देशभर का नर्सिंग स्टाफ भड़का, महिला आयोग की चेयरपर्सन रेणू भाटिया को हटाने की मांग, जानें क्या है विवाद?
हरियाणा महिला आयोग की चेयरपर्सन रेणू भाटिया की ओर से नर्सिंग ऑफिसर्स पर की गई टिप्पणी के बाद से देशभर के नर्सिंग ऑफिसर्स विरोध में उतर आए हैं. कुरुक्षेत्र अस्पताल के नर्सिंग स्टाफ ने सोमवार को दो घंटे हड़ताल कर नारेबाजी की. हरियाणा नर्सिंग ऑफिसर्स वेलफेयर एसोसिएशन की प्रधान विनीता कुमारी ने मंगलवार से विरोधस्वरूप प्रदेश में 10 से 12 बजे तक पेन डाउन स्ट्राइक का आह्वान किया है.
Edited By : Versha Singh|Updated: Jun 9, 2026 11:48
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हरियाणा महिला आयोग की चेयरपर्सन रेणू भाटिया की ओर से नर्सिंग ऑफिसर्स पर की गई टिप्पणी के बाद से देशभर के नर्सिंग ऑफिसर्स विरोध में उतर आए हैं. कुरुक्षेत्र अस्पताल के नर्सिंग स्टाफ ने सोमवार को दो घंटे हड़ताल कर नारेबाजी की. हरियाणा नर्सिंग ऑफिसर्स वेलफेयर एसोसिएशन की प्रधान विनीता कुमारी ने मंगलवार से विरोधस्वरूप प्रदेश में 10 से 12 बजे तक पेन डाउन स्ट्राइक का आह्वान किया है.
वहीं, रोहतक पीजीआइएमएस की ओर से दो दिनों तक नर्सिंग स्टाफ द्वारा काले बैच लगाकर शांतिपूर्वक प्रदर्शन करने का ऐलान किया गया है.
पद से हटाने की मांग
ऑल इंडिया गवर्नमेंट नर्सेज फेडरेशन ने मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी को एक पत्र लिखा है. मिली जानकारी के अनुसार, पत्र में चेयरपर्सन रेणू भाटिया को पद से हटाने की मांग की गई है. साथ ही उनके खिलाफ केस दर्ज करने का भी अनुरोध किया गया है.
रेणू भाटिया ने लगाए थे ये आरोप
चेयरपर्सन रेणू भाटिया रविवार को डॉक्टर द्वारा नाबालिग से दुष्कर्म करने के मामले में पीड़िता से मिलने एलएनजेपी अस्पताल पहुंची थीं. उन्होंने कहा था कि ऐसे चिकित्सक जिस पर पहले भी आरोप लगे हों, उसके पास नाबालिग को अकेला क्यों छोड़ा गया. उन्होंने नर्सिंग स्टाफ पर सवाल उठाए थे.
प्रदेशभर में हो रहा विरोध
रेणु भाटिया के इस बयान पर सोमवार को कुरुक्षेत्र सिविल अस्पताल में वर्क सस्पेंड रखा गया था, लेकिन अब यह विरोध प्रदेश भर में शुरू हो गया है. जिसके बाद हरियाणा नर्सिंग एसोसिएशन ने पूरे प्रदेश में सुबह 10 बजे से दोपहर 12 बजे तक हड़ताल की कॉल ली है.
एसोसिएशन की प्रदेश प्रधान विनीता का कहना है कि नर्सिंग स्टाफ के मान- सम्मान को ठेस पहुंचाई गई है. महिला आयोग अध्यक्ष को भी समझना चाहिए कि सामने नर्सिंग ऑफिसर भी महिलाएं ही हैं, जिनकी सार्वजनिक तौर पर बेइज्जती की गई.
क्या है पूरा मामला?
दरअसल, 7 जून को कुरुक्षेत्र के LNJP (लोकनायक जयप्रकाश) सिविल अस्पताल में रेणू भाटिया ने प्रिंसिपल मेडिकल ऑफिसर (PMO) डॉ. साराह अग्रवाल समेत ड्यूटी पर तैनात नर्सिंग स्टाफ को जमकर फटकार लगाई थी. भाटिया 15 वर्षीय लड़की के रेप मामले में दौरा करने पहुंची थी.
इस दैरान उन्होंने एक नर्स से पूछा था- क्या आपकी भी बेटी है? नर्स के हां में जवाब देने पर उन्होंने कहा, क्या आप अपनी बेटी को 15 मिनट के लिए भी किसी कमरे में अकेला छोड़ सकती हैं? फिर इस बच्ची को अकेला कैसे छोड़ दिया गया?
29 मई को हुआ था लड़की से रेप
29 मई को कुरुक्षेत्र के एक गांव की 15 साल की लड़की अपने पिता को भर्ती कराने अस्पताल आई थी. उसके पिता को भर्ती कर लिया गया था. इसी दौरान लड़की ने भी पेट में दर्द की शिकायत की, जिसके बाद उसने OPD में जांच कराई. वहां डॉक्टर शैली ने उसे फीमेल वार्ड में भर्ती कर लिया. आरोप है कि इसी दौरान डॉक्टर शैली ने लड़की को OPD में ले जाकर कई बार उसके साथ रेप किया.
