---विज्ञापन---

बिहार angle-right

बिहार में चुनाव से पहले पोस्टर वार, वोटर बताएंगे असली गिरगिट कौन?

Posterwar RJD and JDU Bihar Assembly Election: बिहार में इसी साल विधानसभा के चुनाव होने वाले हैं। जिसे लेकर सभी राजनीतिक पार्टियों के बीच सियासी 'संग्राम' छिड़ा हुआ है। सभी राजनीतिक दल एक-दूसरे के ऊपर आरोप लगाने का कोई मौका नहीं छोड़ना चाहती हैं। सियासी आरोप-प्रत्यारोप के बीच बिहार की राजनीति में पोस्टर वॉर भी जारी है।

---विज्ञापन---

Posterwar RJD and JDU Bihar Assembly Election (रिपोर्ट बाय, अमिताभ ओझा/सौरव कुमार): पिछले दिनों राजद ने मुख्यमंत्री नीतीश कुमार का चेहरा पोस्ट में लगाते हुए गिरगिट की तरह रंग बदलने वाला बताया था और सवाल खड़े किए थे. आज शहर में उस पोस्टर का जवाब एनडीए की तरफ से गिरगिट के अंदाज में दिया गया है. इस पोस्टर में लालू प्रसाद यादव का चेहरा दिखाया गया है और सवाल पूछा गया है कि असली गिरगिट कौन?

नीतीश कुमार पर तंज

शुक्रवार को आरजेडी की तरफ से राजधानी पटना की सड़कों पर नीतीश कुमार के खिलाफ पोस्टर लगाया गया था। आरजेडी ऑफिस के बाहर और राबड़ी देवी के आवास के पास पोस्टर लगाकर नीतीश कुमार पर हमला बोला गया था। राजद ने पोस्टर जारी कर नीतीश कुमार को आड़े हाथों लिया साथ ही पोस्टर में नीतीश कुमार को गिरगिट बोलकर उनपर हमला बोला गया था।

---विज्ञापन---

यह भी पढ़ें:‘पार्टी टूटी, दिल टूटा, अब घर तोड़ने की तैयारी’; पशुपति कुमार पारस बोले- मैं चाहता हूं कि बंटवारा हो

लालू प्रसाद यादव की तस्वीर

अब इसी पोस्टर के जवाब में शनिवार को पटना में पोस्टर लगाया गया है। पोस्टर में लालू प्रसाद यादव की तस्वीर लगाकर पूछा गया है कि असली गिरगिट कौन? 2010 में लालू यादव वक्फ बोर्ड पर कड़े कानून की मांग की थी, अब 2025 में राजद उसी वक़्फ़ बिल का विरोध कर रही है!वहीं अब राजद की ओर से भी इस पोस्टर का पलटवार करते हुए सीएम नीतीश कुमार को लेकर टिप्पणी की गई है और बरेली के झुमके से तुलना की गई है।

---विज्ञापन---

ओ चाचा.. अब और कितना गिरोगे

आरजेडी के पोस्टर में सीएम कुमार की तस्वीर के साथ लिखा, ”इतना तो झुमका नहीं गिरा था, बरेली के बाजार में, जितना चाचा गिर गए। ओ चाचा.. अब और कितना गिरोगे। इस बार 5वीं नंबर की पार्टी बनने के लिए तैयार रहिए.” इसमें आगे लिखा गया है, वक्फ पर अपना असली चेहरा दिखा ही दिया। इतिहास में जब पलटी मारने का नाम आएगा तो सबसे पहले आपका आएगा। क्रबिस्तान का ढिंढोरा पीटने वाले, अब उसी की नीलामी कराएंगे। पोस्टर आरजेडी नेता और जहानाबाद मखदुमपुर से पूर्व जिला पार्षद संजू कोहली की ओर से लगाया है।

यह भी पढ़ें:‘मां के नाम पर गंदी राजनीति कर रहे चिराग’, पशुपति पारस और प्रिंस राज ने बताई 5 साल पुरानी बात

