‘लेबनान में अपनी हरकतों को तुरंत रोकें, वरना…’, ट्रंप ने ईरान को फिर दी तबाही की खुली धमकी
Trump Warns Iran: अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने ईरान को लेबनान में हिजबुल्लाह की हिंसक गतिविधियां तुरंत रोकने की चेतावनी दी है. ऐसा न करने पर उन्होंने तेहरान पर दोबारा भीषण हमले की धमकी दी.
Trump Warns Iran: अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने रविवार को ईरान को बेहद सख्त लहजे में चेतावनी देते हुए लेबनान में सक्रिय उसके हिजबुल्लाह सहयोगियों को तुरंत काबू में करने को कहा है. ट्रंप ने साफ तौर पर कहा है कि अगर ईरान ने ऐसा नहीं किया तो अमेरिका तेहरान के खिलाफ एक बार फिर से बड़ी सैन्य कार्रवाई शुरू कर सकता है. दिलचस्प बात यह है कि ट्रंप की यह तीखी धमकी ऐसे समय में आई है जब अमेरिका और ईरान के प्रतिनिधिमंडलों के बीच तनाव को कम करने के लिए स्विट्जरलैंड में चार देशों की अहम बातचीत चल रही है. इस बातचीत का मुख्य उद्देश्य मध्य पूर्व के देशों में जारी युद्ध को रोकना और शांति स्थापित करना है, लेकिन ट्रंप के इस रुख से पूरी दुनिया में हलचल मच गई है.
ट्रुथ सोशल पर ट्रंप ने लिखा आक्रामक पोस्ट
डोनाल्ड ट्रंप ने स्विट्जरलैंड में बातचीत का नया दौर शुरू होने के ठीक कुछ मिनट बाद अपने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म 'ट्रुथ सोशल' पर अब तक का सबसे आक्रामक बयान जारी किया. ट्रंप ने अपने पोस्ट में लिखा कि ईरान को लेबनान में अशांति फैला रहे अपने भारी-भरकम भुगतान वाले प्रॉक्सी संगठनों को तुरंत रोकना होगा. उन्होंने आगे चेतावनी देते हुए लिखा कि अगर वे नहीं मानते हैं, तो हम ईरान पर एक बार फिर से बहुत जोरदार हमला करेंगे, ठीक उसी तरह जैसे हमने पिछले हफ्ते किया था, लेकिन इस बार का हमला उससे भी कहीं ज्यादा खतरनाक होगा. ट्रंप की इस खुली धमकी ने चल रही कूटनीतिक वार्ताओं को एक बेहद ही नाजुक मोड़ पर लाकर खड़ा कर दिया है.
लेबनान सीजफायर को लेकर उपराष्ट्रपति जेडी वेंस का बड़ा बयान
इस पूरे मामले पर अमेरिका, ईरान, पाकिस्तान और कतर के बीच हुई उच्च स्तरीय बैठक के बाद अमेरिकी उपराष्ट्रपति जेडी वेंस ने मीडिया से बात की. उन्होंने कहा कि ट्रंप प्रशासन लेबनान में सीजफायर यानी युद्धविराम को बनाए रखने के प्रयासों में लगातार आगे बढ़ रहा है, हालांकि उन्होंने यह भी माना कि वहां जमीनी हालात अभी भी काफी संवेदनशील बने हुए हैं. वेंस ने कहा कि पिछले कुछ दिनों में लेबनान युद्धविराम को मजबूत करने की दिशा में अच्छी प्रगति देखी गई है. उन्होंने स्पष्ट किया कि राष्ट्रपति ट्रंप मध्य पूर्व में एक व्यापक शांति समझौता चाहते हैं और लेबनान में सीजफायर होना इस दिशा में पहला और सबसे महत्वपूर्ण कदम है, जिससे ईरान के साथ भी एक नए अध्याय की शुरुआत हो सकती है.
ईरान की बातचीत आगे बढ़ाने के लिए कई बड़ी शर्तें
दूसरी तरफ ईरान इस बातचीत के अगले चरण में तब तक शामिल होने को तैयार नहीं है जब तक कि उसकी कुछ मुख्य मांगें पूरी नहीं हो जातीं. तेहरान का कहना है कि परमाणु कार्यक्रम पर किसी भी गंभीर चर्चा से पहले लेबनान पर हो रहे हमलों को पूरी तरह रोकना होगा. इसके साथ ही ईरान ने अमेरिका से उन आर्थिक फायदों की भी मांग की है जिसका वादा हालिया समझौतों में किया गया था. ईरान ने अमेरिका पर लेबनान में जारी हिंसा को न रोक पाने का आरोप लगाया है, जहां मार्च से ही हमले चल रहे हैं. इसके अलावा ईरान द्वारा तेल सप्लाई के सबसे महत्वपूर्ण रास्ते 'स्ट्रेट ऑफ हॉर्मुज' की दोबारा की गई नाकेबंदी ने इस पूरे शांति मिशन और अंतरराष्ट्रीय बाजार की चिंताओं को काफी ज्यादा उलझा दिया है.
