पितृ पक्ष के शुरुआती दिनों में दिख जाए एक जीव, तो समझिए देवता और पितर दोनों हैं खुश, आने वाले हैं अच्छे दिन

Pitru Paksha 2023

Pitru Paksha 2023

विज्ञापन

Pitru Paksha 2023: हिंदू पंचांग के अनुसार, पितृपक्ष की शुरुआत भाद्रपद माह के पूर्णिमा तिथि से शुरू हो जाता है और यह आश्विन माह के अमावस्या तिथि तक रहता है। यानी पितृ पक्ष पूरे 16 दिनों तक चलता है। पंचांग के अनुसार, इस साल पितृपक्ष की शुरुआत 29 सितंबर 2023 दिन शुक्रवार को रहा है। धार्मिक मान्यताओं के अनुसार, पितृपक्ष में पितरों के तर्पण के लिए दान, श्राद्ध, पिंडदान आदि चीजें की जाती है। लेकिन, क्या आपको पता है इन सभी के बाद भी कुछ ऐसे कार्य होते हैं, जिन्हें करने से पितरों को खुश किया जा सकता है।

ज्योतिष शास्त्र के अनुसार, पितृपक्ष में कौवों का बहुत ही विशेष महत्व होता है। धार्मिक मान्यताओं के अनुसार, कौवा को पितरों का संकेत माना गया है। तो आज इस खबर में जानेंगे कौवे से संबंधित कुछ शुभ और अशुभ बातों के बारे में। तो आइए जानते हैं।

Advertisment

कौवा को छत पर शोर करते देखने का मतलब

ज्योतिष शास्त्र के अनुसार, पितृपक्ष के समय यदि कौवा घर की छत पर शोर मचा रहा है, तो ऐसे संकेत को अशुभ माना गया है। ऐसी मान्यता है कि इस तरह के संकेत घर में कोई बड़ी मुसीबत आने वाली है।

कौवों को घर के सामने बैठने का मतलब

धार्मिक मान्यताओं के अनुसार, यदि सूर्योदय के समय घर के सामने पूर्व दिशा में बैठकर कौवा बैठता है, तो इस संकेत बहुत ही शुभ होता है। ऐसी मान्यता है कि यह संकेत सफलता का संकेत होता है।

विज्ञापन

कौवों का सिर स्पर्श करने का मतलब

यदि पितृ पक्ष के समय में कौवे अपना सिर स्पर्श कर रहा है, तो ऐसे में अहितकारी बात का संकेत मिलता है। शकुन शास्त्र के अनुसार, ऐसा संकेत मृत्यु के लिए घातक माना जाता है।

विज्ञापन

डिस्क्लेमर: यहां दी गई जानकारी ज्योतिष पर आधारित है तथा केवल सूचना के लिए दी जा रही है। News24 इसकी पुष्टि नहीं करता है। किसी भी उपाय को करने से पहले संबंधित विषय के एक्सपर्ट से सलाह अवश्य लें।

विज्ञापन

न्यूज 24 पर पढ़ें देश,राष्ट्रीय समाचार (National News),खेल,मनोरंजन,धर्म,लाइफ़स्टाइल,हेल्थ,शिक्षा से जुड़ी हर खबर। ब्रेकिंग न्यूज और लेटेस्ट अपडेट के लिए News 24 App डाउनलोड कर अपना अनुभव शानदार बनाएं।

First published on:

और पढ़ें: हमारे संपादकीय दिशानिर्देश और मानक यहाँ देखें।

लेख समाप्त
विज्ञापन
होम पेज पर वापस जाएँ