---विज्ञापन---

MP में कांग्रेस की सरकार बनी तो कमलनाथ होंगे कैप्टन, जानें कैबिनेट में हो सकते हैं कौन-कौन से बड़े चेहरे

Election Result 2023 : मध्य प्रदेश में मौजूदा नेता प्रतिपक्ष गोविंद सिंह समेत कई चेहरे हैं, जिन्हें कांग्रेस की सरकार आई तो कमलनाथ की कैबिनेट में जगह मिल सकती है। इनके नामों पर चर्चाओं का दौर जारी है।

Edited By : Balraj Singh | Updated: Dec 3, 2023 07:23
Share :

Madhya Pradesh Election Result Live 2023: मध्य प्रदेश में भले ही एग्जिट पोल के अधिकांश नतीजे कांग्रेस के हक में न रहे हों, लेकिन कांग्रेसी बिल्कुल निराश नहीं हैं। कांग्रेस को पूरी उम्मीद है कि मध्यप्रदेश में इस बार कांग्रेस की सरकार बनेगी। असली तस्वीर तीन दिसंबर को साफ होगी। इस दिन पता चलेगा कि मध्य प्रदेश की सत्ता किसके हाथ आएगी। इसका इंतजार सभी को है। इसके साथ ही इस बात का भी इंतजार है कि यदि कांग्रेस की सरकार बनती है तो यहां कौन कौन बड़ा नेता मंत्री बनेगा यानि कैबिनेट में बड़े चेहरे कौन-कौन होंगे। हालांकि वरिष्ठ पत्रकार मानते हैं कि कमलनाथ की सरकार इस बार बनती है तो उनके कैबिनेट में सीनियर और जूनियर दोनों का मिश्रण देखने को मिलेगा। तीन दिसंबर को चुनाव नतीजे आने के बाद पता चलेगा कि प्रदेश में किसकी सरकार बन रही है और कौन-कौन से बड़े चेहरे सरकार में शामिल होंगे।

कांग्रेस की सरकार बनी तो कमलनाथ होंगे कैप्टन

इस बार के चुनाव में जिस तरह से कांग्रेस ने बैटिंग की उससे पार्टी को लग रहा है कि उसकी सरकार फिर से मध्य प्रदेश में बन सकती है। प्रदेश में अगर कांग्रेस की सरकार बनती है तो कमलनाथ उसके कैप्टन होंगे। कमलनाथ अपनी टीम में अनुभवी और जानकार लोगों को अपनी टीम में जगह देने की पूरी कोशिश करेंगे। ऐसे में कांग्रेस में भी कई दिग्गज हैं जो सरकार में मलाईदार विभाग चाहेंगे।

गोविंद सिंह : मौजूदा विधानसभा में नेता प्रतिपक्ष और कद्दावर नेता गोविंद सिंह को कांग्रेस सरकार में बड़ी जिम्मेदारी मिल सकती है। लहार से सात बार के विधायक और सिंधिया के बीजेपी में जाने के बाद गोविंद सिंह कांग्रेस का ग्वालियर चंबल में सबसे बड़े नेता हैं।

News24 Whatsapp Channel

अजय सिंह : चुनाव जीतने के बाद कांग्रेस की सरकार में पूर्व मुख्यमंत्री अर्जुन सिंह के बेटे अजय सिंह को भी बड़ा पद मिल सकता है। अजय सिंह विंध्य संभाग के सबसे बड़े नेता माने जाते हैं और दिग्विजय सिंह की सरकार में मंत्री रहे हैं। हालांकि पिछला चुनाव हारने की वजह से वह मंत्री नहीं बन पाए थे।

मुकेश नायक : कमलनाथ की सरकार में मुकेश नायक भी मंत्री बन सकते हैं। मुकेश नायक बुंदेलखंड में कांग्रेस का ब्राह्मण चेहरा हैं। वह दिग्विजय सिंह की सरकार में मत्री रह चुके हैं। इसके अलावा दिल्ली दरबार में मुकेश नायक की अच्छी पकड़ है।

लाखन सिंह यादव : ग्वालियर चंबल में कांग्रेस का बड़ा ओबीसी चेहरा माने जाते लाखन सिंह यादव भी कांग्रेस की कमलनाथ सरकार में मंत्री बन सकते हैं। इनकी गिनती जमीनी नेताओं में होती है।

यह भी पढ़ें: MP Assembly Election : रोचक हैं 5 सीटों के मुकाबले; कहीं भाई-भाई में तो कहीं समधी-समधन में खिंची सियासी दीवार

सचिन यादव : निमाड़ में कांग्रेस के दिग्गज नेता सुभाष यादव के बेटे सचिन यादव पिछली बार कमलनाथ सरकार में मंत्री रह चुके हैं। उन्होंने पिता की विरासत को सचिन यादव ने बखूबी संभाला है। इस बार फिर से कमलनाथ कैबिनेट में सचिन यादव कोई मंत्रालय पा सकते हैं।

तरुण भनोट : जबलपुर से आने वाले तरुण भनोट को भी कमलनाथ सरकार में बड़ा पद मिल सकता है। तरुण भनोट को कमलनाथ का करीबी माना जाता है। पिछली कमलनाथ सरकार ने इनको वित्त मंत्री बनाया था।

बाला बच्चन : पिछली बार कमलनाथ की सरकार में गृह मंत्री रहे बाला बच्चन को इस बार भी बड़ा मंत्री पद मिल सकता है। बाला बच्चन निमाड़ इलाके में कांग्रेस का आदिवासी चेहरा हैं। बाला बच्चन कमलनाथ के गुड बुक में हैं।