जब लड़की को ब्लीडिंग हुई तो उसे इमरजेंसी में भर्ती कराया गया. इसके बाद लड़की ने सीनियर डॉक्टरों को अपने साथ हुए रेप की जानकारी दी. इसके बाद डॉ. शैली अस्पताल छोड़कर फरार हो गया. 31 मई को डॉ. शैली के खिलाफ केयूके थाने में पॉक्सो एक्ट की विभिन्न धाराओं के तहत मामला दर्ज किया गया. इसके बाद स्वास्थ्य विभाग ने शैली की सेवाएं समाप्त कर दीं. 1 जून को पुलिस ने उसे गिरफ्तार कर लिया. पुलिस की गिरफ्त में आने के बाद आरोपी डॉक्टर ने कहा कि "मुझसे गलती हो गई".
हरियाणा महिला आयोग की चेयरपर्सन रेणू भाटिया की ओर से नर्सिंग ऑफिसर्स पर की गई टिप्पणी के बाद से देशभर के नर्सिंग ऑफिसर्स विरोध में उतर आए हैं. कुरुक्षेत्र अस्पताल के नर्सिंग स्टाफ ने सोमवार को दो घंटे हड़ताल कर नारेबाजी की. हरियाणा नर्सिंग ऑफिसर्स वेलफेयर एसोसिएशन की प्रधान विनीता कुमारी ने मंगलवार से विरोधस्वरूप प्रदेश में 10 से 12 बजे तक पेन डाउन स्ट्राइक का आह्वान किया है.
वहीं, रोहतक पीजीआइएमएस की ओर से दो दिनों तक नर्सिंग स्टाफ द्वारा काले बैच लगाकर शांतिपूर्वक प्रदर्शन करने का ऐलान किया गया है.
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पद से हटाने की मांग
ऑल इंडिया गवर्नमेंट नर्सेज फेडरेशन ने मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी को एक पत्र लिखा है. मिली जानकारी के अनुसार, पत्र में चेयरपर्सन रेणू भाटिया को पद से हटाने की मांग की गई है. साथ ही उनके खिलाफ केस दर्ज करने का भी अनुरोध किया गया है.
रेणू भाटिया ने लगाए थे ये आरोप
चेयरपर्सन रेणू भाटिया रविवार को डॉक्टर द्वारा नाबालिग से दुष्कर्म करने के मामले में पीड़िता से मिलने एलएनजेपी अस्पताल पहुंची थीं. उन्होंने कहा था कि ऐसे चिकित्सक जिस पर पहले भी आरोप लगे हों, उसके पास नाबालिग को अकेला क्यों छोड़ा गया. उन्होंने नर्सिंग स्टाफ पर सवाल उठाए थे.
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प्रदेशभर में हो रहा विरोध
रेणु भाटिया के इस बयान पर सोमवार को कुरुक्षेत्र सिविल अस्पताल में वर्क सस्पेंड रखा गया था, लेकिन अब यह विरोध प्रदेश भर में शुरू हो गया है. जिसके बाद हरियाणा नर्सिंग एसोसिएशन ने पूरे प्रदेश में सुबह 10 बजे से दोपहर 12 बजे तक हड़ताल की कॉल ली है.
एसोसिएशन की प्रदेश प्रधान विनीता का कहना है कि नर्सिंग स्टाफ के मान- सम्मान को ठेस पहुंचाई गई है. महिला आयोग अध्यक्ष को भी समझना चाहिए कि सामने नर्सिंग ऑफिसर भी महिलाएं ही हैं, जिनकी सार्वजनिक तौर पर बेइज्जती की गई.
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क्या है पूरा मामला?
दरअसल, 7 जून को कुरुक्षेत्र के LNJP (लोकनायक जयप्रकाश) सिविल अस्पताल में रेणू भाटिया ने प्रिंसिपल मेडिकल ऑफिसर (PMO) डॉ. साराह अग्रवाल समेत ड्यूटी पर तैनात नर्सिंग स्टाफ को जमकर फटकार लगाई थी. भाटिया 15 वर्षीय लड़की के रेप मामले में दौरा करने पहुंची थी.
इस दैरान उन्होंने एक नर्स से पूछा था- क्या आपकी भी बेटी है? नर्स के हां में जवाब देने पर उन्होंने कहा, क्या आप अपनी बेटी को 15 मिनट के लिए भी किसी कमरे में अकेला छोड़ सकती हैं? फिर इस बच्ची को अकेला कैसे छोड़ दिया गया?
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29 मई को हुआ था लड़की से रेप
29 मई को कुरुक्षेत्र के एक गांव की 15 साल की लड़की अपने पिता को भर्ती कराने अस्पताल आई थी. उसके पिता को भर्ती कर लिया गया था. इसी दौरान लड़की ने भी पेट में दर्द की शिकायत की, जिसके बाद उसने OPD में जांच कराई. वहां डॉक्टर शैली ने उसे फीमेल वार्ड में भर्ती कर लिया. आरोप है कि इसी दौरान डॉक्टर शैली ने लड़की को OPD में ले जाकर कई बार उसके साथ रेप किया.
जब लड़की को ब्लीडिंग हुई तो उसे इमरजेंसी में भर्ती कराया गया. इसके बाद लड़की ने सीनियर डॉक्टरों को अपने साथ हुए रेप की जानकारी दी. इसके बाद डॉ. शैली अस्पताल छोड़कर फरार हो गया. 31 मई को डॉ. शैली के खिलाफ केयूके थाने में पॉक्सो एक्ट की विभिन्न धाराओं के तहत मामला दर्ज किया गया. इसके बाद स्वास्थ्य विभाग ने शैली की सेवाएं समाप्त कर दीं. 1 जून को पुलिस ने उसे गिरफ्तार कर लिया. पुलिस की गिरफ्त में आने के बाद आरोपी डॉक्टर ने कहा कि “मुझसे गलती हो गई”.