IND vs SL: भारत और श्रीलंका के बीच 2 मैचों की टेस्ट सीरीज खेली गई थी. सीरीज का दूसरा मुकाबला 23 अगस्त से कोलंबो में खेला गया था. चौथे दिन का खेल खत्म होने तक ऐसा लग रहा था कि भारतीय टीम पांचवें दिन आसानी के साथ मुकाबले को अपने नाम कर लेगी. लेकिन ऐसा नहीं हो सका. श्रीलंका ने पांचवें दिन शानदार प्रदर्शन किया और मुकाबले को ड्रॉ की तरफ मोड़ दिया. अब श्रीलंका के कोच गैरी कर्स्टन ने पिच को लेकर बयान दिया है, जो शायद गंभीर को चुभ सकती है.
स्पिनरों के लिए मददगार होती है श्रीलंकाई पिच
श्रीलंका की पिच आमतौर पर स्पिनरों के लिए मददगार साबित होती है. भारत ओर श्रीलंका के बीच खेले गए 2 टेस्ट मैच में कुल 67 विकेट गिरे जिसमें से 24 विकेट तेज गेंदबाजों ने लिए. दूसरे टेस्ट मैच में श्रीलंका के स्टार खिलाड़ी सोनल दिनुशा ने दोनों ही पारियों में शतक जमाया था और भारत के खिलाफ टेस्ट सीरीज में 3 कुल 3 शतक बनाए थे.
गैरी कर्स्टन ने कहा है कि उनकी कोशिश ऐसी नहीं होती है कि जहां सिर्फ स्पिनर ही कमाल करें. बल्कि उनकी कोशिश होती है पिच पर सभी को मेहनत करना पड़े.
उन्होंने कहा “मैं इस बात का बहुत बड़ा प्रशंसक हूं कि ये बात सुनिश्चित करूं कि हम सिर्फ स्पिनरों के लिए ही विकेट न बनाएं. हम ऐसी पिचें तैयार करना चाहते हैं जहां हमारे तेज गेंदबाज भी हमें मैच जिता सकें. इसी तरह आप एक क्रिकेट टीम बनाते हैं- जो हर स्थिति में खेल सके. इस टेस्ट सीरीज में जो दो विकेट तैयार की गई थीं उनसे मैं काफी प्रभावित हूं.”
उन्होंने आगे कहा हम चाहते हैं कि हमारे बल्लेबाज बल्लेबाजी कर पाएं. स्पिनर कड़ी मेहनत करें और तेज गेंदबाज भी अपना काम करें. गॉल मैच की दूसरी पारी में हमारे तेज गेंदबाजों ने 10 में से सात विकेट लिए.”
गंभीर को क्यों चुभ सकती है गैरी की बात?
गैरी कर्स्टन की ये बात भारतीय टीम के हेड कोच गौतम गंभीर को चुभ सकती है. क्योंकि गंभीर भारतीय सरजमीं पर केवल स्पिनरों के लिए मददगार विकेट चाहते हैं. ऐसे में कर्स्टन की बात कहीं न कहीं गंभीर को चुभ सकती है. हाल ही में भारतीय टीम को अपनी ही सरजमीं पर साउथ अफ्रीका और न्यूजीलैंड के खिलाफ हार का सामना करना पड़ा है. इसके अलावा गंभीर की कोशिश रहती है कि भारत में टेस्ट मैच हो तो फिर स्पिनरों की मददगार पिच ही बने.