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US ने जिस रूसी जहाज को पकड़ा, उसमें फंसा कांगड़ा का रिक्षित, अगले महीने होनी थी शादी, मां ने लगाई PM मोदी से गुहार

हिमाचल प्रदेश के कांगड़ा जिले से ताल्लुक रखने वाले एक भारतीय मर्चेंट नेवी अधिकारी की कहानी इन दिनों परिवार और देश दोनों को चिंता में डाल रही है. शादी से ठीक पहले उसकी सुरक्षित वापसी अब सबसे बड़ा सवाल बन गई है.

Author Written By: Raja Alam Updated: Jan 12, 2026 11:27

कांगड़ा जिले के पालमपुर इलाके के रहने वाले 26 वर्षीय रिक्षित चौहान मर्चेंट नेवी में अधिकारी हैं. वह रूसी कंपनी के एक तेल टैंकर पर क्रू मेंबर के तौर पर काम कर रहे थे. यह जहाज Marinera था जिसे पहले Bella 1 के नाम से जाना जाता था. रिक्षित अगले महीने 19 फरवरी को शादी करने वाले थे और जल्द ही घर लौटने की तैयारी में थे. लेकिन इससे पहले ही उत्तरी अटलांटिक महासागर में अमेरिकी सेना ने इस रूसी झंडे वाले जहाज को जब्त कर लिया. इस जहाज पर तीन भारतीय क्रू मेंबर थे जिनमें रिक्षित भी शामिल हैं.

परिवार की पीएम मोदी से अपील

रिक्षित की मां रीता देवी ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से भावुक अपील की है. उन्होंने कहा कि उनके बेटे को सुरक्षित भारत वापस लाया जाए. परिवार के मुताबिक 7 जनवरी को जहाज पकड़े जाने से कुछ घंटे पहले ही रिक्षित से आखिरी बार बात हुई थी. पालमपुर में मीडिया से बात करते हुए मां ने बताया कि बेटे की शादी तय हो चुकी है और पूरा परिवार उसके सुरक्षित लौटने की दुआ कर रहा है. उन्होंने विदेश मंत्री से भी मदद की गुहार लगाई है ताकि रिक्षित और जहाज पर मौजूद गोवा और केरल के दो अन्य भारतीय सुरक्षित घर लौट सकें.

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यह भी पढ़ें: ‘लात मारकर बाहर कर दूंगा…’, हिंदी को लेकर राज ठाकरे ने यूपी-बिहार वालों को धमकाया

कैसे फंसा जहाज?

रिक्षित के पिता रंजीत सिंह ने बताया कि उनके बेटे ने 1 अगस्त 2025 को मर्चेंट नेवी जॉइन की थी और यह उसका पहला समुद्री असाइनमेंट था. रूसी कंपनी ने उसे वेनेजुएला तेल लेने के लिए भेजा था. अमेरिका की वेनेजुएला के खिलाफ सैन्य कार्रवाई के चलते कंपनी ने जहाज को वापस बुलाने के निर्देश दिए थे. सीमा पर करीब 10 दिन तक इंतजार के बाद जहाज लौट रहा था तभी अमेरिकी सेना ने उसे पकड़ लिया. 10 जनवरी को परिवार को इस जब्ती की जानकारी मिली.

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भारत सरकार की प्रतिक्रिया

इस मामले में स्थानीय विधायक ने भी मदद का भरोसा दिलाया है और कहा है कि वह शिमला जाकर मुख्यमंत्री से बात करेंगे. विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता रणधीर जायसवाल ने भी कहा है कि भारत सरकार इस पूरे घटनाक्रम पर नजर बनाए हुए है और जहाज पर मौजूद भारतीय नागरिकों की जानकारी जुटाई जा रही है. जब जहाज को जब्त किया गया तब उस पर कुल 28 क्रू मेंबर थे जिनमें तीन भारतीय 20 यूक्रेनी छह जॉर्जियाई और दो रूसी शामिल थे. दो रूसी नागरिकों को रिहा कर दिया गया है जबकि बाकी क्रू अभी हिरासत में हैं.

First published on: Jan 12, 2026 11:17 AM

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