Junagadh Suicide Case: गुजरात के जूनागढ़ में सहकारी और ग्रामीण कृषि बैंक के 52 वर्षीय मैनेजर कनुभाई ने अपने कमरे में पंखे से लटककर सुसाइड कर लिया। इसकी जानकारी मिलने के बाद पुलिस ने मौके पर पहुंचकर इस मामले की जांच शुरू कर दी है।
क्या है पूरा मामला
पुलिस के अनुसार, कनुभाई पिछले 20 साल से बैंक में मैनेजर की पोस्ट पर कार्यरत थे और इस दौरान कई जिलों में उनका ट्रांसफर हुआ था। फिलहाल, वे जूनागढ़ में तैनात थे और बैंक के गेस्ट हाउस में रह रहे थे। इसी गेस्ट हाउस में सोमवार को पंखे से लटककर अपनी जीवन लीला समाप्त कर ली। पुलिस ने इसे आकस्मिक मौत का मामला दर्ज कर जांच पड़ताल शुरू कर दी है। मृतक के पास से एक सुसाइड नोट भी मिला था।
परिवार का क्या कहना है
परिवार के मुताबिक, कनुभाई के दो बेटे थे, जिनमें से छोटे बेटे ने डेढ़ साल पहले सुसाइड कर लिया था। उस समय कनुभाई ने बेटे को किसी बात के लिए टोका था, जिसके बाद उसने यह कदम उठाया। छोटे बेटे की मौत के बाद से कनुभाई काफी तनाव में थे और उसी दुख में ऐसा खौफनाक कदम उठा लिया। पुलिस और परिवार के मुताबिक, कनुभाई अपने बेटे की मौत को भूला नहीं पाए थे।
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Junagadh Suicide Case: गुजरात के जूनागढ़ में सहकारी और ग्रामीण कृषि बैंक के 52 वर्षीय मैनेजर कनुभाई ने अपने कमरे में पंखे से लटककर सुसाइड कर लिया। इसकी जानकारी मिलने के बाद पुलिस ने मौके पर पहुंचकर इस मामले की जांच शुरू कर दी है।
क्या है पूरा मामला
पुलिस के अनुसार, कनुभाई पिछले 20 साल से बैंक में मैनेजर की पोस्ट पर कार्यरत थे और इस दौरान कई जिलों में उनका ट्रांसफर हुआ था। फिलहाल, वे जूनागढ़ में तैनात थे और बैंक के गेस्ट हाउस में रह रहे थे। इसी गेस्ट हाउस में सोमवार को पंखे से लटककर अपनी जीवन लीला समाप्त कर ली। पुलिस ने इसे आकस्मिक मौत का मामला दर्ज कर जांच पड़ताल शुरू कर दी है। मृतक के पास से एक सुसाइड नोट भी मिला था।
परिवार का क्या कहना है
परिवार के मुताबिक, कनुभाई के दो बेटे थे, जिनमें से छोटे बेटे ने डेढ़ साल पहले सुसाइड कर लिया था। उस समय कनुभाई ने बेटे को किसी बात के लिए टोका था, जिसके बाद उसने यह कदम उठाया। छोटे बेटे की मौत के बाद से कनुभाई काफी तनाव में थे और उसी दुख में ऐसा खौफनाक कदम उठा लिया। पुलिस और परिवार के मुताबिक, कनुभाई अपने बेटे की मौत को भूला नहीं पाए थे।
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