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RBI ने मुंबई के 52 साल पुराने बैंक का लाइसेंस किया रद्द, अब ग्राहक अपने पैसों के लिए किसके पास जाएंगे?

आरबीआई ने मुंबई के सर्वोदय को-ऑपरेटिव बैंक का लाइसेंस रद्द कर दिया है. बैंक की कमजोर फाइनेंशियल कंडिशन को देखते हुए ये फैसला लिया गया. अकाउंट होल्डर्स को DICGC के तहत 5 लाख रुपये तक की राशि मिलने का नियम है.

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Written By: Varsha Sikri Updated: May 12, 2026 23:29
RBI Cancels Licence of Mumbai’s Sarvodaya Co-operative Bank
Credit: Social Media

भारतीय रिजर्व बैंक यानी RBI ने मुंबई में मौजूद सर्वोदय को-ऑपरेटिव बैंक का बैंकिंग लाइसेंस रद्द कर दिया है. केंद्रीय बैंक ने ये बड़ा कदम बैंक की खराब आर्थिक स्थिति और नियमों के पालन में लगातार हो रही गलतियों की वजह से उठाया है. RBI के इस फैसले के बाद अब ये बैंक 12 मई 2026 के कारोबार बंद होने के बाद किसी भी तरह की बैंकिंग सेवा नहीं दे सकेगा. आरबीआई के मुताबिक बैंक के पास पर्याप्त पूंजी नहीं बची थी और आने वाले वक्त में कमाई की उम्मीद भी बेहद कमजोर थी. ऐसे में बैंक को ऑपरेट करना ग्राहकों के लिए सही नहीं माना गया. केंद्रीय बैंक ने कहा कि अगर बैंक को आगे भी काम करने दिया जाता, तो अकाउंट होल्डर्स पर नेगेटिव असर पड़ता है.

RBI ने क्या किया?

RBI ने महाराष्ट्र के कमिश्नर ऑफ कॉपरेशन और co-operative societies के रजिस्ट्रार को बैंक को बंद करने की प्रोसेस शुरू कर दी है. RBI ने इसे पूरा करने के लिए और एक लिक्विडेटर नियुक्त करने का निर्देश भी दिया है. इसके साथ ही बैंक को नया डिपोजिट लेने और ग्राहकों को भुगतान करने जैसी सभी बैंकिंग एक्टिविटीज से रोक दिया गया है. हालांकि ग्राहकों के लिए राहत की बात ये है कि जमा राशि पूरी तरह डूबेगी नहीं. डिपॉजिट इंश्योरेंस एंड क्रेडिट गारंटी कॉरपोरेशन यानी DICGC के नियमों के तहत हर एक जमाकर्ता को 5 लाख रुपये तक का बीमा कवर मिलेगा. RBI के मुताबिक, 31 मार्च 2026 तक DICGC पहले ही करोड़ों रुपये का भुगतान कर चुका है.

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पहले भी लगे थे बैन

गौरतलब है कि अप्रैल 2024 में भी RBI ने सर्वोदय को-ऑपरेटिव बैंक पर कई बैन लगाए थे. उस समय ग्राहकों के पैसे निकालने की सीमा तय कर दी गई थी और बैंक को नई लोन एक्टिविटीज से भी रोका गया था. बाद में इन प्रतिबंधों को कई बार बढ़ाया गया. इससे साफ संकेत मिल रहे थे कि बैंक की आर्थिक हालत लगातार खराब हो रही है. एक्सपर्ट्स का कहना है कि को-ऑपरेटिव बैंकों में पैसा जमा करने से पहले ग्राहकों को बैंक की फाइनेंशियल कंडिशन और RBI के निर्देशों की जानकारी जरूर रखनी चाहिए. पिछले कुछ सालों में कई सहकारी बैंकों पर कार्रवाई हुई है, जिससे जमाकर्ताओं की चिंता बढ़ी है.

First published on: May 12, 2026 11:29 PM

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