Tamil Nadu Liquor Price Hike: तमिलनाडु में शराब के शौकीनों के लिए एक तगड़ी और झटका देने वाली खबर आ रही है. अगर आप भी वीकेंड का प्लान कर रहे हैं, तो अपनी जेब थोड़ी ज्यादा ढीली करने के लिए तैयार हो जाइए. राज्य सरकार अपने यहां शराब की कीमतों में 10 रुपये से लेकर 50 रुपये प्रति बोतल तक की भारी बढ़ोतरी करने पर विचार कर रही है. माना जा रहा है कि इस हफ्ते के आखिर से ही नई कीमतें लागू की जा सकती हैं.
तमिलनाडु राज्य विपणन निगम की बैठक में हुआ फैसला
सोमवार को चेन्नई में सचिवालय के भीतर शराबबंदी और आबकारी मंत्री के. विग्नेश की अध्यक्षता में तमिलनाडु राज्य विपणन निगम (Tasmac) के बोर्ड की एक अहम बैठक हुई. इस हाई-लेवल मीटिंग में शराब के दाम बढ़ाने के प्रस्ताव पर गंभीरता से चर्चा की गई. अगर सरकार इस प्रस्ताव को हरी झंडी दे देती है, तो पिछले दो साल से ज्यादा समय में यह पहला मौका होगा जब सूबे में शराब महंगी होगी. इससे पहले 1 फरवरी 2024 को शराब के दाम बढ़ाए गए थे.
जानिए कौन सी बोतल कितनी महंगी होगी?
सूत्रों से मिली जानकारी के मुताबिक, हर कैटेगरी की शराब पर दाम अलग-अलग बढ़ाए जाएंगे. आम लोगों द्वारा खरीदे जाने वाले साधारण और मीडियम ब्रांड्स की कीमतों में 10 से 20 रुपये प्रति बोतल की बढ़ोतरी हो सकती है. महंगे और प्रीमियम ब्रांड्स के शौकीनों को सबसे ज्यादा झटका लगेगा. इनकी कीमतों में 30 से 50 रुपये प्रति बोतल का इजाफा होने की उम्मीद है. बीयर की कीमतों में भी राहत नहीं है, इसकी प्रति बोतल पर 10 रुपये तक दाम बढ़ सकते हैं.
आखिर सरकार क्यों बढ़ा रही है दाम?
अब सवाल उठता है कि सरकार को अचानक दाम बढ़ाने की जरूरत क्यों पड़ी? दरअसल, इसके पीछे दो बड़ी वजहें हैं. पहली वजह यह है कि सरकार ने हाल ही में नियम बदलते हुए स्कूल-कॉलेज, बस स्टैंड और मंदिरों के पास चल रहे करीब 717 Tasmac आउटलेट्स (शराब दुकानों) को बंद कर दिया था. दुकानें बंद होने से सरकार के राजस्व (Revenue) को भारी घाटा हुआ, जिसकी भरपाई अब कीमतों को बढ़ाकर करने की तैयारी है.
दूसरी वजह यह है कि शराब बनाने वाली कंपनियों ने कच्चे माल की बढ़ती लागत और ऊंचे टैक्स का हवाला देते हुए सरकार से खरीद मूल्य बढ़ाने की मांग की थी. साथ ही हाल ही में कंपनियों पर एक मैन्युफैक्चरिंग सेस भी लगाया गया है. अब सरकार इस पूरे बोझ को सीधे आम जनता की जेब पर ट्रांसफर करने जा रही है. हालांकि, आखिरी फैसले का आधिकारिक एलान होना अभी बाकी है.
Tamil Nadu Liquor Price Hike: तमिलनाडु में शराब के शौकीनों के लिए एक तगड़ी और झटका देने वाली खबर आ रही है. अगर आप भी वीकेंड का प्लान कर रहे हैं, तो अपनी जेब थोड़ी ज्यादा ढीली करने के लिए तैयार हो जाइए. राज्य सरकार अपने यहां शराब की कीमतों में 10 रुपये से लेकर 50 रुपये प्रति बोतल तक की भारी बढ़ोतरी करने पर विचार कर रही है. माना जा रहा है कि इस हफ्ते के आखिर से ही नई कीमतें लागू की जा सकती हैं.
तमिलनाडु राज्य विपणन निगम की बैठक में हुआ फैसला
सोमवार को चेन्नई में सचिवालय के भीतर शराबबंदी और आबकारी मंत्री के. विग्नेश की अध्यक्षता में तमिलनाडु राज्य विपणन निगम (Tasmac) के बोर्ड की एक अहम बैठक हुई. इस हाई-लेवल मीटिंग में शराब के दाम बढ़ाने के प्रस्ताव पर गंभीरता से चर्चा की गई. अगर सरकार इस प्रस्ताव को हरी झंडी दे देती है, तो पिछले दो साल से ज्यादा समय में यह पहला मौका होगा जब सूबे में शराब महंगी होगी. इससे पहले 1 फरवरी 2024 को शराब के दाम बढ़ाए गए थे.
जानिए कौन सी बोतल कितनी महंगी होगी?
सूत्रों से मिली जानकारी के मुताबिक, हर कैटेगरी की शराब पर दाम अलग-अलग बढ़ाए जाएंगे. आम लोगों द्वारा खरीदे जाने वाले साधारण और मीडियम ब्रांड्स की कीमतों में 10 से 20 रुपये प्रति बोतल की बढ़ोतरी हो सकती है. महंगे और प्रीमियम ब्रांड्स के शौकीनों को सबसे ज्यादा झटका लगेगा. इनकी कीमतों में 30 से 50 रुपये प्रति बोतल का इजाफा होने की उम्मीद है. बीयर की कीमतों में भी राहत नहीं है, इसकी प्रति बोतल पर 10 रुपये तक दाम बढ़ सकते हैं.
आखिर सरकार क्यों बढ़ा रही है दाम?
अब सवाल उठता है कि सरकार को अचानक दाम बढ़ाने की जरूरत क्यों पड़ी? दरअसल, इसके पीछे दो बड़ी वजहें हैं. पहली वजह यह है कि सरकार ने हाल ही में नियम बदलते हुए स्कूल-कॉलेज, बस स्टैंड और मंदिरों के पास चल रहे करीब 717 Tasmac आउटलेट्स (शराब दुकानों) को बंद कर दिया था. दुकानें बंद होने से सरकार के राजस्व (Revenue) को भारी घाटा हुआ, जिसकी भरपाई अब कीमतों को बढ़ाकर करने की तैयारी है.
दूसरी वजह यह है कि शराब बनाने वाली कंपनियों ने कच्चे माल की बढ़ती लागत और ऊंचे टैक्स का हवाला देते हुए सरकार से खरीद मूल्य बढ़ाने की मांग की थी. साथ ही हाल ही में कंपनियों पर एक मैन्युफैक्चरिंग सेस भी लगाया गया है. अब सरकार इस पूरे बोझ को सीधे आम जनता की जेब पर ट्रांसफर करने जा रही है. हालांकि, आखिरी फैसले का आधिकारिक एलान होना अभी बाकी है.