---विज्ञापन---

आरएसएस की ड्रेस में नीतीश

शायद इसी मंशा के साथ एक बार फिर बिहार में पोस्टर वॉर शुरू हो गया है। एक पोस्टर आरजेडी के दफ्तर के बाहर लगाया गया है। इस पोस्टर में नीतीश कुमार को गिरगिट से बड़ा रंग बदलने वाला बताया गया है। साथ ही पोस्टर में नीतीश कुमार की तीन तस्वीरें लगी हैं। एक तस्वीर में नीतीश कुमार मुस्लिम टोपी पहने हुए हैं, एक तस्वीर में पूरी तरह साधाराण हैं। जबकि तीसरी तस्वीर में नीतीश कुमार को आरएसएस की ड्रेस पहने दिखाया गया है। इसी पोस्टर के जरिये नीतीश की सेक्युलर नेता की छवि पर प्रहार किया गया है।

आरजेडी दफ्तर के बाहर पोस्टर

इसी पोस्टर में मुख्यमंत्री नीतीश कुमार की चीटीश कुमार बताया गया है, और उनके छवि पर हमला किया गया है। दरअसल, नीतीश कुमार को उनकी पार्टी के नेता मुस्लिमों का सबसे बड़ा नेता पेश करते हैं। नीतीश कुमार इफ्तार पार्टी में भी शामिल होते रहे। लेकिन जब बिहार में वक्फ संशोधन बिल के खिलाफ प्रदर्शन हुए और ऑल इंडिया मुस्लिम पर्सनल लॉ बोर्ड ने उन्हें आमंत्रित किया तो शामिल नहीं हुए। इसलिए अब आरजेडी पोस्टर के जरिये उन्हें चीटीश कुमार बता रही है।

---विज्ञापन---

यह भी पढ़ें:वक्फ संशोधन बिल पर लालू यादव की पार्टी का अगला स्टैंड क्या? आरजेडी सांसद मनोज झा ने बताया

वैसे बिहार में जेडीयू और एलजेपी रामविलास को मुस्लिम का वोटर्स का थोड़ा बहुत ही सही साथ मिलता था। जो अप्रत्यक्ष तौर पर एनडीए को मजबूत करता। अब वक्फ संशोधन बिल पर स्थिति साफ है कि जेडीयू ने बिल के समर्थन में वोट किया। ऐसे में बिहार के मुस्लिमों को तय करना है कि वो आगामी बिहार चुनाव में किसके साथ खेल करेंगे और किसके साथ मेल?

---विज्ञापन---
First published on: Apr 07, 2025 06:55 AM

End of Article

About the Author

Vijay Jain

विजय जैन भारतीय मीडिया जगत का एक विश्वसनीय और प्रतिष्ठित नाम हैं. वर्तमान में न्यूज 24 में सीनियर न्यूज एडिटर के रूप में कार्यरत विजय को प्रिंट, इलेक्ट्रॉनिक और डिजिटल मीडिया में 23 से अधिक वर्षों का लंबा और समृद्ध अनुभव है. राजनीति, चुनाव, बिजनेस, क्राइम और करंट अफेयर्स जैसी हर प्रमुख बीट पर मजबूत पकड़ रखने वाले विजय अपनी निष्पक्ष और सटीक पत्रकारिता के लिए जाने जाते हैं. पत्रकारिता में उनके अद्वितीय योगदान और नैतिक मूल्यों को बनाए रखने के लिए उन्हें साल 2018 में प्रतिष्ठित 'नेशनल श्रीफल अवार्ड' से सम्मानित किया गया था. डिजिटल दौर में वे ट्रेडिशनल जर्नलिज्म के अनुभवों को न्यू-एज मीडिया और SEO स्ट्रेटेजी के साथ जोड़कर खबरों को नया आयाम दे रहे हैं.

Read More
---विज्ञापन---
संबंधित खबरें
Sponsored Links by Taboola