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Shankh Ke Prakar: दक्षिणावर्ती, वामावर्ती और गणेश शंख का रहस्य क्या है, जानिए किससे मिलती है लक्ष्मी कृपा

Shankh Ke Prakar: हिन्दू धर्म में शंख केवल एक पूजनीय वस्तु नहीं, बल्कि जीवन में धन, स्वास्थ्य और शांति लाने वाला उपकरण है. शंख के रहस्य पुराणों और महाभारत में भी विस्तार से वर्णित हैं. मान्यता है कि सही प्रकार का शंख, सही दिशा और नियमित पूजा जीवन में खुशहाली और सकारात्मक ऊर्जा का संचार करती है. जानें कौन-सा शंख धन दिलाने में सहायक है?

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Shankh Ke Prakar: शंख भारतीय संस्कृति और धर्म में अत्यंत महत्वपूर्ण स्थान रखता है. यह न केवल पूजा का हिस्सा है, बल्कि वास्तु और आयुर्वेदिक दृष्टि से भी इसका विशेष महत्व माना गया है. शंख मुख्य रूप से तीन प्रकार के पाए जाते हैं – दक्षिणावर्ती शंख, वामावर्ती शंख और मध्यावर्ती या गणेश शंख. इनकी ध्वनि और उपयोग से घर में सकारात्मक ऊर्जा और समृद्धि आती है.

दक्षिणावर्ती शंख: लक्ष्मी का स्रोत

दक्षिणावर्ती शंख को पुण्य और समृद्धि का प्रतीक माना जाता है. इसे नर और मादा में विभाजित किया जाता है. जिसकी परत मोटी और भारी हो वह नर शंख और हल्की तथा पतली परत वाला मादा शंख कहलाता है. घर में इस शंख की उपस्थिति से धन, सुख और मान-सम्मान की प्राप्ति होती है. पूजा के समय इसे केसर युक्त चंदन और पुष्प से सजाया जाता है. प्रतिदिन शंख बजाने और मंत्र जप करने से घर में लक्ष्मी की कृपा बनी रहती है.

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वामावर्ती शंख: रोग से सुरक्षा

वामावर्ती शंख का मुख बाईं ओर खुला होता है. इसकी ध्वनि में अद्भुत शक्ति है. इसे बजाने से वातावरण में फैले रोगजनक कीटाणु कमजोर पड़ जाते हैं और मानसिक शांति मिलती है. वामावर्ती शंख का प्रयोग विशेषत: आरोग्य और सुरक्षा के लिए किया जाता है. इसे घर में रखने से नकारात्मक ऊर्जा कम होती है और जीवन में संतुलन आता है.

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गणेश शंख: आध्यात्मिक संतुलन

मध्यावर्ती शंख को गणेश शंख भी कहा जाता है. यह न केवल पूजन में प्रयोग होता है बल्कि घर में सकारात्मक ऊर्जा और बुद्धि का विकास करता है. इसे बजाने से मानसिक स्थिरता और ध्यान की शक्ति बढ़ती है.

लक्ष्मी कृपा पाने का रहस्य

यदि आप धन और समृद्धि चाहते हैं तो दक्षिणावर्ती शंख को घर में मुख्य स्थान पर रखें. इसका मुख पूर्व या उत्तर दिशा की ओर होना चाहिए. प्रतिदिन इसे प्रातः या प्रथम प्रहर में बजाएं और मंत्र जप करें. शंख के साथ तुलसी या केसर युक्त चंदन का प्रयोग करने से लक्ष्मी जल्दी प्रसन्न होती हैं. शंख की ध्वनि घर के वातावरण में समृद्धि, सौभाग्य और सकारात्मक ऊर्जा का संचार करती है.

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डिस्क्लेमर: यहां दी गई जानकारी ज्योतिष शास्त्र की मान्यताओं पर आधारित है और केवल सूचना के लिए दी जा रही है. News24 इसकी पुष्टि नहीं करता है.

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First published on: Feb 10, 2026 06:44 PM

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Shyamnandan

श्यामनंदन कुमार पिछले 20 से अधिक वर्षों से पत्रकारिता और कंटेंट क्रिएशन की दुनिया में सक्रिय हैं। वर्तमान में वे News24 में धर्म और ज्योतिष सेक्शन के लिए अपनी सेवाएं दे रहे हैं। उन्होंने पत्रकारिता में एम.ए. की पढ़ाई काशी हिन्दू विश्वविद्यालय (BHU) से की है और भारतीय विद्या भवन, नई दिल्ली से ज्योतिष का सांगोपांग अध्ययन किया है। वे वैदिक ज्योतिष (पाराशरीय), अंक ज्योतिष (न्यूमरोलॉजी) और सामुद्रिक शास्त्र के क्षेत्र में गहरी विशेषज्ञता रखते हैं और स्वयं एक सक्रिय ज्योतिषविद हैं। जो साल 2015 से धर्म और ज्योतिष विषय पर लगातार लिख रहे हैं। उनकी कोशिश रहती है कि पाठकों को सटीक, सरल और उपयोगी जानकारी मिल सके।  धार्मिक परंपराओं, वैदिक ज्योतिष, ग्रह-गोचर, राशिफल, अंक ज्योतिष, वास्तु, सामुद्रिक शास्त्र, व्रत-त्योहार, पूजा-पद्धति और आध्यात्मिक विषयों को आसान और भरोसेमंद भाषा में पाठकों तक पहुंचाना उनकी पहचान है। डिजिटल मीडिया, SEO और कंटेंट रणनीति की उन्हें गहरी और अच्छी समझ है।

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