उमंग सिंघार : कांग्रेस की सरकार बनती है तो उमंग सिंघार फिर से मंत्री बन सकते हैं। उमंग सिंघार आदिवासियों के उभरते हुए नेता हैं। आदिवासी वोटरों पर इनकी अच्छी पकड़ है और दिल्ली का आशीर्वाद इनके उपर हमेशा से रहा है।

Madhya Pradesh Assembly Election Result 2018 : 230 सीटों का कुछ ऐसा रहा हाल, जानिए किसे मिली जीत और कौन हारा

हनी बघेल : दिग्विजय सिंह के कट्टर समर्थक हनी बघेल को सरकार में मंत्री पद मिल सकता है। हनी बघेल की धार के आदिवासियों पर अच्छी पकड़ है। पिछली सरकार में ये मंत्री रहे चुके हैं।

जयवर्धन सिंह : कमलनाथ की सरकार में मंत्री रहे जयवर्धन सिंह इस बार फिर से मंत्री बन सकते हैं। पूर्व मुख्यमंत्री दिग्विजय सिंह के बेटे और युवाओं में अच्छी पकड़ रखने वाले जयवर्धन सिंह का कांग्रेस सरकार में मंत्री बनना तय है।

प्रियव्रत सिंह : कमलनाथ और दिग्विजय सिंह दोनों के साथ अच्छे संबंध रखते प्रियव्रत सिंह एक बार फिर से कमलनाथ सरकार में अहम पद की जिम्मेदारी संभाल सकते हैं। इनका मंत्री बनना लगभग तय माना जा रहा है।

सज्जन सिंह : कमलनाथ के करीबी नेताओं में गिने जाते सज्जन सिंह वर्मा कांग्रेस में बड़ा दलित चेहरा हैं। उम्मीद जताई जा रही है कि वह भी कमलनाथ सरकार में मंत्री बन सकते हैं।

विजयलक्ष्मी साधौ : निमाड़ में कांग्रेस से दलित वर्ग की एकमात्र महिला नेता भी कमलनाथ सरकार मंत्री बन सकती है। विजय लक्ष्मी साधौ महिला कोटे से मंत्री बनाए जाने की संभावनाएं प्रबल हैं।

यह भी पढ़ें: ‘बेरोजगारी MP में सबसे कम, तेलंगाना में सर्वाधिक अमीर’; 5 राज्यों में Assembly Election पर बैंक ऑफ बड़ौदा की रिपोर्ट

ओमकार सिंह मरकाम : महाकौशल से आदिवासियों के बड़े नेता ओमकार सिंह मरकाम भी मंत्री बन सकते हैं। ओमकार सिंह मरकाम सीधे राहुल गांधी से जुड़े हुए हैं। वह एमपी के एक मात्र नेता जो कांग्रेस चुनाव समिति के सदस्य हैं।

राजेंद्र सिंह : विंध्य संभाग में कमलनाथ के सबसे विश्वसनीय नेताओं सबसे ऊपर माने जाते पूर्व विधानसभा उपाध्यक्ष राजेंद्र सिंह को भी मंत्री प्रभार मिलने के पूरे आसार हैं।

कमलेश्वर पटेल : विंध्य में कांग्रेस के बड़े ओबीसी लीडर कमलेश्वर पटेल दिल्ली में कांग्रेस नेताओं से सीधा संपर्क रखते हैं। अनुमान है कि ये भी कमलनाथ कैबिनेट के मंत्री हो सकते हैं।

दिलीप गुर्जर : मध्य प्रदेश के गुर्जर समाज में दिलीप गुर्जर का अच्छा-खासा प्रभाव है।लगातार चुनाव जीतने के चलते मंत्री बनने के पूरी संभावना है।

आरिफ मसूद :  मुस्लिम समाज में आरिफ मसूद की अच्छी लोकप्रियता है और इसी का फायदा उन्हें कैबिनेट में जगह के रूप में मिल सकता है। मुस्लिम कोटे से मंत्री बनाया जा सकता है।

यह भी पढ़ें : एग्जिट पोल के नतीजे परिणाम में बदले तो MP में कौन होगा भाजपा का CM फेस, कैबिनेट में कौन-कौन से चेहरे?

रामनिवास रावत : माना जा रहा है कि रामनिवास रावत भी कांग्रेस सरकार में मंत्री बन सकते हैं। जहां तक कारण की बात है, सिंधिया के कट्टर समर्थक होने के बाद भी कांग्रेस पार्टी नहीं छोड़ने का फायदा रामनिवास रावत को मिल सकता है।

केपी सिंह : दिग्विजय सिंह के करीबी नेताओं में से एक केपी सिंह को इस बार मंत्री बनाया जा सकता है। हालांकि पिछली बार कमलनाथ कैबिनेट में इन्हें जगह नहीं मिली थी, लेकिन इस बार इनके मंत्री बनने की पूरी संभावना है।

जीतू पटवारी : कमलनाथ सरकार में बड़ा मंत्री पद संभाल सकते हैं। जीतू पटवारी कांग्रेस के उभरते हुए युवा लीडर हैं। जीतू पटवारी का न सिर्फ खाती समाज पर खासा प्रभाव है, बल्कि राहुल गांधी के भी वह करीबी माने जाते हैं।

लखन घनघौरिया : दलित वर्ग से आने वाले लखन घनघौरिया को महाकौशल संभाग में दलित वर्ग को प्रतिनिधित्व देने के चलते मौका मिल सकता है। घनघौरिया की गिनती कमलनाथ के करीबी नेताओं में होती है।

First published on: Dec 02, 2023 04:54 PM

Get Breaking News First and Latest Updates from India and around the world on News24. Follow News24 on Facebook, Twitter.

संबंधित खबरें