सेना किसी भी आक्रामक हमले का जवाब देने में सक्षम है। दुश्मन का फन कुचलकरी रख देने की क्षमता रखती है। पाकिस्तान सरकार के आधिकारिक एक्स पेज पर प्रधानमंत्री ने बयान जारी किया और भरोसा दिखाया कि देश की पूरी जनता पाकिस्तानी बलों के समर्थन में एकजुट है।
पाकिस्तान ने अफगान तालिबान के द्वारा किए हमलों के जवाब में ऑपरेशन गजब-लिल-हक शुरू किया है। इस ऑपरेशन के तहत गुरुवार देररात अफगानिस्तान पर हमला किया गया। पाकिस्तान की सीमा पर कई चौकियों और पोस्टों पर हमले किए गए। अब तक जवाबी कार्रवाई में 130 से ज्यादा तालिबानी लड़ाके मारे जा चुके हैं।
पाकिस्तान और अफगानिस्तान की जंग के बीच पाकिस्तान के उप-प्रधानमंत्री और विदेश मंत्री इशाक डार ने सऊदी अरब के विदेशी मंत्री प्रिंस फैसल बिन फरहान को फोन किया। सऊदी अरब के विदेश मंत्रालय ने इसकी पुष्टि की और बताया कि दोनों नेताओं ने क्षेत्रीय विकास और सुरक्षा को लेकर चर्चा की है। अफगानिस्तान से टकराव पर भी दोनों की बातचीत हुई है।
पाकिस्तान और अफगानिस्तान की जंग में ईरान चौधरी बनने आया है। ईरान का विदेश मंत्री अब्बास अराघची ने पाक-अफगान में मतभेदों को सुलझाने में मदद करने का ऑफर दिया है। उन्होंने कहा है कि रमजान के पवित्र महीने में आपस में लड़ना सही है। रमजान का महीना इस्लामिक एकता को मजबूत करने का महीना है। इसलिए अफगानिस्तान और पाकिस्तान अच्छे पड़ोसियों की तरह बातचीत करके मतभेदों को सुलझाएं। ईरान दोनों देशों के बीच बातचीत को आसान बनाने और समझ सहयोग को मजबूत करने में कोई भी मदद देने के लिए तैयार है।
در ماه مبارک رمضان، ماه خویشتنداری و تقویت همبستگی در جهان اسلام، شایسته است افغانستان و پاکستان اختلافات موجود را در چارچوب حسن همجواری و از مسیر گفتوگو مدیریت و حلوفصل کنند.جمهوری اسلامی ایران آماده هرگونه مساعدت در تسهیل گفتوگو و تقویت تفاهم و همکاری میان دو کشور، است. pic.twitter.com/5CI7M456aJ
— Seyed Abbas Araghchi (@araghchi) February 27, 2026
पाक रक्षा मंत्री ख्वाजा आसिफ ने अफगानिस्तान को सख्त संदेश दिया है कि हमारा सब्र खत्म, अब दमा दम मस्त कलंदर होगा। पाकिस्तान के रक्षा मंत्री ख्वाजा आसिफ ने तालिबान शासन को X पर दी चेतावनी है। उन्होंने लिखा कि सब्र खत्म। पाकिस्तान की फौज सात समंदर पार से नहीं आई और अफगान सेना की ताकत को बखूबी जानती है।
पाकिस्तान ने अपनी कमियों का ठीकरा एक बार फिर भारत पर फोड़ते हुए यह आरोप लगाया कि NATO की वापसी के बाद अफगानिस्तान को तालिबान ने भारत की कॉलोनी बना दिया। अब पाकिस्तान की फौजें तालिबान की आतंकी गतिविधियों का निर्णायक जवाब दे रही हैं। पाकिस्तान की सेना तालिबान को उसक मंसूबों में कामयाब नहीं होने देगी।
पाकिस्तान और अफगानिस्तान में बढ़ते टकराव पर संयुक्त राष्ट्र महासचिव एंटोनियो गुटेरेस ने चिंता व्यक्त की है। उन्होंने क्षेत्रीय अस्थिरता फैलने की आशंका जताई है। उन्होंने दोनों देशों से शांति बरतने की अपील की। बातचीत करके विवाद सुलझाने का आग्रह किया। उन्होंने कहा कि अंतरराष्ट्रीय समुदाय की नजरें टकराव पर हैं।
पाकिस्तान के गृह मंत्री मोहसिन नकवी ने बताया कि अफगानिस्तान के हमले का जवाब देते हुए पाक सेना ने हवाई हमले किए। काबुल और कंधार में बम धमाकों के साथ गोलीबारी की गई। जवाबी कार्रवाई में 36 अफगान लड़ाके मारे गए हैं। अफगान तालिबान ने बिना किसी उकसावे के फायरिंग शुरू की थी, जिसका मजबूरन जवाब देना पड़ा।
पाकिस्तान ने अफगानिस्तान के 55 सैनिकों के मारे जाने के दावे को खारिज किया है। पाक सेना का कहना है कि अफगानिस्तान के हमले में सिर्फ 2 सैनिक मारे गए और 3 घायल हुए हैं। रक्षा मंत्री ख्वाजा आसिफ के हर हमले का पलटवार करने के आदेश हैं। अफगानिस्तान को इस तरह संप्रभुता पर हमला नहीं करने दिया जाएगा।
अफगान रक्षा मंत्रालय ने दावा किया है कि 26 फरवरी की रात को 22 फरवरी के हमले का जवाब देते हुए डुरंड लाइन के पास हमला किया था। अफगान सेनाओं ने पकतिका, पकतिया, खोस्त, नंगरहार, कुनार और नूरिस्तान प्रांतों में बदले की कार्रवाई की। इस हमले में पाकिस्तान के सैन्य बेस, 19 पोस्ट कब्जे में ली गईं। 4 पोस्ट छोड़कर पाकिस्तानी सैनिक भाग गए। कई हथिथार और एक टैंक भी कब्जे में लिया गया है। वहीं पाकिस्तान के 55 सैनिक भी ढेर किए गए हैं।
अफगान फोर्सेज ने पाकिस्तान के फाइटर जेट को मार गिराने दावा किया है। आरोप है कि पाकिस्तान का लड़ाकू विमान अफगानिस्तान के हवाई क्षेत्र में घुसपैठ कर रहा था। अफगान रक्षा मंत्रालय ने दावा किया कि 4 घंटे तक पाकिस्तान पर हमले किए, जिसमें 2 सैन्य अड्डों और 19 चौकियों पर कब्जा किया गया। पाकिस्तानी सैनिकों को पकड़ा गया है और हथियार भी जब्त किए गए हैं।










