रायपुर: छत्तीसगढ़ में रविवार सुबह भूकंप के झटके महसूस किए गए। गौरेला-पेंड्रा-मरवाही और कोरबा जिले में रविवार सुबह 9 बजकर 9 बजे भूकंप के झटके महसूस किए गए हैं। रिक्टर स्केल पर भूकंप की तीव्रता 3।9 मापी गई है। नेशनल सेंटर ऑफ सीस्मोग्राफी के अनुसार, कोरबा में जमीन के 5 किलोमीटर नीचे भूकंप का केंद्र था।

विज्ञापन

भूकंप के झटके को महसूस करते ही लोग अपने-अपने घरों से बाहर आ गए। लोग भूकंप आने से लोग दहशत में आ गए। हालांकि भूकंप काफी कम तीव्रता का था, लेकिन दीवारें हिलने लगी थी। कोरबा में तो धमाके की आवाज भी आई।

विज्ञापन

जानें, क्यों आता है भूकंप

सरंचना के मुताबिक, पृथ्‍वी टैक्टोनिक प्लेटों पर स्थित है। प्लेटों के नीचे तरल पदार्थ है जिस पर टैक्टोनिक प्लेट्स तैरती रहती है। कई बार ये प्लेट्स आपस में टकराती और ज्यादा दबाव पड़ने से ये प्लेट्स टूटने भी लगती है। ऐसे में नीचे उत्पन्न हुई उर्जा बाहर निकलने का रास्‍ता खोजती है और जब इससे डिस्‍टर्बेंस बनता है तो भूकंप आता है।

विज्ञापन

कितनी तीव्रता वाला भूकंप कितना खतरनाक

0 से 1.9- सिर्फ सिस्मोग्राफी से पता चलेगा।
2 से 2.9- हल्के झटके लगते हैं।
3 से 3.9- कोई तेज रफ्तार गाड़ी आपके बगल से गुजर जाए, ऐसा असर होता है।
4 से 4.9- खिड़कियां हिलने लगती है। दीवारों पर टंगे सामान गिर जाते हैं।
5 से 5.9- घरों के अंदर रखे सामान जैसे फर्नीचर आदि हिलने लगते हैं।
6 से 6.9- कच्चे मकान और घर गिर जाते हैं। घरों में दरारें पड़ जाती है।
7 से 7.9- बिल्डिंग और मकानों को नुकसान होता है। गुजरात के भुज में 2001 और नेपाल में 2015 में इतनी तीव्रता का भूकंप आया था।
8 से 8.9- बड़ी इमारतें और पुल धाराशायी हो जाते हैं।
9 और उससे ज्यादा- सबसे ज्यादा तबाही। कोई मैदान में खड़ा हो तो उसे भी धरती हिलती हुई दिखेगी। जापान में 2011 में सुनामी के दौरान रिक्टर स्केल पर तीव्रता 9.1 मापी गई थी।

विज्ञापन

विज्ञापन

न्यूज 24 पर पढ़ें देश,राष्ट्रीय समाचार (National News),खेल,मनोरंजन,धर्म,लाइफ़स्टाइल,हेल्थ,शिक्षा से जुड़ी हर खबर। ब्रेकिंग न्यूज और लेटेस्ट अपडेट के लिए News 24 App डाउनलोड कर अपना अनुभव शानदार बनाएं।

First published on:

और पढ़ें: हमारे संपादकीय दिशानिर्देश और मानक यहाँ देखें।

लेख समाप्त

लेखक के बारे में

विज्ञापन
होम पेज पर वापस जाएँ