Fatty Liver Symptoms: लिवर शरीर के महत्वपूर्ण अंगों में से एक है। इस अंग का काम खून से हानिकारक पदार्थों को बाहर निकालने का होता है। लिवर को इंसान के शरीर का दूसरा सबसे अहम अंग माना जाता है। इसकी खासियत है कि यह शरीर में मौजूद अच्छे न्यूट्रिएंट्स को स्टोर कर सकता है, साथ ही यह प्रोटीन और एनर्जी प्रोड्यूस करने का काम भी करता है। लिवर की एक और खासियत है कि यह खुद ही अपने आप को रिपेयर कर सकता है, लेकिन इसका बढ़ा हुआ मांस, जिसे हम फैटी लिवर कहते हैं, अगर लिवर को यह समस्या आ जाए, तो दिक्कतें बढ़ सकती हैं। जानिए यह कैसे होता है और क्या होते हैं इसके शुरुआती संकेत।
क्या है फैटी लिवर?
फैटी लिवर एक लिवर की समस्या है जिसमें लिवर पर असर पड़ता है और यह अपना काम सही से नहीं कर पाता। फैटी लिवर दो प्रकार के होते हैं। पहला- अल्कोहॉलिक फैटी लिवर, यह उन लोगों को होता है जो बहुत अधिक मात्रा में शराब पीते हैं। दूसरा- नॉन अल्कोहॉलिक फैटी लिवर, इसमें ऐसे लोग प्रभावित होते हैं जो कम या बिल्कुल शराब नहीं पीते लेकिन उनका रोजाना का खाना-पीना काफी हानिकारक, ऑयली तथा स्पाइसी होता है।
फैटी लिवर के संकेत
फैटी लिवर होने पर शरीर पर कुछ शुरुआती लक्षण दिखते हैं, जिसे समय रहते समझना जरूरी है, नहीं तो परेशानी बढ़ सकती है। ये हैं वो लक्षण:-
थकान और कमजोरी
लिवर की समस्या का सबसे आम संकेत है थकावट और कमजोरी। अगर आप पर्याप्त नींद ले रहे हैं और रेस्ट कर रहे हैं, इसके बाद भी अगले दिन फ्रेश फील नहीं करते, तो यह फैटी लिवर का संकेत हो सकता है।
पेट दर्द
पेट के ऊपरी हिस्से में दर्द, छाती और पेट के बीच के हिस्से में दर्द, बेचैनी और जलन महसूस होना आम नहीं है। ये संकेत आपके लिए इशारा हैं कि लिवर अपना काम सुचारू रूप से नहीं कर रहा है या फिर लिवर किसी समस्या से गुजर रहा है।
हाई ब्लड शुगर लेवल
डायबिटीज और मोटे लोगों में फैटी लिवर की समस्या अक्सर देखी जाती है। अगर खून में शुगर की ज्यादा मात्रा ज्यादा समय तक बनी रहती है, तो इसका एक कारण फैटी लिवर भी हो सकता है। इससे टाइप-2 डायबिटीज का खतरा भी बढ़ जाता है।
यूरिन और शौच का रंग
अगर फैटी लिवर की समस्या हो तो पेशाब और मल का रंग बदल जाता है। फैटी लिवर में पेशाब का रंग गहरा भूरा होता है और मल का रंग भी पीला मिट्टी जैसा दिखता है।
पीली त्वचा व आंखें
फैटी लिवर में आपकी स्किन का रंग भी बदल जाता है। आंखें और त्वचा का पीला दिखना इसका एक लक्षण है। पीलिया होना भी फैटी लिवर की समस्या को दर्शाता है। ऐसा इसलिए होता है क्योंकि लिवर बिलीरुबीन का प्रोसेस नहीं कर पाता और सफेद भाग वाली त्वचा और आंखें पीली पड़ने लगती हैं।
हाई कोलेस्ट्रॉल
शरीर में बैड कोलेस्ट्रॉल लेवल का बढ़ना और खून में मिलने से फैटी लिवर की समस्या होती है। ऐसा अक्सर उन लोगों को होता है जो ज्यादा शराब पीते हैं। शराब के सेवन से शरीर में एलडीएल (LDL) का स्तर बढ़ता है, जिससे हार्ट स्ट्रोक का खतरा भी बढ़ जाता है।
चोट लगना और ब्लीडिंग
फैटी लिवर होने पर शरीर में आसानी से चोट लग सकती है और खून निकल सकता है। हल्की चोट से भी शरीर पर खून जमने का निशान खराब लिवर की समस्या को दर्शाता है।