---विज्ञापन---

देश angle-right

दुश्मन के टैंकों का काल! DRDO की ‘टॉप अटैक’ मिसाइल का सफल वार, अब चलते टैंक को भी कर देगी राख

रक्षा अनुसंधान एवं विकास संगठन (DRDO) ने 11 जनवरी को मैन पोर्टेबल एंटी-टैंक गाइडेड मिसाइल (MPATGM) का सफल परीक्षण किया. रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने डीआरडीओ को बधाई देते हुए कहा कि आत्मनिर्भर भारत के लिए बड़ा कदम है. इस स्वदेशी मिसाइल में क्या है खास, पढ़िए इस रिपोर्ट में

---विज्ञापन---

रक्षा अनुसंधान एवं विकास संगठन (DRDO) को एक और बड़ी कामयाबी मिली है. DRDO ने 11 जनवरी को महाराष्ट्र के अहिल्या नगर के केके रेंज में मैन पोर्टेबल एंटी-टैंक गाइडेड मिसाइल (MPATGM) की सफल टेस्टिंग की. ये भारतीय सेना की ताकत में इजाफा करेगी. ये मिसाइल मेन बैटल टैंक्स को आसानी से तबाह कर सकती है. चीन और पाकिस्तान जैसे देशों के लिए ये काल साबित होगी. MPATGM को फायर एंड फॉरगेट मिसाइल है यानि निशाना लगाओ और भूल जाओ. सैनिक को मिसाइल दागने के बाद उसे गाइड नहीं करना पड़ता, बल्कि वो खुद ही लक्ष्य को ढूंढकर नष्ट कर देती है. मिसाइल का वजन बेहद कम है, जिससे इसे एक जगह से दूसरी जगह ले जाना बेहद आसान है.

और क्या है खासियत?

MPATGM मिसाइल टैंक के ऊपर वाले हिस्से पर वार करती है, जो पतला होने की वजह से आसानी से नष्ट हो जाता है. ये मिसाइल थर्मल इमेजिंग के जरिए लक्ष्य को पहचान पाती है. इसमें दो विस्फोटक हैड्स है, जो टैंक के रिएक्टिव आर्मर और मेन बॉडी को तबाह करते हैं. इसमें इलेक्ट्रिक कंट्रोल सिस्टम है जो बेहद तेजी से काम करता है. मिसाइल में लगे हाई लेवल साइटिंग सिस्टम की वजह से सैनिक को लक्ष्य साफ नजर आता है. इसे ट्राइपॉड या मिलिट्री व्हीकल के जरिए लॉन्च किया जा सकता है. मिसाइल का प्रोपल्शन सिस्टम भी कमाल का है जो काफी दूर तक अटैक कर सकता है.

---विज्ञापन---

ये भी पढ़ें: भारतीय सेना को मिलने वाला है एक और ‘हीरो’, पाकिस्तान या चीन, अब किसकी नींद उड़ाएगा S-400 डिफेंस सिस्टम?

कैसे हुआ परीक्षण?

DRDO ने पूरे स्वदेशी तरीके से MPATGM को तैयार किया है. DRDO की हैदराबाद में मौजूद डिफेंस रिसर्च एंड डेवलपमेंट लेबोरेटरी (DRDL) ने ये पूरा परीक्षण किया है. मिसाइल के सामने एक थर्मल टारगेट सिस्टम रखा गया. ये सिस्टम ऐसा लगता है जैसे कोई टैंक चल रहा हो. MPATGM मिसाइल ने एक ही वार में उसके परखच्चे उड़ा दिए. रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने DRDO और सहयोगी कंपनियों को MPATGM के सफल परीक्षण की बधाई दी. रक्षा मंत्री ने इसे आत्मनिर्भर भारत की दिशा में अहम कड़ी बताया. DRDO चेयरमैन डॉ. समीर वी. कमत ने कहा कि ये स्वदेशी मिसाइल भारतीय सेना की ताकत बढ़ाएगी.

---विज्ञापन---

ये भी पढ़ें: ‘चीता और चेतक’ के भरोसे कब तक? सेना को कब मिलेंगे लाइट यूटिलिटी हेलिकॉप्टर, आखिर क्यों हो रही सप्लाई में देरी

First published on: Jan 12, 2026 03:02 PM

End of Article

About the Author

Varsha Sikri

वर्षा सिकरी एक अनुभवी पत्रकार हैं जो पिछले 9 साल से मीडिया इंडस्ट्री में काम कर रही हैं। वर्तमान में वर्षा News24 में सीनियर सब एडिटर की भूमिका निभा रही हैं। यहां ये नेशनल, इंटरनेशनल, राजनीति, क्राइम आदि खबरें करती हैं। इससे पहले वर्षा आज तक, ज़ी न्यूज, रिपब्लिक, इंडिया टीवी जैसे प्रतिष्ठित संस्थानों में काम कर चुकी हैं। वर्षा ने बतौर रिपोर्टर और एंकर भी काम किया है। देश-दुनिया की महत्वपूर्ण खबरों के साथ-साथ वर्षा को मनोरंजन, लाइफस्टाइल, ट्रेंडिंग खबरों का भी बखूबी अनुभव है। खबरों के अलावा वर्षा कहानियां और कविताएं लिखने का भी शौक रखती हैं।

Read More

Varsha Sikri

वर्षा सिकरी एक अनुभवी पत्रकार हैं जो पिछले 9 साल से मीडिया इंडस्ट्री में काम कर रही हैं। वर्तमान में वर्षा News24 में सीनियर सब एडिटर की भूमिका निभा रही हैं। यहां ये नेशनल, इंटरनेशनल, राजनीति, क्राइम आदि खबरें करती हैं। इससे पहले वर्षा आज तक, ज़ी न्यूज, रिपब्लिक, इंडिया टीवी जैसे प्रतिष्ठित संस्थानों में काम कर चुकी हैं। वर्षा ने बतौर रिपोर्टर और एंकर भी काम किया है। देश-दुनिया की महत्वपूर्ण खबरों के साथ-साथ वर्षा को मनोरंजन, लाइफस्टाइल, ट्रेंडिंग खबरों का भी बखूबी अनुभव है। खबरों के अलावा वर्षा कहानियां और कविताएं लिखने का भी शौक रखती हैं।

Read More
---विज्ञापन---
संबंधित खबरें
Sponsored Links by Taboola