Add News24 as a Preferred Source Add news 24 as a Preferred Source

---विज्ञापन---

दुनिया

बांग्लादेश में जमात इस्लामी से प्रतिबंध हटा, सुप्रीम कोर्ट ने पलटा शेख हसीना का फैसला

बांग्लादेश की सुप्रीम कोर्ट ने पूर्व पीएम शेख हसीना का फैसला पलटते हुए कट्टरपंथी संगठन जमात इस्लामी से प्रतिबंध हटा दिया है। ऐसे में अब जमात इस्लामी अगला चुनाव लड़ेगा।

Author
Written By: News24 हिंदी Updated: Jun 2, 2025 12:30
Jamaat-e-Islami ban lifted
प्रतिबंध हटने के बाद खुशी मनाते नेता। (Pic Credit- X)

बांग्लादेश में इन दिनों राजनीतिक हालात तेजी से बदल रहे हैं। सुप्रीम कोर्ट ने प्रतिबंधित कट्टरपंथी संगठन जमात-ए-इस्लामी पर लगा प्रतिबंध हटा लिया है। अब जमात इस्लामी अगला चुनाव लड़ेगी। इस संगठन पर शेख हसीना ने पीएम रहते प्रतिबंध लगाया था। संगठन पर देश विरोधी गतिविधियों में सलंग्न होने के आरोप लगते रहे हैं।

ऐसे में अब जमात इस्लामी अगले चुनाव में उम्मीदवार उतारेगी। इसके साथ उसके अरेस्ट किए गए नेताओं को जल्द ही रिहा किया जाएगा। जमात शेख हसीना का सबसे बड़ा विरोधी थी। जानकारी के अनुसार वह बांग्लादेश के संस्थापक शेख मुजीबुर्र रहमान को भी गलत मानता है। संगठन 1971 में पाकिस्तान से स्वतंत्रता का विरोध करने वालों दलों में से एक था।

---विज्ञापन---

अवामी लीग पर प्रतिबंध बढ़े

बता दें कि एक ओर कट्टरपंथी दल जमात इस्लामी से प्रतिबंध हटाया गया है तो वहीं दूसरी ओर शेख हसीना की पार्टी पर सख्त प्रतिबंध लगाया गया है। बता दें कि अवामी लीग की वेबसाइट पर भी बैन लगा दिया गया है। इसके अलावा अवामी लीग के डिजिटल प्लेटफॉर्म को भी बैन कर दिया गया है।

कोर्ट के आदेश से यूनुस सरकार बैचेन

बांग्लादेश में लगातार शेख हसीना की मुश्किलें बढ़ती जा रही है। एक ओर जहां वह भारत में निर्वासित जीवन काट रही है तो वहीं दूसरी ओर बांग्लादेश के अंतर्राष्ट्रीय न्यायाधिकरण ने पूर्व पीएम शेख हसीना को 16 जून को न्यायाधिकरण के समक्ष पेश करने के लिए बांग्लादेश की अंतरिम सरकार को आदेश दिए हैं। गौरतलब है कि बांग्लादेशन में पिछले साल अगस्त में हुए छात्र प्रदर्शन में पुलिसिया कार्रवाई को लेकर कोर्ट ने यह आदेश सुनाया है। ऐसे में अब बांग्लादेश की अंतरिम सरकार और भारत के बीच संबंध और ज्यादा तल्ख हो सकते हैं।

---विज्ञापन---

ये भी पढ़ेंः शातिर निकले जेलेंस्की, इस्तांबुल वार्ता से पहले रूस पर हमला, अब भेजा समझौते का ज्ञापन

इससे पहले बांग्लादेश में यूनुस सरकार की मुश्किलें बढ़ गई है। बीएनपी समेत कई पार्टियां यूनुस सरकार से जल्द चुनाव करवाने को कह रही है लेकिन यूनुस बिना चुनाव के ही अगले 5 साल तक शासन चलाना चाहते हैं। ऐसे में उनके खिलाफ लगातार प्रदर्शन हो रहे हैं। सेना एक बार फिर सड़कों पर उतर आई है।

ये भी पढ़ेंः Colorado Terror Attack: कौन है मोहम्मद सबरी सोलिमन? जिसने कोलोराडो में आतंकी हमले को दिया अंजाम

First published on: Jun 02, 2025 12:10 PM

संबंधित खबरें