MP Politics: अरुण यादव का अजय सिंह ने किया समर्थन, 'विधायक दल चुनता है मुख्यमंत्री

ajay singh supported arun yadav cm face statement

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MP Politics: मध्य प्रदेश में एक तरफ कांग्रेस विधानसभा चुनाव की तैयारियों में जुटी है। लेकिन कुछ दिन पहले कांग्रेस के पूर्व प्रदेश अध्यक्ष अरुण यादव के कांग्रेस में मुख्यमंत्री पद के चेहरे को लेकर दिए गए एक बयान पर जमकर सियासत देखने को मिल रही है। अरुण यादव के बयान का अब पूर्व नेता प्रतिपक्ष अजय सिंह ने भी समर्थन किया है।

‘विधायक दल चुनता है मुख्यमंत्री’

दरअसल, पूर्व नेता प्रतिपक्ष अजय सिंह से जब अरुण यादव के बयान पर सवाल किया गया तो उन्होंने अरुण यादव के बयान का समर्थन करते हुए कहा कि ‘कांग्रेस की परंपरा रही है कि सीएम चेहरा घोषित नहीं होता। केंद्रीय नेतृत्व और विधायक दल ही सीएम चुनता है। कोई व्यक्ति अपने आप को सीएम नहीं बताता।

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मैं भावी विधायक बनना चाहता हूं

अजय सिंह ने चुटकी लेते हुए कहा कि ‘यह कोई नई बात नहीं है। जब भी चुनाव हुए हैं, कांग्रेस की परंपरा रही है कि विधायक दल ही नेता चुनता है। अगर कोई यह कहता हैं कि मैं भावी मुख्यमंत्री हूं तो फिर मैं यही कह सकता हूं की मैं भावी विधायक बनना चाहता हूं और कुछ नहीं कहना।’ अजय सिंह के इस बयान को तंज के तौर पर भी देखा जा रहा है। खास बात यह है कि अजय सिंह 2018 का विधानसभा चुनाव हार गए थे। लेकिन वह एक फिर आगामी चुनाव लड़ने की तैयारी में नजर आ रहे हैं।

क्या एमपी कांग्रेस में है गुटबाजी ?

दरअसल, अरुण यादव अजय सिंह जैसे दिग्गज नेताओं के बयानों को एमपी कांग्रेस में गुटबाजी से जोड़कर भी देखा जा रहा है। राजनीतिक जानकारों का मानना है कि बडे़ नेताओं में इस तरह के बयान बहुत कुछ इशारा करते हैं। हालांकि एक दिन पहले ही कमलनाथ खुद यह तय कर चुके हैं कि वह किसी चेहरे या पद की खोज में नहीं है, मैंने बहुत कुछ अपने जीवन में प्राप्त कर लिया। लेकिन नेताओं की इस बयानबाजी से प्रदेश का सियासी पारा जरूर गर्माया हुआ है।

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कमलनाथ को बताया जा चुके हैं भावी मुख्यमंत्री

दरअसल, यह पूरा मामला साल 2023 की शुरुआत से हुआ है। नए साल की शुभकामनाओं के लिए कांग्रेस की तरफ से नेताओं ने जो पोस्टर लगवाएं उन्हें पीसीसी चीफ कमलनाथ को भावी मुख्यमंत्री बताया गया। क्योंकि कमलनाथ ही प्रदेश अध्यक्ष है, जबकि फिलहाल एमपी कांग्रेस में सभी फैसले उनके ही द्वारा लिए जा रहे हैं। लेकिन अरुण यादव और अजय सिंह के बायनों के बाद अब नए सिरे से इस मुद्दे पर जमकर चर्चा हो रही है।

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