अमेरिकी राष्ट्रपति को दुनिया के एक कोने से दूसरे कोने में सुरक्षित पहुंचाने वाला 'एयरफोर्स वन' विमान SAM 29000 (Boeing VC-25A) रिटायर हो गया है। दुनिया के सबसे सुरक्षित, अभेद्य, लग्जरी और ताकतवार विमान ने करीब 35 साल अमेरिका के राष्ट्रपतियों की सेवा की, लेकिन अब यह नजर नहीं आएग। बल्कि इसकी जगह नया मॉडर्न 'एयरफोर्स वन' (Boing 747-8) नजर आएगा, जिसे आज अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने अपना अस्थायी आधिकारिक विमान 'एयरफोर्स वन' घोषित किया। उन्होंने ही इस विमान को लॉन्च भी किया है।
कतर ने गिफ्ट किया था 37 अरब का विमान
अमेरिकी राष्ट्रपति ट्रंप ने मैरीलैंड स्थित जॉइंट बेस एंड्रयूज में नए एयर फोर्स वन का उद्घाटन किया, जिसे VC-25B नाम दिया गया है। यह विमान पिछले साल अमेरिका को अरब देश कतर ने गिफ्ट दिया था। इसकी कीमत करीब 400 मिलियन डॉलर यानी लगभग 37 अरब रुपये है। लाल, सफेद, गहरे नीले और सुनहरे रंग के खास डिजाइन वाले इस विमान को अपना अस्थायी अधिकारिक विमान घोषित करते हुए ट्रंप ने कतर का शुक्रिया अदा किया। उन्होंने नए विमान को दुनिया का सबसे बड़ा, सबसे शानदार, सबसे महंगा और सबसे लग्जरी विमान बताया।
नए विमान आने तक आधिकारिक विमान
अमेरिकी राष्ट्रपति ट्रंप ने घोषणा की है कि इस नए विमान को अस्थायी रूप से ही अमेरिकी राष्ट्रपति की आधिकारिक यात्राओं के लिए इस्तेमाल होगा, इसलिए इसे ब्रिज एयरक्राफ्ट कहा जा रहा है। वहीं इस विमान के अस्थायी इस्तेमाल का मतलब यह है कि जब तक बोइंग कंपनी अमेरिका के राष्ट्रपतियों के लिए नया विमान तैयार नहीं कर देती, तब तक इसी विमान का इस्तेमाल आधिकारिक तौर पर किया जाएगा। बोइंग कंपनी को ऑर्डर किए गए विमान साल 2028 तक आने की उम्मीद है। तब तक यह विमान ही राष्ट्रपति का आधिकारिक विमान कहलाएगा।
राष्ट्रपति की मुहर और अमेरिका का झंडा
राष्ट्रपति ट्रंप ने बताया कि नए एयरफोर्स-वन के निचला हिस्सा गहरे नीले रंग का है। उसके ऊपर एक लाल पट्टी है। बाईं ओर, जहां से राष्ट्रपति एंट्री करते हैं, वहां राष्ट्रपति की मुहर लगी है। वहीं पूंछ पर बड़े आकार में अमेरिकी झंडा बना हुआ है। यह विमान अंदर से एक आलीशान घर जैसा दिखता है। अंदर की दीवारें हल्के भूरे रंग की हैं। चांदी के रंग जैसी फिनिशिंग है और लकड़ी की मजबूत टेबल लगी हैं। हर सीट की सीट बेल्ट पर भी राष्ट्रपति की मुहर लगी है। इसमें बड़े लाउंज, आरामदायक सोफे, बैठक और कॉन्फ्रेंस के लिए केबिन बने हुए हैं। विमान की सीटों को बेड बनाया जा सकता है।
NATO समिट में नए विमान में जाएंगे
राष्ट्रपति ट्रंप ने घोषणा की है कि नया एयरफोर्स वन विमान 4 जुलाई 2026 को अमेरिका के 250वें स्वतंत्रता दिवस के मौके पर आयोजित समारोह में फ्लाईपास्ट भी करेगा। अगले महीने तुर्किये की राजधानी अंकारा में होने वाली NATO समिट में वे इसी विमान से जाएंगे। फ्रांस में हुए G-7 समिट में पुराने एयरफोर्स-वन में गया था, जो अब रिटायर हो चुका है। फ्रांस की यात्रा उस विमान की आखिरी यात्रा थी। एयरफोर्स-वन विमान देश के बहुत जरूरी हैं, क्योंकि जब इन विमानों से हम जर्मनी, रूस, फ्रांस और चीन में उतरते हैं तो कोई भी इस विमान की बराबरी नहीं कर सकता।
अमेरिका में नए विमान पर विवाद छिड़ा
लॉन्चिंग के साथ ही अमेरिका में नए एयरफोर्स वन पर विवाद छिड़ गया है। लोगों ने सवाल उठाया कि किसी दूसरे देश से इतना महंगा गिफ्ट लेना ठीक है? इतने महंगे गिफ्ट की नैतिकता और वैधता सवाल उठाए जा रहे हैं। आलोचक कहते हैं कि अमेरिका में नियम है कि किसी से 50 डॉलर से ज्यादा का गिफ्ट नहीं लिया जा सकता, जबकि नया एयरफोर्स विमान 400 मिलियन डॉलर का है। लेकिन ट्रंप ने आलोचनाओं का जवाब देते हुए कहा कि इतने बड़े ऑफर को ठुकराना बेवकूफी होती।