Trump Warns Iran: अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने रविवार को ईरान को बेहद सख्त लहजे में चेतावनी देते हुए लेबनान में सक्रिय उसके हिजबुल्लाह सहयोगियों को तुरंत काबू में करने को कहा है. ट्रंप ने साफ तौर पर कहा है कि अगर ईरान ने ऐसा नहीं किया तो अमेरिका तेहरान के खिलाफ एक बार फिर से बड़ी सैन्य कार्रवाई शुरू कर सकता है. दिलचस्प बात यह है कि ट्रंप की यह तीखी धमकी ऐसे समय में आई है जब अमेरिका और ईरान के प्रतिनिधिमंडलों के बीच तनाव को कम करने के लिए स्विट्जरलैंड में चार देशों की अहम बातचीत चल रही है. इस बातचीत का मुख्य उद्देश्य मध्य पूर्व के देशों में जारी युद्ध को रोकना और शांति स्थापित करना है, लेकिन ट्रंप के इस रुख से पूरी दुनिया में हलचल मच गई है.
ट्रुथ सोशल पर ट्रंप ने लिखा आक्रामक पोस्ट
डोनाल्ड ट्रंप ने स्विट्जरलैंड में बातचीत का नया दौर शुरू होने के ठीक कुछ मिनट बाद अपने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ‘ट्रुथ सोशल’ पर अब तक का सबसे आक्रामक बयान जारी किया. ट्रंप ने अपने पोस्ट में लिखा कि ईरान को लेबनान में अशांति फैला रहे अपने भारी-भरकम भुगतान वाले प्रॉक्सी संगठनों को तुरंत रोकना होगा. उन्होंने आगे चेतावनी देते हुए लिखा कि अगर वे नहीं मानते हैं, तो हम ईरान पर एक बार फिर से बहुत जोरदार हमला करेंगे, ठीक उसी तरह जैसे हमने पिछले हफ्ते किया था, लेकिन इस बार का हमला उससे भी कहीं ज्यादा खतरनाक होगा. ट्रंप की इस खुली धमकी ने चल रही कूटनीतिक वार्ताओं को एक बेहद ही नाजुक मोड़ पर लाकर खड़ा कर दिया है.
लेबनान सीजफायर को लेकर उपराष्ट्रपति जेडी वेंस का बड़ा बयान
इस पूरे मामले पर अमेरिका, ईरान, पाकिस्तान और कतर के बीच हुई उच्च स्तरीय बैठक के बाद अमेरिकी उपराष्ट्रपति जेडी वेंस ने मीडिया से बात की. उन्होंने कहा कि ट्रंप प्रशासन लेबनान में सीजफायर यानी युद्धविराम को बनाए रखने के प्रयासों में लगातार आगे बढ़ रहा है, हालांकि उन्होंने यह भी माना कि वहां जमीनी हालात अभी भी काफी संवेदनशील बने हुए हैं. वेंस ने कहा कि पिछले कुछ दिनों में लेबनान युद्धविराम को मजबूत करने की दिशा में अच्छी प्रगति देखी गई है. उन्होंने स्पष्ट किया कि राष्ट्रपति ट्रंप मध्य पूर्व में एक व्यापक शांति समझौता चाहते हैं और लेबनान में सीजफायर होना इस दिशा में पहला और सबसे महत्वपूर्ण कदम है, जिससे ईरान के साथ भी एक नए अध्याय की शुरुआत हो सकती है.
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ईरान की बातचीत आगे बढ़ाने के लिए कई बड़ी शर्तें
दूसरी तरफ ईरान इस बातचीत के अगले चरण में तब तक शामिल होने को तैयार नहीं है जब तक कि उसकी कुछ मुख्य मांगें पूरी नहीं हो जातीं. तेहरान का कहना है कि परमाणु कार्यक्रम पर किसी भी गंभीर चर्चा से पहले लेबनान पर हो रहे हमलों को पूरी तरह रोकना होगा. इसके साथ ही ईरान ने अमेरिका से उन आर्थिक फायदों की भी मांग की है जिसका वादा हालिया समझौतों में किया गया था. ईरान ने अमेरिका पर लेबनान में जारी हिंसा को न रोक पाने का आरोप लगाया है, जहां मार्च से ही हमले चल रहे हैं. इसके अलावा ईरान द्वारा तेल सप्लाई के सबसे महत्वपूर्ण रास्ते ‘स्ट्रेट ऑफ हॉर्मुज’ की दोबारा की गई नाकेबंदी ने इस पूरे शांति मिशन और अंतरराष्ट्रीय बाजार की चिंताओं को काफी ज्यादा उलझा दिया है.