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श्री राम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र की तरफ से बताया गया कि अयोध्या में राम मंदिर निर्माण से संबंधित सभी कार्य पूरे हो चुके हैं. मंदिर निर्माण कार्य मंदिर का शिलान्यास होने के एक साल से अधिक समय के बाद पूरा हुआ है. राम मंदिर का उद्घाटन 22 जनवरी 2024 को हुआ था, हालांकि तब मंदिर का निर्माण पूरी तरह से खत्म नहीं हुआ था.

श्री राम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र के सोशल मीडिया अकाउंट से दी गई जानकारी में कहा गया है कि प्रभु श्री रामलला सरकार के सभी भक्तों को अत्यंत हर्ष के साथ सूचित किया जाता है कि मंदिर निर्माण का कार्य पूर्ण हो चुका है. इसमें मुख्य मंदिर और परिसर के भीतर स्थित महादेव, गणेश जी, हनुमान जी, सूर्यदेव, मां भगवती और मां अन्नपूर्णा को समर्पित छह मंदिर, साथ ही शेषावतार मंदिर भी शामिल हैं. इन मंदिरों पर ध्वजा और कलश स्थापित किए जा चुके हैं.

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आगे बताया गया कि इसके अतिरिक्त, ऋषि वाल्मीकि, ऋषि वशिष्ठ, ऋषि विश्वामित्र, ऋषि अगस्त्य, निषादराज, शबरी और देवी अहिल्या को समर्पित सात मंडप भी पूर्ण हो चुके हैं. संत तुलसीदास मंदिर भी पूर्ण हो चुका है और जटायु तथा गिलहरी की मूर्तियां स्थापित की जा चुकी हैं. भक्तों की सुविधा और व्यवस्था से संबंधित सभी कार्य पूर्ण हो चुके हैं. योजना के अनुसार, एलएंडटी द्वारा सड़क निर्माण और पत्थर की फर्शिंग का कार्य किया जा रहा है, जबकि जीएमआर द्वारा 10 एकड़ में भूनिर्माण, हरियाली और पंचवटी के विकास का कार्य तेजी से किया जा रहा है.

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श्री राम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र की तरफ से बताया गया कि केवल वे ही कार्य चल रहे हैं जो सीधे तौर पर जनता से संबंधित नहीं हैं, जैसे 3.5 किलोमीटर लंबी चारदीवारी, ट्रस्ट कार्यालय, गेस्ट हाउस, ऑडिटोरियम आदि.

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बता दें कि राम मंदिर का शिलन्यास जनवरी 2024 में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की मौजूदगी में हुआ था. तब देश के तमाम बड़ी हस्तियां और नेता इस कार्यक्रम में शामिल हुए थे. हालांकि तब मंदिर का निर्माण पूरी तरह से नहीं हुआ था. मंदिर पर कलश भी स्थापित नहीं हुआ था लेकिन अब मंदिर पूरी तरह से बनकर तैयार हो चुका है.

First published on: Oct 27, 2025 03:18 PM

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