---विज्ञापन---

दुनिया angle-right

पाकिस्तान को सपोर्ट करना तुर्की को पड़ा भारी, JNU ने दिया झटका

पाकिस्तान को सपोर्ट करना तुर्की को बहुत भारी पड़ गया। दिल्ली स्थित जवाहरलाल नेहरू यूनिवर्सिटी ने तुकी की इनोनू यूनिवर्सिटी के साथ समझौते को अगले आदेश तक स्थगित कर दिया है।

---विज्ञापन---

पाकिस्तान को सपोर्ट करना तुर्की को बहुत भारी पड़ गया। दिल्ली स्थित जवाहरलाल नेहरू यूनिवर्सिटी (JNU) ने तुकी की इनोनू यूनिवर्सिटी के साथ समझौते को अगले आदेश तक स्थगित कर दिया है।

जेएनयू राष्ट्र के साथ है खड़ा

जेएनयू ने एक्स पर पोस्ट करते हुए कहा कि राष्ट्रीय सुरक्षा कारणों से यह फैसला लिया गया है। पोस्ट में आगे कहा गया है कि जेएनयू राष्ट्र के साथ खड़ा है। जेएनयू और इनोनू यूनिवर्सिटी तुर्की के बीच समझौते को अगली सूचना निलंबित कर दिया गया है।

---विज्ञापन---

तुर्की और अजरबैजान ने पाक को किया था सपोर्ट

भारत के तुर्की और अजरबैजान के साथ व्यापारिक संबंधों में तनाव आने की आशंका है। बताया जा रहा है कि इन दोनों देशों ने पाकिस्तान को सपोर्ट किया था। साथ ही पाक के आतंकी ठिकानों पर हमले की निंदा की थी। जिसके बाद तुर्की और अजरबैजान का पूरे देश में विरोध हो रहा है। देश के अलग-अलग हिस्से में तुर्की के सामान और पर्यटन का बाहिष्कार करने की मां उठ रही है।

---विज्ञापन---

भारत के कारोबारियों ने बाहिष्कार किया शुरू

देश के कारोबारियों ने तुर्की के सेब और संगमरमर जैसे उत्पादों का बाहिष्कार करना शुरू कर दिया है। दिल्ली, मुंबई, बैंगलुरू समेत अन्य बढ़े महानगरों में कारोबारियों ने तुर्की के सेब और संगमरमर खरीदना बंद कर दिया है।

भारत ने शुरू किया था ऑपरेशन सिंदूर

भारतीय सेना ने 22 अप्रैल को पहलगाम आतंकी हमले के बाद पाकिस्तान और उसके कब्जे वाले कश्मीर में 9 आतंकी ठिकानों को नष्ट करने के लिए 7 मई को ऑपरेशन सिंदूर शुरू किया था। इसके बाद पाकिस्तान द्वारा भी जवाबी हमले के लिए गए, जिसे भारतीय सेना ने नाकाम कर दिया। इसके बाद तुर्की और अजरबैजान ने पाक को सपोर्ट करते हुए हमले की आलोचना की थी।

First published on: May 14, 2025 06:37 PM

End of Article

About the Author

Md Junaid Akhtar

युवा पत्रकार मोहम्मद जुनेद अख्तर करीब 12 साल से मीडिया में काम कर रहे हैं। इन्होंने अपने करियर की शुरुआत साल 2013 में ‘अमर उजाला’ गाजियाबाद से की थी। यहां इन्होंने अखबार में करीब एक साल तक रेलवे, कलेक्ट्रेट और आरडब्ल्यूए जैसी बीट पर काम किया। इसके बाद इन्होंने 2014 में ‘नवोदय टाइम्स‘ के लिए रेलवे, स्पोर्ट्स और एजुकेशन की बीट कवर कीं। करीब एक साल बाद 2015 में इनका ट्रांसफर गाजियाबाद से दिल्ली हो गया। दिल्ली में इन्होंने अल्पसंख्यकों के मुद्दों के साथ जंतर-मंतर पर कई बड़े धरने-प्रदर्शन कवर किए। वर्ष 2016 में इनका ट्रांसफर दिल्ली से नोएडा हो गया। नोएडा में इन्होंने क्राइम बीट पर लगातार करीब तीन साल काम तक किया। इसके बाद 2020 में लॉकडाउन के दौरान इन्हें क्राइम के अलावा गौतमबुद्ध नगर के तीनों प्राधिकरण और दूसरी बीट भी कवर करने का मौका मिला। जुनेद अख्तर ने साल 2024 (जनवरी) में ‘उत्तर प्रदेश टाइम्स’ की डिजिटल टीम को जॉइन कर लिया। इस दौरान इन्होंने ‘उत्तर प्रदेश टाइम्स’ की नोएडा डिजिटल साइट ट्राइसिटी टुडे में भी काम किया। इस बीच 27 फरवरी 2025 को जुनेद अख्तर ने न्यूज 24 डिजिटल टीम को जॉइन कर लिया। यहां जुनेद अख्तर बतौर सब एडिटर काम कर रहे हैं। जुनेद यहां राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय खबरों को लिखते हैं। इसके अलावा नोएडा, ग्रेटर नोएडा और गाजियाबाद की खबरों पर भी नजर रखते हैं।

Read More
---विज्ञापन---
संबंधित खबरें
Sponsored Links by Taboola