SMS के आखिर में क्यों लिखा होता है P, S, T और G? 99% लोग नहीं जानते इसका असली मतलब
क्या आपने कभी सोचा है कि SMS के आखिर में लिखा P, S, T या G आखिर क्या बताता है? ये छोटे-से अक्षर आपके मैसेज की पूरी कहानी बताते हैं. जानिए कौन-सा मैसेज प्रमोशनल है, कौन बैंक से आया है और कौन सरकार की तरफ से भेजा गया है.

Header और Prefix सिस्टम कैसे काम करता है?
2 / 7DLT नियम के तहत हर रजिस्टर्ड संस्था को एक विशेष Header या Sender ID दी जाती है. इसी के साथ P, S, T और G जैसे कोड जोड़े जाते हैं. ये कोड बताते हैं कि मैसेज किस प्रकार का है और उसे भेजने वाले की पहचान सत्यापित है या नहीं.
'P' लिखा हो तो समझिए प्रमोशनल मैसेज है
3 / 7अगर SMS के अंत में P लिखा दिखाई दे तो इसका मतलब Promotional Message होता है. ऐसे मैसेज आमतौर पर किसी प्रोडक्ट, डिस्काउंट ऑफर, सेल या मार्केटिंग कैंपेन से जुड़े होते हैं. TRAI के नियमों के अनुसार ऐसे संदेश केवल सुबह 9 बजे से रात 9 बजे के बीच ही भेजे जा सकते हैं. ये भी पढ़ें- फोन में छिपे हैं ये 5 लाइफ-सेविंग फीचर्स, मुसीबत में बचाएंगे आपकी जान, आज ही करें ऑन
'S' का मतलब है सर्विस से जुड़ा जरूरी अपडेट
4 / 7मैसेज के आखिर में S लिखा होने का मतलब Service Message होता है. इसमें बैंक बैलेंस अलर्ट, ATM ट्रांजैक्शन, OTP, ट्रेन या फ्लाइट टिकट कन्फर्मेशन जैसी महत्वपूर्ण जानकारियां शामिल हो सकती हैं. ये मैसेज आपकी किसी सेवा से संबंधित होते हैं.
'T' का मतलब
5 / 7T का मतलब Transactional Message होता है. ऑनलाइन पेमेंट, बैंक ट्रांजैक्शन या किसी वित्तीय गतिविधि से जुड़े अपडेट इसी श्रेणी में आते हैं. इसके अलावा, जिन सेवाओं के लिए आपने पहले से अनुमति दी होती है, उनके अपडेट भी इसी कैटेगरी में भेजे जा सकते हैं. ये भी पढ़ें- अब साइबर फ्रॉड में उड़े पैसे वापस दिलाएगी सरकार, शुरू किया नया सिस्टम, जानिए रिफंड का तरीका
'G' का मतलब
6 / 7अगर किसी SMS के आखिर में G लिखा हो तो वह Government Message होता है. ऐसे संदेश केंद्र सरकार, राज्य सरकार या किसी सरकारी एजेंसी की ओर से भेजे जाते हैं. इनमें महत्वपूर्ण सरकारी सूचनाएं, अलर्ट या जनहित से जुड़ी जानकारी हो सकती है.
इन अक्षरों को नजरअंदाज न करें
7 / 7P, S, T और G सिर्फ साधारण अक्षर नहीं हैं, बल्कि वे यह पहचानने में मदद करते हैं कि आपके पास आया मैसेज विज्ञापन है, सर्विस अपडेट है, ट्रांजैक्शन से जुड़ा है या किसी सरकारी विभाग की ओर से भेजा गया है. इनकी जानकारी होने से आप फर्जी और असली मैसेज में फर्क आसानी से समझ सकते हैं.
