Gold Price: सोने की कीमतों में तगड़ा उछाल, क्या बेचें, होल्ड करें या और खरीदें? जानें एक्सपर्ट्स की राय

Gold Price high: कमोडिटी मार्केट (MCX) पर अगस्त में सोने की कीमतों में 13.5% से अधिक करीब 20 हजार रुपए का बड़ा उछाल दर्ज किया गया है. रिकॉर्ड ऊंचाई पर सोना खरीदने वाले जहां राहत की सांस ले रहे हैं, वहीं पुराने निवेशकों का मुनाफा कई गुना बढ़ गया है. जानें, मौजूदा बाजार में गोल्ड निवेशकों को मुनाफावसूली करनी चाहिए या बने रहना चाहिए.

Gold Price high, Gold Rate Today, gold price, silver price down, amrerica iran war, middle east tension, PM Modi appeal, Gold Investment Tips, MCX Gold Price, Gold ETF Returns, Gold Sell or Hold

कमोडिटी एक्सचेंज ऑफ इंडिया (MCX) पर सोने की कीमतों में एक बार फिर जोरदार तेजी। Credit: AI

कमोडिटी एक्सचेंज ऑफ इंडिया (MCX) पर सोने की कीमतों में एक बार फिर जोरदार तेजी देखने को मिल रही है. अगस्त 2026 में सोने के भाव में 13.51% (लगभग 19,212 रुपये प्रति 10 ग्राम) की भारी बढ़त दर्ज की गई है. बीते महज 10 दिनों में ही सोना 4.63% यानी करीब 7,103 रुपये प्रति 10 ग्राम तक महंगा हुआ है.
इकोनोमिक टाइम्स की रिपोर्ट के मुताबिक, इस जबरदस्त तेजी ने उन निवेशकों के चेहरे पर खुशी ला दी है जिन्होंने गिरावट के समय खरीदारी की थी. वहीं, जनवरी 2026 में 1,75,231 रुपये प्रति 10 ग्राम के रिकॉर्ड स्तर पर खरीदारी करने वाले निवेशक अब अपनी लागत निकलने का इंतजार कर रहे हैं. ऐसे में सबसे बड़ा सवाल यह है कि निवेशकों को अब क्या करना चाहिए?

विज्ञापन

जून में क्या थे सोने के भाव?

12 जून की शाम को 23 कैरेट गोल्ड का रेट 147208 रुपये प्रति 10 ग्राम था. 22 कैरेट गोल्ड का रेट 135385 रुपये, 18 कैरेट गोल्ड का रेट 110850 रुपये और 14 कैरेट गोल्ड का रेट शुक्रवार को 86463 रुपये प्रति 10 ग्राम था. एक महीने में गोल्ड का रेट 9434 रुपये प्रति 10 ग्राम नीचे देखने को मिला था

विज्ञापन

मई में क्या था गोल्ड का रेट

इंडियन बुलियंस ज्वैलर्स एसोसिएशन की रिपोर्ट के अनुसार 29 मई 2026 को 24 कैरेट गोल्ड का रेट 157043 रुपये प्रति 10 ग्राम के स्तर पर था. शुक्रवार को बुलियंस मार्केट में सोने का भाव 147609 रुपये प्रति 10 ग्राम के स्तर पर पहुंच गया. जोकि 29 मई की तुलना में 9434 रुपये प्रति 10 ग्राम थे.

एक्सपर्ट्स की राय: निवेशकों के लिए 3 जरूरी रणनीतियां

  1. जिन्होंने ऊंचे स्तर पर खरीदा था

इंडिया बुलियन एंड ज्वेलर्स एसोसिएशन (IBJA) के अध्यक्ष और रिद्धि-सिद्धि बुलियंस के एमडी पृथ्वीराज कोठारी का कहना है कि घबराहट में आकर नुकसान पर सोना न बेचें. सोना लंबी अवधि का एसेट है. अगर आपका बजट इजाजत दे, तो गिरावट के दौरान छोटी-छोटी किस्तों में खरीदारी कर अपनी औसत लागत घटाने का प्रयास करें.