अमेरिकी राष्ट्रपति को दुनिया के एक कोने से दूसरे कोने में सुरक्षित पहुंचाने वाला ‘एयरफोर्स वन’ विमान SAM 29000 (Boeing VC-25A) रिटायर हो गया है। दुनिया के सबसे सुरक्षित, अभेद्य, लग्जरी और ताकतवार विमान ने करीब 35 साल अमेरिका के राष्ट्रपतियों की सेवा की, लेकिन अब यह नजर नहीं आएग। बल्कि इसकी जगह नया मॉडर्न ‘एयरफोर्स वन’ (Boing 747-8) नजर आएगा, जिसे आज अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने अपना अस्थायी आधिकारिक विमान ‘एयरफोर्स वन’ घोषित किया। उन्होंने ही इस विमान को लॉन्च भी किया है।
कतर ने गिफ्ट किया था 37 अरब का विमान
अमेरिकी राष्ट्रपति ट्रंप ने मैरीलैंड स्थित जॉइंट बेस एंड्रयूज में नए एयर फोर्स वन का उद्घाटन किया, जिसे VC-25B नाम दिया गया है। यह विमान पिछले साल अमेरिका को अरब देश कतर ने गिफ्ट दिया था। इसकी कीमत करीब 400 मिलियन डॉलर यानी लगभग 37 अरब रुपये है। लाल, सफेद, गहरे नीले और सुनहरे रंग के खास डिजाइन वाले इस विमान को अपना अस्थायी अधिकारिक विमान घोषित करते हुए ट्रंप ने कतर का शुक्रिया अदा किया। उन्होंने नए विमान को दुनिया का सबसे बड़ा, सबसे शानदार, सबसे महंगा और सबसे लग्जरी विमान बताया।
नए विमान आने तक आधिकारिक विमान
अमेरिकी राष्ट्रपति ट्रंप ने घोषणा की है कि इस नए विमान को अस्थायी रूप से ही अमेरिकी राष्ट्रपति की आधिकारिक यात्राओं के लिए इस्तेमाल होगा, इसलिए इसे ब्रिज एयरक्राफ्ट कहा जा रहा है। वहीं इस विमान के अस्थायी इस्तेमाल का मतलब यह है कि जब तक बोइंग कंपनी अमेरिका के राष्ट्रपतियों के लिए नया विमान तैयार नहीं कर देती, तब तक इसी विमान का इस्तेमाल आधिकारिक तौर पर किया जाएगा। बोइंग कंपनी को ऑर्डर किए गए विमान साल 2028 तक आने की उम्मीद है। तब तक यह विमान ही राष्ट्रपति का आधिकारिक विमान कहलाएगा।
राष्ट्रपति की मुहर और अमेरिका का झंडा
राष्ट्रपति ट्रंप ने बताया कि नए एयरफोर्स-वन के निचला हिस्सा गहरे नीले रंग का है। उसके ऊपर एक लाल पट्टी है। बाईं ओर, जहां से राष्ट्रपति एंट्री करते हैं, वहां राष्ट्रपति की मुहर लगी है। वहीं पूंछ पर बड़े आकार में अमेरिकी झंडा बना हुआ है। यह विमान अंदर से एक आलीशान घर जैसा दिखता है। अंदर की दीवारें हल्के भूरे रंग की हैं। चांदी के रंग जैसी फिनिशिंग है और लकड़ी की मजबूत टेबल लगी हैं। हर सीट की सीट बेल्ट पर भी राष्ट्रपति की मुहर लगी है। इसमें बड़े लाउंज, आरामदायक सोफे, बैठक और कॉन्फ्रेंस के लिए केबिन बने हुए हैं। विमान की सीटों को बेड बनाया जा सकता है।
NATO समिट में नए विमान में जाएंगे
राष्ट्रपति ट्रंप ने घोषणा की है कि नया एयरफोर्स वन विमान 4 जुलाई 2026 को अमेरिका के 250वें स्वतंत्रता दिवस के मौके पर आयोजित समारोह में फ्लाईपास्ट भी करेगा। अगले महीने तुर्किये की राजधानी अंकारा में होने वाली NATO समिट में वे इसी विमान से जाएंगे। फ्रांस में हुए G-7 समिट में पुराने एयरफोर्स-वन में गया था, जो अब रिटायर हो चुका है। फ्रांस की यात्रा उस विमान की आखिरी यात्रा थी। एयरफोर्स-वन विमान देश के बहुत जरूरी हैं, क्योंकि जब इन विमानों से हम जर्मनी, रूस, फ्रांस और चीन में उतरते हैं तो कोई भी इस विमान की बराबरी नहीं कर सकता।
अमेरिका में नए विमान पर विवाद छिड़ा
लॉन्चिंग के साथ ही अमेरिका में नए एयरफोर्स वन पर विवाद छिड़ गया है। लोगों ने सवाल उठाया कि किसी दूसरे देश से इतना महंगा गिफ्ट लेना ठीक है? इतने महंगे गिफ्ट की नैतिकता और वैधता सवाल उठाए जा रहे हैं। आलोचक कहते हैं कि अमेरिका में नियम है कि किसी से 50 डॉलर से ज्यादा का गिफ्ट नहीं लिया जा सकता, जबकि नया एयरफोर्स विमान 400 मिलियन डॉलर का है। लेकिन ट्रंप ने आलोचनाओं का जवाब देते हुए कहा कि इतने बड़े ऑफर को ठुकराना बेवकूफी होती।