---विज्ञापन---

दुनिया angle-right

Iran Israel War: 5 देशों पर ईरान के हमले की असली वजह क्या? विदेश मंत्री अराघची ने किया खुलासा

Iran Israel War: इजरायल और अमेरिका के हमले के बाद ईरान के विदेश मंत्री अब्बास अराघची का बयान आया। उन्होंने अपने पड़ोसी और मित्र देशों पर हमले की वजह बताई। उन्होंने मित्र देशों को यह कहकर बहलाने का प्रयास किया कि हमला उन पर नहीं, बल्कि अमेरिका के सैन्य ठिकानों पर हुआ है।

---खबर नीचे जारी है---

Iran Israel War Update: इजरायल और अमेरिका के हमले के बाद ईरान ने दुबई, बहरीन, कतर, कुवैत और सऊदी अरब में पर हमला क्यों किया? ईरान के विदेश मंत्री अब्बास अराघची ने इसे लेकर बड़ा खुलासा किया है। NBC न्यूज को दिए इंटरव्यू में उन्होंने कहा कि ईरान ने फारस की खाड़ी में अपने सहयोगियों से संपर्क किया।

उन्हें समझाया कि ईरान का उन पर हमला करने का कोई इरादा नहीं है। ईरान ने सेल्फ डिफेंस में अमेरिका के सैन्य ठिकानों को निशाना बना रहे हैं। ईरान यह सोचकर चुप नहीं बैठ सकता कि दुश्मन के सैन्य ठिकाने उसके मित्र देशों में हैं। इसलिए वे यह न समझें कि हमला उन पर हुआ है, बल्कि हमला तो अमेरिका के सैन्य ठिकानों पर हुआ है।

---खबर नीचे जारी है---

अराघची का यह बयान अमेरिका और इज़राइल द्वारा इस्लामिक गणराज्य पर समन्वित हमले के कुछ घंटों बाद आया है, जिसमें राष्ट्रपति ट्रम्प ने वहां के नागरिकों से अपने नेताओं को सत्ता से हटाने का आह्वान किया था। अराघची ने कहा कि जब तक लाखों लोग तथाकथित शासन का समर्थन कर रहे हैं, तब तक सत्ता परिवर्तन संभव नहीं है।” उन्होंने आगे कहा कि संभावित सैन्य हमले को टालने के लिए, ईरानी अधिकारियों की एक टीम गुरुवार को जिनेवा में अमेरिकी विशेष दूत स्टीव विटकॉफ और ट्रम्प के दामाद जेरेड कुशनर के साथ बातचीत कर रही थी।

उन्होंने कहा कि हम ईरान के परमाणु कार्यक्रम से जुड़े गंभीर मुद्दों पर चर्चा करने में सक्षम रहे। हमारे बीच मतभेद तो हैं, लेकिन हमने उनमें से कुछ को सुलझा लिया है और हमने बाकी मुद्दों को सुलझाने का फैसला किया है।” उन्होंने यह भी कहा कि उन्हें नहीं पता कि बातचीत किस दिशा में आगे बढ़ रही है। ईरान में सत्ता परिवर्तन के मुद्दे पर विदेश मंत्री ने कहा कि यह असंभव है, क्योंकि देश की सरकार को जनता का समर्थन प्राप्त है। कुछ लोग शिकायत कर रहे हैं, लेकिन सत्ता के प्रबल समर्थक भी हैं। हमारे पास एक बहुत ही सुस्थापित राजनीतिक ढांचा है।

---खबर नीचे जारी है---

First published on: Mar 01, 2026 06:40 AM

End of Article

About the Author

Khushbu Goyal

खुशबू गोयल ने कुरुक्षेत्र यूनिवर्सिटी से पत्रकारिता में पोस्ट ग्रेजुएशन एवं एमफिल कोर्स किया है। 13 साल से डिजिटल मीडिया इंडस्ट्री से जुड़ी हूं। वर्तमान में BAG Convergence Limited के माल‍िकाना हक वाले News 24 हिंदी डिजिटल विंग से बतौर चीफ सब एडिटर जुड़ी हूं। चीफ सब एडिटर की भूमिका निभाते हुए यहां की कोर टीम का हिस्सा हूं। नेशनल, इंटरनेशनल, राजनीति, क्राइम, फीचर आदि टॉपिक कवर करती हूं। घूमने, खाने और शॉपिंग की शौकीन खुशबू को नए ट्रेंड, नई जगह और ऐडवेंचर की तलाश रहती है।

Read More
---विज्ञापन---
संबंधित खबरें
Sponsored Links by Taboola