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‘एकनाथ शिंदे भावुक स्वभाव के हैं’ महाराष्ट्र के सीएम देवेंद्र फडणवीस ने क्यों कही ये बात? अजित पवार को बताया ‘प्रैक्टिकल’

Devendra Fadnavis statement on Eknath Shinde: सीएम देवेंद्र फडणवीस ने कहा कि हिंदुत्व और विकास एक ही सिक्के के दो पहलू हैं। भारतीय मुसलमान एक अलग प्रार्थना शैली का पालन करते हैं, लेकिन वे अरब से नहीं आए हैं। ये हमारे अतीत के हिंदू भाई हैं

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Devendra Fadnavis statement on Eknath Shinde: देवेन्द्र फडणवीस ने गुरुवार को महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री के रूप में शपथ ली, जबकि एकनाथ शिंदे और अजित पवार ने उपमुख्यमंत्री के रूप में शपथ ली है। शपथ लेने से पहले मीडिया में चर्चा थी कि एकनाथ शिंदे नई सरकार में अपनी जिम्मेदारियों से संतुष्ट नहीं हैं और वह नाराज हैं।

शुक्रवार को देवेन्द्र फडणवीस ने इस मुद्दे पर खुलकर बात की। मीडिया को दिए बयान में उन्होंने कहा कि पूर्व सीएम एकनाथ शिंदे नाराज नहीं हैं। उन्होंने उन आरोपों को भी सिरे से खारिज कर दिया कि शिंदे की नाराजगी के कारण ही सरकार गठन में अत्यधिक देरी हो रही है। देवेन्द्र फडणवीस ने स्पष्ट कहा कि एकनाथ शिंदे थोड़े भावुक स्वभाव के हैं, जबकि अजित पवार राजनीतिक में उनसे अधिक व्यावहारिक नजरिया रखते हैं। मैं दोनों से जुड़ा हुआ हूं।

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सरकार गठन में नहीं हुई कोई ज्यादा देरी

देवेंद्र फडणवीस ने कहा कि महायुति गठबंधन सरकार ने अपने पिछले ढाई साल के कार्यकाल में कई उतार-चढ़ाव देखें हैं। जिसमें एकनाथ शिंदे, अजित पवार समेत सभी राजनेता और पार्टी साथ खड़े रहे और आगे भी साथ काम करेंगे। उन्होंने कहा कि सरकार गठन में कोई बहुत ज्यादा देरी नहीं हुई।

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कुछ लोग चाहते थे कि एकनाथ शिंदे समन्वय समिति के अध्यक्ष बनें

सीएम ने कहा कि  मुझे नहीं लगता कि एकनाथ शिंदे किसी मुद्दे पर नाराज हैं।  उन्होंने कहा कि राजनीतिक में एक गुट जरूर चाहता था कि शिंदे समन्वय समिति के अध्यक्ष बनें। दिल्ली में हमारी बैठक के दौरान उन्होंने (एकनाथ शिंदे) माना था कि चूंकि भाजपा के पास ज़्यादा विधायक हैं, इसलिए मुख्यमंत्री पार्टी से ही होना चाहिए।

हिंदुत्व और विकास एक ही सिक्के के दो पहलू हैं

सीएम देवेंद्र फडणवीस ने कहा कि हिंदुत्व और विकास एक ही सिक्के के दो पहलू हैं। भारतीय मुसलमान एक अलग प्रार्थना शैली का पालन करते हैं, लेकिन वे अरब से नहीं आए हैं। ये हमारे अतीत के हिंदू भाई हैं। बता दें इससे पहले शुक्रवार को शिवसेना नेता उदय सामंत ने कहा कि एकनाथ शिंदे नई महाराष्ट्र सरकार में शामिल नहीं होना चाहते थे और इसकी बजाय अपनी पार्टी को मजबूत करने पर ध्यान केंद्रित करना चाहते थे। लेकिन शिवसेना प्रमुख पार्टी नेताओं की मांग के कारण नरम पड़ गए हैं।

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ये भी पढ़ें: क्यों अनुपम उदाहरण बन गया Maharashtra CM का शपथ ग्रहण समारोह? मन को छू गई ये पहल

First published on: Dec 07, 2024 09:21 AM

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About the Author

Amit Kasana

अमित कसाना: पत्रकारिता की दुनिया में एक सिद्धहस्त कहानीकार अमित कसाना सिर्फ खबरें नहीं लिखते बल्कि उन्हें बारीकी से संवारते हैं ताकि पाठकों तक सटीक, ताजा और प्रभावी जानकारी पहुंचे. News 24 में न्यूज एडिटर के रूप में उनकी भूमिका समाचारों को प्रस्तुत करने से कहीं अधिक है, वह उन्हें संदर्भ और दृष्टिकोण के साथ गढ़ते हैं. 2008 में 'दैनिक जागरण' से अपनी यात्रा शुरू करने वाले अमित ने 'दैनिक भास्कर' और 'हिंदुस्तान' जैसे प्रतिष्ठित प्रकाशनों में भी अपनी पहचान बनाई. 17 वर्षों के लंबे अनुभव के साथ उन्होंने पत्रकारिता के हर पहलू को बारीकी से समझा, चाहे वह प्रिंट, टेलीविजन या डिजिटल मीडिया हो. राजनीति, अपराध, खेल, मनोरंजन, कानून, ऑटोमोबाइल, लाइफस्टाइल और अंतरराष्ट्रीय मामलों से जुड़े विषयों की रिपोर्टिंग में उनकी गहरी पकड़ है. ब्रेकिंग न्यूज की रोमांचक दुनिया, खोजी पत्रकारिता की गहराई और तथ्यपूर्ण रिपोर्टिंग का संयोजन अमित की कार्यशैली की पहचान है. News 24 में उनका लक्ष्य स्पष्ट है समाचारों को त्वरितता और सटीकता के साथ प्रस्तुत करना ताकि पाठकों को भरोसेमंद और सार्थक जानकारी मिल सके.

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