Multiple Sclerosis: आजकल लाइफस्टाइल इतनी बदल गई है कि लोगों को कई तरह की बीमारियां होने लगती हैं. इसी लिस्ट में मल्टीपल स्क्लेरोसिस भी शामिल है, जिसे एक दीर्घकालिक न्यूरोलॉजिकल बीमारी कहा जाता है. यह केंद्रीय तंत्रिका तंत्र को प्रभावित करती है. इसको लेकर डॉक्टर मुकेश कुमार (जो मैक्स हॉस्पिटल में न्यूरोलॉजी विभाग के सीनियर डायरेक्टर हैं) का कहना है कि एमएस के शुरुआती लक्षण अक्सर हल्के होते हैं और कई बार इन्हें तनाव, थकान, विटामिन की कमी या स्वास्थ्य समस्याओं से जोड़कर नजरअंदाज कर दिया जाता है. हालांकि, समय रहते इन संकेतों को पहचानना और डॉक्टर से सलाह लेना भविष्य में होने वाली गंभीर विकलांगता के खतरे को कम किया जा सकता है.
बार-बार सुन्नपन या झुनझुनी होना

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चेहरे, हाथों, पैरों या शरीर के किसी एक हिस्से में बार-बार झुनझुनी, सुन्नपन या सुई चुभने जैसा महसूस एमएस का शुरुआती संकेत हो सकती है. हालांकि कभी-कभी यह समस्या सामान्य कारणों से भी हो सकती है, लेकिन यदि यह बार-बार हो रही हो तो इसे नजरअंदाज नहीं करना चाहिए.
नजर से जुड़ी समस्याएं

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एमएस की शुरुआत कई बार आंखों से संबंधित लक्षणों के साथ होती है. कुछ लोगों में ऑप्टिकल न्यूराइटिस नामक स्थिति विकसित हो सकती है, जिसमें ऑप्टिक नर्व में सूजन आ जाती है. इसकी वजह से आपको धुंधला दिखाई दे सकता है.
बिगड़ना या बार-बार ठोकर लगना

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एमएस शरीर के संतुलन को प्रभावित कर सकता है. शुरुआत में व्यक्ति को चलते समय अस्थिरता महसूस हो सकती है, बार-बार ठोकर लग सकती है या चक्कर आने की शिकायत हो सकती है. कई बार ये लक्षण इतने हल्के होते हैं कि लोग इन्हें थकान या तनाव का असर समझ लेते हैं.
दिमागी धुंध

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एमएस केवल शरीर को ही नहीं बल्कि सोचने और याद रखने की क्षमता को भी प्रभावित कर सकता है. शुरुआती दौर में मरीजों को सोचने या समझने की गति धीमी हो सकती है. मरीज बातें भूल सकता है और बातचीत के दौरान सही शब्द याद नहीं रहते हैं.
गर्मी में ज्यादा परेशानी होना

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एमएस से पीड़ित कई लोगों में गर्म मौसम या शरीर का तापमान बढ़ने पर लक्षण अधिक महसूस होते हैं. गर्म पानी से नहाने, बुखार होने या ज्यादा व्यायाम करने के बाद थकान, धुंधली नजर, कमजोरी या झुनझुनी बढ़ सकती है. यह एमएस की एक महत्वपूर्ण पहचान मानी जाती है.
मूत्राशय से जुड़ी समस्याएं

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एमएस के शुरुआती चरण में मूत्राशय भी प्रभावित हो सकती है. इस दौरान आपको बार-बार पेशाब आने की इच्छा, अचानक पेशाब लगना, मूत्राशय पूरी तरह खाली न होने का एहसास आदि चीजें महसूस हो सकती हैं.
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अस्वीकरण – इस खबर को सामान्य जानकारी के तौर पर लिखा गया है. अधिक जानकारी के लिए विशेषज्ञ की सलाह लें या चिकित्सक से परामर्श करें. न्यूज 24 किसी तरह का दावा नहीं करता है.