Monday, November 28, 2022
- विज्ञापन -

Latest Posts

Anti Terror Conference में प्रधानमंत्री मोदी का पाकिस्तान पर कटाक्ष, बोले- कुछ देशों में तो…

प्रधानमंत्री मोदी ने कहा कि कुछ देश अपनी विदेश नीति के हिस्से के रूप में आतंकवाद का समर्थन करते हैं। इन देशों को अलग-थलग कर देना चाहिए।

Anti Terror Conference: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने शुक्रवार को ‘नो मनी फॉर टेरर’ मंत्रिस्तरीय सम्मेलन को संबोधित करते हुए कहा कि भारत आतंकवाद से निपटने के लिए हमेशा दृढ़ रहा है। पीएम मोदी ने पाकिस्तान पर अप्रत्यक्ष रूप से कटाक्ष भी किया। उन्होंने कहा कि कुछ देश अपनी विदेश नीति के तहत आतंक का समर्थन करते हैं।

प्रधानमंत्री मोदी ने कहा कि कुछ देश अपनी विदेश नीति के हिस्से के रूप में आतंकवाद का समर्थन करते हैं। इन देशों को अलग-थलग कर देना चाहिए। कोई अगर और मगर नहीं हो सकता है। अंतरराष्ट्रीय संगठनों को संबोधित करते हुए प्रधानमंत्री ने जोर देकर कहा कि आतंकवादियों से लड़ना और आतंकवाद से लड़ना दो अलग-अलग पहलू हैं।

अभी पढ़ें जम्मू-कश्मीर: पूर्व CM फारूक अब्दुल्ला ने नेशनल कांफ्रेंस के अध्यक्ष पद से दिया इस्तीफा

पीएम मोदी ने कहा कि आतंकवादियों को हथियारों से बेअसर किया जा सकता है, लेकिन आतंकवाद को खत्म करने के लिए एक बड़ी सक्रिय प्रतिक्रिया की जरूरत है। हम तब तक इंतजार नहीं कर सकते जब तक कि आतंक हमारे पास न आ जाए। उन्होंने कहा, ‘हमने हजारों बेशकीमती जानें गंवाईं लेकिन हमने आतंकवाद का बहादुरी से मुकाबला किया है। हम आतंक से निपटने में दृढ़ रहे हैं। हम मानते हैं कि एक भी हमला बहुत अधिक है।

प्रधानमंत्री मोदी ने कहा कि आतंकवाद के वित्तपोषण और भर्ती के लिए नई प्रकार की तकनीक का उपयोग किया जा रहा है। नई वित्त प्रौद्योगिकियों के लिए एक समान समझ की आवश्यकता है। कई बार मनी लॉन्ड्रिंग और वित्तीय अपराधों जैसी गतिविधियों को भी आतंकी फंडिंग में मदद करने के लिए जाना जाता है। ऐसे जटिल माहौल में, UNSC और फाइनेंशियल एक्शन टास्क फोर्स (FATF) आतंकवाद के खिलाफ युद्ध में मदद कर रहे हैं।

दिल्ली में नो मनी फॉर टेरर सम्मेलन का आयोजन

बता दें कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी आज तीसरे ‘नो मनी फॉर टेरर’ (NMFT) मंत्रिस्तरीय सम्मेलन में शामिल हुए। अप्रैल 2018 में पेरिस में और नवंबर 2019 में मेलबर्न में ये सम्मेलन पहले आयोजित किया जा चुका है। सम्मेलन का तीसरा संस्करण दिल्ली में 18 और 19 नवंबर को आयोजित किया गया है।

पीएमओ ने एक बयान में कहा, “इसमें दुनिया भर के लगभग 450 प्रतिनिधि शामिल होंगे, जिनमें मंत्री, बहुपक्षीय संगठनों के प्रमुख और वित्तीय कार्रवाई कार्य बल (एफएटीएफ) के प्रतिनिधिमंडल के प्रमुख शामिल हैं।”

78 देशों के प्रतिनिधि सम्मेलन में होंगे शामिल

दिल्ली में 18 नवंबर और 19 नवंबर को आयोजित होने वाले दो दिवसीय सम्मेलन में कुल 78 देशों और 20 देशों के मंत्रियों सहित बहुपक्षीय संगठनों ने अपनी उपस्थिति की पुष्टि की है।

राष्ट्रीय जांच एजेंसी (एनआईए) के महानिदेशक दिनकर गुप्ता ने कहा, “18 नवंबर से शुरू हो रहे ‘नो मनी फॉर टेरर’ सम्मेलन के तीसरे संस्करण में कुल 78 देश और बहुपक्षीय संगठन भाग ले रहे हैं।”

सम्मेलन में पाकिस्तान और अफगानिस्तान की उपस्थिति के बारे में पूछे जाने पर एनआईए महानिदेशक ने कहा, “पाकिस्तान और अफगानिस्तान इस सम्मेलन में भाग नहीं ले रहे हैं।”

अभी पढ़ें Bharat Jodo Yatra: कांग्रेस भारत जोड़ो यात्रा का आज 72वां दिन, राहुल गांधी ने महाराष्ट्र के बालापुर से शुरू की पदयात्रा

क्या है सम्मेलन का उद्देश्य

इससे पहले पेरिस और मेलबर्न में सम्मेलन का पहला और दूसरा संस्करण आयोजित किया जा चुका है। सम्मेलन का मकसद पिछले दो सम्मेलनों में आतंकवाद के वित्तपोषण का मुकाबला करने के विषय पर अंतरराष्ट्रीय समुदाय के बीच हुई चर्चा को आगे ले जाना है।

अभी पढ़ें   देश से जुड़ी खबरें यहाँ पढ़ें

देश और दुनिया की ताज़ा खबरें सबसे पहले न्यूज़ 24 पर फॉलो करें न्यूज़ 24 को और डाउनलोड करे - न्यूज़ 24 की एंड्राइड एप्लिकेशन. फॉलो करें न्यूज़ 24 को फेसबुक, टेलीग्राम, गूगल न्यूज़.

Latest Posts

- विज्ञापन -
- विज्ञापन -
- विज्ञापन -
- विज्ञापन -