---विज्ञापन---

ज्ञानवापी के वजूखाने को लेकर कोर्ट ने सुनाया अहम फैसला, हिंदू-मुस्लिम पक्ष में बनी मौखिक सहमति

Gyanvapi case important decision: ज्ञानवापी परिसर के सील किए गए वजूखाना क्षेत्र के सील कपड़े को बदलने को लेकर वाराणसी जिला कोर्ट में अहम सुनवाई हुई. इस दौरान हिंदू और मुस्लिम पक्ष में सील कपड़े को बदलने को लेकर मौखिक सहमति बनी. अगली सुनवाई 29 अक्टूबर को होगी.

---विज्ञापन---

Gyanvapi case important decision: ज्ञानवापी परिसर के सील किए गए वजूखाना क्षेत्र के कपड़ा बदलने की तारीख 29 अक्टूबर को तय होगी. इस मामले में कोर्ट में हुई अहम सुनवाई के दौरान हिंदू और मुस्लिम पक्ष में सील कपड़े को बदलने को लेकर मौखिक सहमति बनी. इस मामले में 29 अक्टूबर को कोर्ट में सुनवाई फिर होगी. सुनवाई के बाद सील का कपड़ा बदला जाएगा. सील का कपड़ा बदलने को लेकर याचिका दाखिल की गई थी. सुप्रीम कोर्ट के आदेश के बाद ​ज्ञानवापी परिसर में वजूखाना सील हुआ था.

जिला जज की कोर्ट ने सुनाया फैसला

वाराणसी में ज्ञानवापी परिसर के सील किए गए वजूखाना क्षेत्र को ढकने वाले जर्जर कपड़े को बदलने के मामले में जिला जज की कोर्ट ने आज अपना फैसला सुना दिया है. कोर्ट ने जिला प्रशासन के प्रार्थना पत्र पर सुनवाई पूरी करते हुए निर्णय सुरक्षित रखा है, लेकिन यह स्पष्ट किया है कि सील किए गए कपड़े को कब बदला जाएगा, इसकी तारीख अब 29 अक्टूबर को तय की जाएगी.

---विज्ञापन---

​कोर्ट ने दोनों पक्षों को सुना

​कोर्ट ने सील एरिया की सुरक्षा और जीर्ण कपड़े को बदलने को लेकर दायर किए गए जिला प्रशासन के प्रार्थना पत्र पर दोनों पक्षों (हिंदू और मुस्लिम पक्ष) की दलीलें सुनीं. यह परिसर सुप्रीम कोर्ट के आदेश से सील है. सुरक्षा के मद्देनजर जर्जर कपड़े को बदलने की आवश्यकता बताई गई थी.

​अगली सुनवाई 29 अक्टूबर को

​कोर्ट ने फैसला सुनाते हुए आदेश दिया है कि आगामी 29 अक्टूबर को सुबह 9 बजे एक बार फिर दोनों पक्षों को सुना जाएगा. इसी सुनवाई के दौरान यह अंतिम रूप से तय किया जाएगा कि सील एरिया में कपड़ा बदलने का कार्य किस दिन और किस प्रक्रिया के तहत किया जाएगा.

---विज्ञापन---

First published on: Oct 24, 2025 05:10 PM

End of Article

About the Author

Vijay Kumar

विजय कुमार न्यूज 24 में बतौर सीनियर न्यूज एडिटर कार्यरत हैं. विजय कुमार ने अपने पत्रकारिता के सफर की शुरुआत प्रिंट मीडिया के साथ की. अपने 23 साल के करियर में वह दैनिक जागरण, अमर उजाला और दैनिक भास्कर जैसे संस्थानों के साथ जुड़े रहे हैं. विजय कुमार राजनीति, चुनाव, क्राइम और करंट अफेयर्स जैसे विषयों पर तथ्यपरक पत्रकारिता के लिए जाने जाते हैं. विजय कुमार ने दैनिक भास्कर में रिपोर्टिंग के दौरान स्टिंग ऑपरेशन भी किए. 23 साल के अनुभव के दौरान विजय कुमार ने करियर के शुरुआती दौर में डेस्क जर्नलिस्ट रहते हुए की. विजय कुमार को 2019 और 2024 के लोकसभा चुनाव के अलावा बिहार, यूपी, बंगाल, राजस्थान और मध्य प्रदेश जैसे राज्यों के विधानसभा चुनाव की ग्राउंड कवरेज का अनुभव है. ग्रामीण उद्योगीकरण में स्नातक की डिग्री होने के कारण विजय कुमार को ग्रामीण इलाकों की समस्याओं और उनसे जुड़ी कवरेज का खासा अनुभव है. अपने लेख के माध्यम से उन्होंने ग्रामीण इलाकों की समस्याओं को प्रमुखता से उठाया है. पत्रकारिता में अनुभव: 23 साल योग्यता, डिग्री / अन्य उपलब्धियां: शैक्षणिक योग्यता की बात करें तो उन्होंने कुरुक्षेत्र विश्वविद्यालय से ग्रामीण उद्योगीकरण विषय में बीए की डिग्री प्राप्त की है. विजय कुमार को पत्रकारिता के क्षेत्र में उत्कृष्ट योगदान के लिए 2017 में 'श्रीफल जर्नलिज्म नेशनल अवॉर्ड' से सम्मानित किया गया.

Read More
---विज्ञापन---
संबंधित खबरें
Sponsored Links by Taboola