---विज्ञापन---

दुनिया angle-right

कौन हैं बलूच लीडर मीर यार, जिन्होंने ‘आजाद बलूचिस्तान’ को दुनिया भर में कराया ट्रेंड

बलूचिस्तान ने खुद को एक आजाद मुल्क घोषित कर दिया है। बलूच नेता मीर यार ने अपने एक्स हैंडल से ट्विट कर इसकी जानकादी दी है। जिसके बाद से पूरी दुनिया में बलूचिस्तान की चर्चा हो रही है और बलूच नेता मीर यार का नाम सबकी जुबान पर है।

---विज्ञापन---

भारत से तनाव के बीच पाकिस्तान के अपने देश में भी बुरी तरह घिर गया है। इस बीच बलूचिस्तान ने खुद को एक आजाद मुल्क घोषित कर दिया है। बलूच नेता मीर यार ने अपने एक्स हैंडल से ट्विट कर इसकी जानकादी दी है। जिसके बाद से पूरी दुनिया में बलूचिस्तान की चर्चा हो रही है और बलूच नेता मीर यार का नाम सबकी जुबान पर है। आइए आपको बताते हैं कि बलूचिस्तान को देश घोषित करने वाले मीर यार कौन हैं?

दुनिया भर बलूचिस्तान को कराया ट्रेंड

---विज्ञापन---

बलूच नेता मीर यार बलोच एक लेखक, स्वतंत्र पत्रकार और मानवाधिकार कार्यकर्ता हैं। मीर यार कई वर्षों से आजाद बलूचिस्तान के आंदोलन को लीड कर रहे हैं। बलूच नेता समय-समय पर अंतरराष्ट्रीय मंचों पर बलूच लोगों के अधिकारों के लिए आवाज उठाते रहते हैं। हाल ही में उन्होंने एक्स पर किए अपने पोस्ट से दुनिया को चौंका दिया है। उन्होंने कहा कि बलूचिस्तान अब पाकिस्तान का अंग नहीं है। उन्होंने बलूचिस्तान को आजाद देश घोषित कर दिया है। उनके इस बयान के बाद बलूचिस्तान की आजादी की मुहिम को नया बल मिला है। इसके बाद से दुनिया भर में बलूचिस्तान ट्रेंड कर रहा है।

आतंकियों के पीछे पाक सेना

---विज्ञापन---

बलूच नेता मीर यार का कहना है कि दुनिया अब मूक दर्शक नहीं रह सकती। बलूच लोगों ने दुनिया को अपना फैसला बता दिया है। इसके बाद बलूच युवाओं में उत्साह भर रहा है। मीर यार ने भारत से भी समर्थन मांगा है और दिल्ली में दूतावास खोलने की अनुमति मांगी है। उन्होंने ऑपरेशन सिंदूर के दौरान भारत का समर्थन किया है और पाकिस्तान के खिलाफ खुलकर बोले थे। बलूच नेता ने कहा कि पाकिस्तान आतंकियों को पनाह देने वाला देश है। इसमें पाक सेना का बड़ा रोल है।

पाक सेना में 98% पंजाबी, नहीं जानते बलूच

---विज्ञापन---

मीर यार बलूच का कहना है कि पाक सेना की 98% जनसंख्या पंजाबी है, जो बलूच भाषा तक नहीं जानती है। उन्होंने कहा कि आर्मी ट्रांसलेटरों के जरिए स्थानीय लोगों से बात करती है। वहीं बलूचिस्तान के बंदरगाहों और समुद्री रास्तों का पाकिस्तान इस्तेमाल करता है, जबकि स्थानीय लोगों को उनका हक नहीं दिया जाता है।

First published on: May 15, 2025 10:08 PM

End of Article

About the Author

Md Junaid Akhtar

युवा पत्रकार मोहम्मद जुनेद अख्तर करीब 12 साल से मीडिया में काम कर रहे हैं। इन्होंने अपने करियर की शुरुआत साल 2013 में ‘अमर उजाला’ गाजियाबाद से की थी। यहां इन्होंने अखबार में करीब एक साल तक रेलवे, कलेक्ट्रेट और आरडब्ल्यूए जैसी बीट पर काम किया। इसके बाद इन्होंने 2014 में ‘नवोदय टाइम्स‘ के लिए रेलवे, स्पोर्ट्स और एजुकेशन की बीट कवर कीं। करीब एक साल बाद 2015 में इनका ट्रांसफर गाजियाबाद से दिल्ली हो गया। दिल्ली में इन्होंने अल्पसंख्यकों के मुद्दों के साथ जंतर-मंतर पर कई बड़े धरने-प्रदर्शन कवर किए। वर्ष 2016 में इनका ट्रांसफर दिल्ली से नोएडा हो गया। नोएडा में इन्होंने क्राइम बीट पर लगातार करीब तीन साल काम तक किया। इसके बाद 2020 में लॉकडाउन के दौरान इन्हें क्राइम के अलावा गौतमबुद्ध नगर के तीनों प्राधिकरण और दूसरी बीट भी कवर करने का मौका मिला। जुनेद अख्तर ने साल 2024 (जनवरी) में ‘उत्तर प्रदेश टाइम्स’ की डिजिटल टीम को जॉइन कर लिया। इस दौरान इन्होंने ‘उत्तर प्रदेश टाइम्स’ की नोएडा डिजिटल साइट ट्राइसिटी टुडे में भी काम किया। इस बीच 27 फरवरी 2025 को जुनेद अख्तर ने न्यूज 24 डिजिटल टीम को जॉइन कर लिया। यहां जुनेद अख्तर बतौर सब एडिटर काम कर रहे हैं। जुनेद यहां राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय खबरों को लिखते हैं। इसके अलावा नोएडा, ग्रेटर नोएडा और गाजियाबाद की खबरों पर भी नजर रखते हैं।

Read More
---विज्ञापन---
संबंधित खबरें
Sponsored Links by Taboola