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OMG!70 लाख का गेहूं खा गए कीड़े, मध्य प्रदेश के मंडला में मार्कफेड के अधिकारियों का लापरवाही आई सामने

मार्कफेड के अधिकारियों की लापरवाही के चलते 70 लाख का गेहूं खराब हो गया है. जिला प्रबंधक के नोटिस दिए जाने के बाद भी लापरवाही बरती गई और गरीबों को राशन का नुकसान करा दिया गया. पढ़ें विपिन श्रीवास्तव की रिपोर्ट...

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मध्य प्रदेश के मंडला जिले में सरकार और सरकारी अधिकारियों की लापरवाही सामने आई है. मंडला जिले के खैरी में मार्कफेड का सरकारी गोदाम है, जहां गरीबों को बांटने के लिए करोड़ों के गेहूं का स्टॉक रखा गया है, लेकिन अधिकारियों की लापरवाही के कारण कीड़े करीब 70 लाख का गेहूं चट कर गए. सरकारी गोदाम से सामने आए वीडियो सरकारी कार्यप्रणाली पर सवाल खड़े करने वाली हैं. गोदाम में रखी गेहूं की बोरियां कुतरकर कीड़े गेहूं खा चुके हैं और सरकार को 70 लाख का चूना लगा चुके हैं.

किसानों से खरीदा गया था खराब हुआ गेहूं

मार्कफेड यानि राज्य सहकारी विपणन संघ ने गेहूं किसानों से न्यूनतम समर्थन मूल्य (MSP) पर खरीदा था, जिसका भंडारण भी मार्कफेड अपने गोदाम में कर रहा था. यह गेहूं सार्वजनिक वितरण प्रणाली के जरिए गरीब और पात्र हितग्राहियों तक पहुंचाया जाना था, लेकिन इसमें से करीब 70 लाख का गेहूं खराब हो गया. वहीं गेहूं में कीड़ा लगने के बाद गोदाम में बाकी बची हजारों क्विंटल गेहूं को कीड़ों से बचाने के लिए दवा का इस्तेमाल किया जा रहा है. लेकिन अधिकारियों की लापरवाही से गरीबों का राशन खराब हो गया है, यह सच है.

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जिला प्रबंधक ने गोदाम प्रभारी को दिया नोटिस

मध्य प्रदेश सिविल स्टेट जिला प्रबंधक हेमंत वर्मा का कहना है जो गेहूं सड़ा या खराब पाया गया है, वो बाहर से लाया हुआ गेहूं था, जिसे मार्कफेड ने गोदाम मे रखा गया था. 20 दिन पहले गोदाम का निरक्षण किया था और गेहूं की खराब स्थिति को देखकर गोदाम प्रभारी को नोटिस भी थमाया था. करीब 9000 बोरियां रखी हैं, जिनमें से 3000 बोरियों का गेहूं खराब है, बाकी बोरियां सुरक्षित है. गोदाम के अंदर बाहर के टैग की गेहूं खराब हुई है, बाकी सुरक्षित हैं, उन्हें साफ किया जाएगा. सरकारी गेहूं के नुकसान की भरपाई गोदाम प्रभारी से की जाएगी.

First published on: Aug 13, 2026 01:36 PM

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About the Author

Khushbu Goyal

खुशबू गोयल News24 हिंदी डिजिटल में चीफ सब एडिटर के पद पर कार्यरत हैं. वेब जर्नलिज्म में 13 साल का अनुभव रखने वाली खुशबू गोयल राष्ट्रीय, अंतरराष्ट्रीय और राज्यस्तरीय न्यूज और चुनावी कवरेज करती हैं. खुशबू गोयल ने अक्टूबर 2013 में अमर उजाला डिजिटल से अपने करियर की शुरुआत की थी, जहां 7 साल सेवाएं देने के बाद साल नवंबर 2020 में दैनिक भास्कर डिजिटल जॉइन किया और सितंबर 2023 से News24 के डिजिटल में सेवाएं दे रही हैं. 13 साल के करियर में खुशबू गोयल ने नेशनल, इंटरनेशनल, पॉलिटिकल, क्राइम टॉपिक कवर करने में विशेषज्ञता हासिल की. खुशबू गोयल का पत्रकारिता में अनुभव: 13 साल योग्यता: कुरुक्षेत्र विश्वविद्यालय के IMC&MT इंस्टीट्यूट से मास्टर ऑफ कम्युनिकेशन एंड जर्नलिज्म (MJ) के बाद जर्नलिज्म में MPhil की डिग्री ली. खुशबू गोयल ने 2014, 2019 और 2024 के लोकसभा चुनाव की विस्तृत रिपोर्टिंग की है, जिसमें उन्हें ग्राउंड कवरेज करने का भी अनुभव है. इसके अलावा पिछले 13 साल में विभिन्न राज्यों में हुए विधानसभा चुनाव को भी उन्होंने फील्ड रिपोर्टिंग के साथ कवर किया.

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