विज्ञापन
  1. जिन्हें हालिया तेजी से अच्छा मुनाफा मिला

आनंद राठी शेयर एंड स्टॉक ब्रोकर्स की कमोडिटी रिसर्च एनालिस्ट दिव्या मांडलिया के मुताबिक, मौजूदा ऊंचे भावों पर और अधिक सोना खरीदने से बचें. साथ ही, कीमत गिरने के डर से पूरी तरह बाहर निकलना भी सही नहीं है. वैश्विक कर्ज, भू-राजनीतिक तनाव और केंद्रीय बैंकों की लगातार खरीदारी जैसे बड़े कारण सोने को मजबूत बनाए हुए हैं. इसलिए 3 से 5 साल का नजरिया रखें.

  1. लंबी अवधि (10+ साल) वाले निवेशक

कोटक गोल्ड ईटीएफ जैसे फंड्स ने पिछले एक दशक में निवेशकों को शानदार रिटर्न दिया है. विशेषज्ञों का सुझाव है कि यदि आपके पूरे निवेश पोर्टफोलियो में सोने की हिस्सेदारी 10-15% से अधिक हो गई है, तो आंशिक मुनाफावसूली कर अन्य एसेट्स में रीबैलेंस करें. हालांकि, मुद्रास्फीति से बचाव के लिए पोर्टफोलियो में गोल्ड की बुनियादी होल्डिंग जरूर बनाए रखें.

विज्ञापन

न्यूज 24 पर पढ़ें देश,राष्ट्रीय समाचार (National News),खेल,मनोरंजन,धर्म,लाइफ़स्टाइल,हेल्थ,शिक्षा से जुड़ी हर खबर। ब्रेकिंग न्यूज और लेटेस्ट अपडेट के लिए News 24 App डाउनलोड कर अपना अनुभव शानदार बनाएं।

First published on:

और पढ़ें: हमारे संपादकीय दिशानिर्देश और मानक यहाँ देखें।

लेख समाप्त

लेखक के बारे में

Vijay Jain

Vijay Jain

विजय कुमार न्यूज 24 में बतौर सीनियर न्यूज एडिटर कार्यरत हैं. विजय कुमार ने अपने पत्रकारिता के सफर की शुरुआत प्रिंट मीडिया के साथ की. अपने 23 साल के करियर में वह दैनिक जागरण, अमर उजाला और दैनिक भास्कर जैसे संस्थानों के साथ जुड़े रहे हैं. विजय कुमार राजनीति, चुनाव, क्राइम और करंट अफेयर्स जैसे विषयों पर तथ्यपरक पत्रकारिता के लिए जाने जाते हैं. विजय कुमार ने दैनिक भास्कर में रिपोर्टिंग के दौरान स्टिंग ऑपरेशन भी किए. 23 साल के अनुभव के दौरान विजय कुमार ने करियर के शुरुआती दौर में डेस्क जर्नलिस्ट रहते हुए की. विजय कुमार को 2019 और 2024 के लोकसभा चुनाव के अलावा बिहार, यूपी, बंगाल, राजस्थान और मध्य प्रदेश जैसे राज्यों के विधानसभा चुनाव की ग्राउंड कवरेज का अनुभव है. ग्रामीण उद्योगीकरण में स्नातक की डिग्री होने के कारण विजय कुमार को ग्रामीण इलाकों की समस्याओं और उनसे जुड़ी कवरेज का खासा अनुभव है. अपने लेख के माध्यम से उन्होंने ग्रामीण इलाकों की समस्याओं को प्रमुखता से उठाया है. पत्रकारिता में अनुभव: 23 साल योग्यता, डिग्री / अन्य उपलब्धियां: शैक्षणिक योग्यता की बात करें तो उन्होंने कुरुक्षेत्र विश्वविद्यालय से ग्रामीण उद्योगीकरण विषय में बीए की डिग्री प्राप्त की है. विजय कुमार को पत्रकारिता के क्षेत्र में उत्कृष्ट योगदान के लिए 2017 में 'श्रीफल जर्नलिज्म नेशनल अवॉर्ड' से सम्मानित किया गया.
... और पढ़ें
विज्ञापन
होम पेज पर वापस जाएँ