Chemistry के पहले एग्जाम में फेल हुआ था...Moungi Bawendi ने सुनाई Nobel विनर बनने की कहानी
Edited By Khushbu Goyal

Nobel Winner Moungi Bawendi
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Nobel Winner Moungi Bawendi
Chemistry Nobel Prize Winner Moungi Bawendi Success Story: नैनो-टेक्नोलॉजी में क्वांटम डॉट्स पर खोज करके कैमिस्टी का नोबल अवार्ड जीतने वाले अमेरिकी वैज्ञानिक मौंगी जी. बावेंडी कॉलेज में कैमिस्ट्री के पहले एग्जाम में फेल हो गए थे। यह बात खुद बावेंडी ने अवार्ड की घोषणा होने के बाद पत्रकारों से बात करते हुए बताई। बावेंडी ने नोबल प्राइज मिलने पर खुशी जताई और कहा कि खुशी बयां नहीं कर पा रहा हूं, लेकिन अब जीवन पूरा हो गया।
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बावेंडी फ्रांसीसी और ट्यूनीशियाई मूल के एक अमेरिकी रसायन विशेषज्ञ हैं, जो ब्रूस कोलंबिया विश्वविद्यालय के MIT से पढ़े हैं। वह एकिमोव न्यूयॉर्क स्थित कंपनी नैनोक्रिस्टल टेक्नोलॉजी में चीफ साइंटिस्ट भी हैं। उनके साथ अमेरिकी वैज्ञानिक लुईस ब्रूस और एलेक्सी एकिमोव को भी कैमिस्ट्री का नोबल प्राइज दिया गया है, जिनकी घोषणा 4 अक्टूबर 2023 को की गई।
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वहीं अवार्ड मिलने के बाद पत्रकारों से बातचीत में बावेंडी कहते है कि रात को फोन कॉल से अवार्ड मिलने की जानकारी मिली, इसके बाद रातभर सो नहीं सका। कई पुरानी चीजें दिमाग में घूमने लगीं। इन्हीं में से एक बात जो याद आई कि कॉलेज में कैमिस्ट्री के पहले एग्जाम में फेल हुआ था। 100 में से 20 नंबर आए थे। बहुत बुरा लगा था, लेकिन उसके बाद पीछे मुड़ कर नहीं देखा।
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62 वर्षीय बावेंडी ने बताया कि 1970 के दशक के अंत में हार्वर्ड विश्वविद्यालय में एडमिशन लिया। पूरा साल मेहनत के बाद कैमिस्ट्री का पेपर देने बैठा, पहला प्रश्न देखा, लेकिन वह समझ नहीं आया। दूसरे प्रश्न को भी नहीं समझ सका। 100 में से 20 अंक मिले, जो पूरी क्लास में सबसे कम थे। घर में डांट भी पड़ी, तब सोचा कि मैं कर क्या रहा हूं, जबकि कैमिस्ट्री में मेरी काफी रुचि थी।
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बावेंडी बताते हैं कि इसके बाद उन्होंने एग्जाम की तैयारी करने और एग्जाम देने की कला सीखी। यह सीखा की कैमिस्टी को कैसे आसान तरीकों से समझा और समझाया जाए। काफी कोशिशों के बाद सफल हुआ और उसके बाद हर एग्जाम में 100 नंबर लिए, जिसका नतीजा यह है कि आज मुझे नोबल प्राइज मिला। अब खुद पर और खुद की कोशिशों पर गर्व महसूस हो रहा है।
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